Bihar News: 26 जनवरी को पटना के गांधी मैदान में होने वाले मुख्य राजकीय गणतंत्र दिवस समारोह को लेकर तैयारियां अंतिम दौर में हैं. इस बार समारोह में अलग-अलग विभागों की कुल 13 झांकियां प्रस्तुत की जाएंगी, जिनमें बिहार की सांस्कृतिक विरासत, विकास योजनाओं और सामाजिक संदेशों को जीवंत रूप में दिखाया जाएगा.
इनमें सबसे खास झांकी सीतामढ़ी स्थित मां सीता की जन्मस्थली पुनौराधाम मंदिर की होगी, जो लोगों के आकर्षण का केंद्र बनेगी. इस स्थल को सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने पर करीब 882 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं.
पुनौराधाम की झांकी में दिखेगी आस्था और विकास की झलक
पुनौराधाम की झांकी बिहार की आध्यात्मिक पहचान को राष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत करेगी. इसमें मां सीता की जन्मस्थली के महत्व के साथ-साथ उसे भव्य धार्मिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की परिकल्पना को भी दर्शाया जाएगा. यह झांकी राज्य के धार्मिक पर्यटन को नई पहचान देने वाली मानी जा रही है.
नारी शक्ति से राष्ट्र शक्ति तक का संदेश
परिवहन विभाग की झांकी ‘नारी शक्ति, राष्ट्र शक्ति’ की भावना को साकार करेगी. इसमें महिलाएं पिंक बस चलाती हुई नजर आएंगी, जो महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता का मजबूत संदेश देगी. यह झांकी दिखाएगी कि बिहार सरकार महिलाओं को रोजगार और सुरक्षित परिवहन के क्षेत्र में कैसे आगे बढ़ा रही है.
संस्कृति से संरक्षण तक की यात्रा
कला एवं संस्कृति विभाग की झांकी में ‘परंपरा से संरक्षण तक, कलाकारों की सतत यात्रा’ की थीम पर बिहार की समृद्ध लोक संस्कृति, परंपराओं और कलाकारों के संरक्षण की कहानी दिखाई जाएगी. यह झांकी राज्य की सांस्कृतिक पहचान को मजबूती देने वाली होगी.
विकास और आत्मनिर्भर बिहार का विजन
विधि विभाग की झांकी स्वच्छ पर्यावरण से सशक्त भारत के संदेश को सामने रखेगी. ऊर्जा विभाग की झांकी ‘कजरा सौर ऊर्जा सह बैटरी भंडारण प्रणाली परियोजना’ के माध्यम से हरित ऊर्जा और आत्मनिर्भरता को दर्शाएगी. सहकारिता विभाग की झांकी ‘विकसित पैक्स, विकसित बिहार’ के जरिए ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में सरकार की पहल को उजागर करेगी.
शिक्षा, उद्योग और सामाजिक बदलाव का चित्रण
बिहार शिक्षा परियोजना की झांकी ‘सुरक्षित विद्यालय, उन्नत शिक्षा, उज्ज्वल भविष्य’ का संदेश देगी। उद्योग विभाग की झांकी ‘समृद्ध उद्योग, सशक्त बिहार’ राज्य में औद्योगिक विकास की संभावनाओं को दिखाएगी। मद्यनिषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग की झांकी ‘नशा मुक्त बिहार, सशक्त परिवार’ समाज को जागरूक करने का संदेश लेकर आएगी.
ठंड में भी जवानों का जोश बरकरार
गणतंत्र दिवस समारोह को लेकर गांधी मैदान में परेड का रिहर्सल शुरू हो चुका है. कड़ाके की ठंड और घने कुहासे के बावजूद जवानों में जबरदस्त जोश और अनुशासन देखने को मिल रहा है. परेड में बिहार पुलिस की पुरुष और महिला बटालियन के साथ-साथ पैरामिलिट्री फोर्स की टुकड़ियां भी शामिल हैं. कुल 20 टुकड़ियां अभ्यास कर रही हैं और 24 जनवरी को फुल ड्रेस रिहर्सल होगी.
गांधी मैदान बनेगा बिहार की पहचान का मंच
इस बार का गणतंत्र दिवस समारोह गांधी मैदान को बिहार की आस्था, संस्कृति, विकास और सुरक्षा का भव्य मंच बना देगा. झांकियों के जरिए राज्य अपनी उपलब्धियों और भविष्य के विजन को देश के सामने प्रभावी ढंग से पेश करेगा.

