सड़कों पर घुटने भर जमा हुआ पानी, गली व मुहल्ले बने झील, घरों में घुसा नालों का पानी
Updated at : 03 Jul 2018 5:33 AM (IST)
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नालों की सफाई और जलजमाव से निबटने के सभी दावों की पोल खुलने लगी है. लगातार हो रही मानसून की इस बारिश से शहर का हर कोना डूब गया है. बिजली भी ठप हो गयी है. गली-मुहल्लों तालाब बन गये हैं तो मेन रोड पर घुटने पर पानी जमा है. नालियां भी उफान पर हैं […]
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नालों की सफाई और जलजमाव से निबटने के सभी दावों की पोल खुलने लगी है. लगातार हो रही मानसून की इस बारिश से शहर का हर कोना डूब गया है. बिजली भी ठप हो गयी है. गली-मुहल्लों तालाब बन गये हैं तो मेन रोड पर घुटने पर पानी जमा है. नालियां भी उफान पर हैं और इनका पानी घरों में घुस गया है. रात से ही हो रही लगातार बारिश की वजह से कई मुहल्लों से निकलना दूभर हो गया है.
बेतिया : शहर में 24 घंटे से लगातार हो रही बरसात ने एक ओर जहां शहर को टापू सा बना दिया है, वहीं नगर परिषद के दावों की कलई भी खोल दी है. बारिश से जगह-जगह पर पानी भर गया, जिसके चलते लोगों को परेशानियों से जूझना पड़ रहा है.
प्रमुख बाजारों समेत सभी जगहों पर घुटनों तक पानी जमा हो गया है. यह हाल तब है, जब जलजमाव की दिक्कतों से छुटकारा दिलाने के नाम पर नगर परिषद पिछले एक साल से नालों की सफाई कराने का दावा कर रही है. लाखों रुपये की रकम नाला उड़ाही के नाम पर खर्च कर दी गयी है. बावजूद इसके पहली बारिश में ज्यादातर इलाकों में पानी जमा हो गया है. 10 घंटे से बिजली भी ठप पड़ी है.
यह हालत इसलिए हुई कि शहर के मुख्य नाले जाम हैं. अलबत्ता लगातार हो रही बारिश ने शहरवासियों सहित मंडी के कारोबारियों के लिए मुसीबत खड़ा कर दिया है. मौसम विभाग के अनुसार, अभी करीब चार दिन तक लगातार होने की संभावना है. ऐसे में यही हाल रहा तो पूरे शहर और मंडी में त्राहिमाम मचना तय है. कारण कि नाला सफाई के नाम पर केवल खानापूर्ति कर ली गयी. कई नाले जमींदोज हो चुके हैं, तो दर्जनों पर अवैध कब्जा है. यहां सब राम भरोसे है. व्यवस्था और सफाई को लेकर विभागीय स्तर पर कोई पहल नहीं दिख रही है. नतीजा शहर के ज्यादातर मुहल्लों में पानी जमा हो गया है. इसका एक कारण यह भी है कि सोमवार को शहर के ज्यादातर सफाईकर्मी छुट्टी पर रहे. इससे जिन मुहल्लों में नालियों के जाम होने के चलते जलजमाव हुआ था, उनकी सफाई नहीं हो सकी.
मीना बाजार की दुकानों में घुसा पानी
2600 दुकानों को अपने अंदर समेटे हुए मीना बाजार की हालत बदतर हो गयी है. यहां सड़कों को लबालब करते हुए बारिश की पानी ने दुकानों को भी अपना निशाना बनाना शुरू कर दिया है. दर्जनों दुकानों में पानी घुस गया है, लोग खड़े होकर नालियों से पानी बाहर निकालने का प्रयास कर रहे हैं. बारिश का पानी दुकानों में घुस जाने से काफी सामान की क्षति हुई है. लोग किसी तरह से अपने सामान समेटने में जुटे हैं.
48 घंटे से लगातार हो रही बारिश से शहर की बिगड़ी हालत, अब नहीं रुकी बरसात तो और परेशानी बढ़नी तय
अघोषित छुट्टी पर रहे सफाईकर्मी, बिजली व बीएसएनएल की सेवाएं भी ठप
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