बिहार के ग्रामीण विकास विभाग में संविदा कर्मियों की अब फौरन नहीं जायेगी नौकरी , बदले गये नियम

Published at :05 Apr 2022 2:07 PM (IST)
विज्ञापन
बिहार के ग्रामीण विकास विभाग में संविदा कर्मियों  की अब फौरन नहीं जायेगी नौकरी , बदले गये नियम

बिहार रूरल डवलपमेंट सोसाइटी (बीआरडीएस) के अंतर्गत संविदा पर कार्यरत अधिकारी और कर्मचारियों की अनुशासनात्मक कार्रवाई में अब सीधे नौकरी नहीं जायेगी. अब कर्मचारियों- अधिकारियों के खिलाफ दोष की प्रकृति एवं गंभीरता के अनुसार दंड दिया जायेगा.

विज्ञापन

बिहार रूरल डवलपमेंट सोसाइटी (BRDS) के अंतर्गत संविदा पर कार्यरत अधिकारी और कर्मचारियों की अनुशासनात्मक कार्रवाई में अब सीधे नौकरी नहीं जायेगी. बीआरडीएस कार्यकारिणी समिति ने कर्मचारियों – अधिकारियों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई से संबंधित प्रावधान संशोधित कर दिया है.

अब तक क्या था नियम

अभी तक अनुबंध पर नियोजित बीआरडीएस कर्मियों एवं पदाधिकारियों के लिए अनुशासनात्मक कार्रवाई में अनुबंध को रद्द करने अथवा संविदा को समाप्त करने का नियम था. इससे राज्य के हजारों मनरेगा कर्मी को लाग मिलेगा होंगे. आयुक्त मनरेगा सह मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी बीआरडीएस सीपी खंडूजा ने राज्य के सभी डीएम और डीडीसी को नियमावली के साथ दिशा – निर्देश जारी कर दिये हैं.

अब जैसा दोष, वैसा दंड

अब कर्मचारियों – अधिकारियों के खिलाफ दोष की प्रकृति एवं गंभीरता के अनुसार ही दंड दिया जायेगा. आरोप के अनुसार दंड की सात तरह की श्रेणियां रखी गयी हैं. लिखित चेतावनी, बिना संचयी प्रभाव के तीन वार्षिक वृद्धि पर रोक, संचयी प्रभाव के साथ अधिकतम तीन वार्षिक मानदेय वृद्धियों पर रोक अलावा एक से पांच साल तक के लिए पांच से 25 फीसदी तक मूल मानदेय में कटौती की जा सकती है. कार्य के आधार पर मिलने वाले भत्ते में भी कटौती की जा सकेगी. गबन करने पर संविदा समाप्त कर गबन की राशि की वसूली के साथ ही वैधानिक कार्रवाई की जा सकेगी.

किस पर कौन करेगा कार्रवाई

प्रखंड – पंचायत स्तर के पदाधिकारियों के लिए प्रशासनिक प्राधिकार डीडीसी होंगे. अपीलीय प्राधिकार में डीएम और पुनरीक्षण प्राधिकार में प्रधान सचिव ग्रामीण विकास विभाग होंगे. जिला कार्यक्रम पदाधिकारी को छोड़ कर जिला स्तरीय पदाधिकारी – कर्मचारी के लिए प्रशासनिक प्राधिकार डीएम तथा अपीलीय प्राधिकार प्रधान सचिव होंगे. जिला कार्यक्रम पदाधिकारी एवं राज्य स्तरीय कर्मी -पदाधिकारी पर कार्रवाई आयुक्त मनरेगा के स्तर से होगी. प्रधान सचिव के यहां अपील की जा सकेगी.

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन