बंद हो गयी गरीबों की स्वास्थ्य सुविधा वाली योजना, परेशानी

Updated:
विज्ञापन

68 हजार से अधिक लाभुकों का बना है स्मार्ट कार्ड जहानाबाद,नगर : गरीबी रेखा से नीचे जीवन बसर करने वालों को स्वास्थ्य जीवन देने के उद्देश्य से सरकार द्वारा राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना चलाया गया था. इस योजना का उद्देश्य वैसे परिवार जो गरीबी के कारण अपना इलाज नहीं करा पाते हैं उन्हें उनकी परेशानी […]

विज्ञापन

68 हजार से अधिक लाभुकों का बना है स्मार्ट कार्ड

जहानाबाद,नगर : गरीबी रेखा से नीचे जीवन बसर करने वालों को स्वास्थ्य जीवन देने के उद्देश्य से सरकार द्वारा राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना चलाया गया था. इस योजना का उद्देश्य वैसे परिवार जो गरीबी के कारण अपना इलाज नहीं करा पाते हैं उन्हें उनकी परेशानी दूर करना था. लेकिन जिले में विगत दो माह से यह योजना पूरी तरह से ठप पड़ा है. जिस कारण गरीबी रेखा से नीचे जीवन गुजारने वालों को इलाज के लिए भटकना पड़ रहा है. राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत लाभुक को प्रतिवर्ष हॉस्पिटल खर्च के रूप में 30 हजार रुपये दिये जाने थे.

यानी की 30 रुपये में 30 हजार रुपये तक का इलाज नि:शुल्क संभव था. लेकिन इस योजना के बंद हो जाने से ऐसे परिवारों को इलाज के लिए परेशानी झेलनी पड़ रही है. जिले में 68 हजार से अधिक स्मार्ट कार्डधारी हैं. जिनके इलाज के लिए इस योजना से 11 अस्पतालों को संबद्ध किया गया है. इन अस्पतालों में स्मार्ट कार्डधारियों का नि:शुल्क इलाज होता था तथा उन्हें दवाएं भी मिलती थी. लेकिन अब इस योजना से संबद्ध अस्पतालों द्वारा स्मार्ट कार्डधारियों के इलाज में कोई रुचि नहीं दिखाया जा रहा है.

जिसके कारण योजना के लाभ से स्मार्ट कार्डधारी वंचित हो गये हैं. इस मुख्य कारण समय पर बीमा कंपनी द्वारा अस्पतालों का भुगतान तथा बिना कारण बताये केस को रद्द कर दिये जाने से परेशान अस्पताल संचालक स्मार्टकार्डधारियों का इलाज करना बंद कर दिये हैं. जिले में अबतक मात्र 1252 लाभुकों को इस योजना का लाभ मिला है. वह भी जनवरी माह तक ही. जनवरी के बाद संबद्ध अस्पताल लाभुकों के इलाज करने से मना कर दिया है. जिससे कार्डधारियों का इलाज बंद हो गया है. जिले में हुसैन नर्सिंग होम, ंजीवनदीप, नेहा, महावीर, कोपल, अलहयात अजहर, सत्यम, संगम, सुशीला नर्सिंग होम के साथ सदर अस्पताल तथा रेफरल अस्पताल मखदुपमुर को इस योजना से जोड़ा गया था.

इसमें सदर अस्पताल तथा रेफरल अस्पताल में इस योजना के तहत एक भी मरीज का इलाज नही हुआ. वहीं दो अन्य अस्पताल को बीमा कंपनी द्वारा नॉट एकटिव कर दिये जाने के कारण सात अस्पताल ही स्मार्ट कार्डधारियों का इलाज कर रहे थे. वे भी विगत दो माह से इलाज करना बंद कर दिये हैं.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन