चुनाव से पहले बंगाल में राजनीतिक हिंसा, टीएमसी-बीजेपी के बीच पथराव, जानलेवा हमले का आरोप, देखें Video

Updated at : 14 Mar 2026 3:42 PM (IST)
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West Bengal Political Violence TMC vs BJP

पत्थरबाजी में घायल एक नेता को उठाकर ले जाते पार्टी कार्यकर्ता और लोगों को शांत करने में लगी पुलिस. फोटो : प्रभात खबर

West Bengal Political Violence: चीफ इलेक्शन कमिश्नर (सीईसी) ज्ञानेश कुमार ने पिछले दिनों कोलकाता में कहा था कि इस बार शांतिपूर्ण चुनाव संपन्न करायेंगे. लेकिन, बंगाल चुनाव 2026 में माहौल कैसा रहने वाला है, इसका पहला ट्रेलर शनिवार को गिरीश पार्क इलाके में देखा गया. यहां बंगाल की मंत्री डॉ शशि पांजा के घर के सामने भाजपा-तृणमूल समर्थकों के बीच जमकर पथराव हुए. दर्जनों लोग घायल हुए हैं. दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगाये हैं.

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West Bengal Political Violence: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक हिंसा का दौर शुरू हो गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ब्रिगेड परेड ग्राउंड में होने वाली रैली से पहले इसकी शुरुआत कोलकाता के गिरीश पार्क इलाके से हुई. ममता बनर्जी सरकार की कद्दावर महिला मंत्री डॉ शशि पांजा ने एक बयान जारी कर गंभीर आरोप लगाये हैं. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी की ब्रिगेड रैली में जो बसें जा रहीं हैं, उनमें ईंट, कांच के बोतल और बम रखे हैं. बाहरी गुंडों के साथ ये लोग ब्रिगेड की ओर जा रहे हैं. गिरीश पार्क मेन रोड में मेरे घर पर इन गुंडों ने हमला किया है.

गिरीश पार्क इलाके में भिड़े टीएमसी-बीजेपी समर्थक

गिरीश पार्क इलाके में हुई पत्थरबाजी के बाद पश्चिम बंगाल प्रदेश भाजपा (भारतीय जनता पार्टी) ने आरोप लगाया कि डॉ शशि पांजा के घर के सामने तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने पीएम मोदी की रैली में जा रहे भाजपा कार्यकर्ताओं के बसों पर पत्थर फेंके. बसों में तोड़फोड़ की. ड्राइवर को पीटा. भाजपा उत्तर कोलकाता जिला अध्यक्ष तमघ्न घोष पर जानलेवा हमले का आरोप भी लगाया है. भाजपा ने कहा है कि घोष के सिर में गंभीर चोट आयी है. भाजपा के कई कार्यकर्ताओं के घायल होने का दावा किया गया है. भाजपा ने कई वीडियो जारी किये हैं, जिसमें भाजपा नेता और कार्यकर्ता अस्पताल में इलाज कराते नजर आ रहे हैं.

खिड़की के टूटे शीशे और हंगामे की वजह से खड़ी बसें. फोटो : प्रभात खबर

शांति बहाली के लिए इलाके में रैपिड एक्शन फोर्स तैनात

इस बीच, स्थिति को नियंत्रित करने के लिए गिरीश पार्क में भारी संख्या में सुरक्षा बलों को तैनात कर दिया गया. 1:30 से 2:00 बजे के बीच शुरू हुई हिंसक झड़प को नियंत्रित कर लिया गया था, लेकिन करीब 3 बजे एक बार फिर से झड़प शुरू होने की खबर आयी. रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के जवान स्थिति को नियंत्रित करने में जुटे हुए हैं.

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थाना प्रभारी चोटिल, तृणमूल-भाजपा ने एक-दूसरे पर लगाये आरोप

राजनीतिक पार्टियों के बीच हुई झड़प में बहूबाजार पुलिस स्टेशन के ऑफिसर इन चार्ज के कंधे में एक ईंट से चोट लगी है. भाजपा का आरोप है कि तृणमूल कांग्रेस वालों के हमले में थाना प्रभारी को चोट लगी है, तो तृणमूल कांग्रेस का आरोप है कि भाजपा वालों की ओर से फेंकी गयी ईंट से थाना प्रभारी चोटिल हुए हैं.

तृणमूल कांग्रेस – राजनीतिक रैली हिंसा का लाइसेंस नहीं

तृणमूल कांग्रेस ने इस झड़प पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया दी है. कहा है कि भाजपा कार्यकर्ताओं की ओर से फेंकी गयी ईंट से बहूबाजार के थाना प्रभारी घायल हो गये हैं. राजनीतिक रैली हिंसा का लाइसेंस नहीं हो सकते. तृणमूल ने लिखा है कि गिरीश पार्क के निकट पश्चिम बंगाल की मंत्री डॉ शशि पांजा के घर पर भाजपा समर्थित गुंडों ने पत्थरबाजी की. भय का माहौल बनाने की ऐसी कोशिशों को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा.

बंगाल देख रहा है, कैसा ‘परिवर्तन’ चाहती है भाजपा – टीएमसी

ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस ने इसी पोस्ट में आगे लिखा है कि पश्चिम बंगाल की जनता स्पष्ट देख सकती है कि भाजपा प्रदेश में कैसा ‘परिवर्तन’ लाना चाहती है. भाजपा के गुंडों ने डॉ शशि पांजा के आवास पर पत्थर फेंके हैं. उनके मकान के मेन गेट में तोड़फोड़ करने की कोशिश की गयी है.

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Mithilesh Jha

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 30 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

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