जून में काम करेंगे सरेंडर अधूरा रह जायेगा बाइपास

By Prabhat Khabar Digital Desk
Updated Date

व्यवस्था से तंग आकर बाइपास बनानेवाली जीआर इंफ्रा ने कहा

भागलपुर : देश-दुनिया में सड़क व पुल बनानेवाली जानी-मानी कार्य एजेंसी जीआर इंफ्रा प्रोजेक्ट लिमिटेड सरकारी व्यवस्था से दुखी है. कंपनी ने व्यवस्था से तंग आकर फैसला लिया है कि जहां तक काम होगा, उतना कर जून में बाइपास रोड को सरेंडर कर देंगे. पूरी पलटन के साथ लौट जायेंगे. कंपनी के लिए बाइपास ही एकमात्र प्रोजेक्ट है, जिसकी गिनती उन्होंने सबसे खराब में आंकी है. खराब प्रोजेक्ट के रूप में भागलपुर हमेशा याद रहेगा. कंपनी के लौटने से बाइपास रोड आगे अधूरा रह जायेगा. नया शहर बसने से पहले ही उजड़ जायेगा. शहर जैसी रवानगी नहीं आ सकेगी. शहर की सड़कें भी जाम से मुक्त नहीं हो पायेगी. शहर से जाम की परेशानी खत्म करने के लिए साल 2015 से बाइपास रोड का निर्माण हो रहा है. इसके बनने से शहर में हर रोज ट्रैफिक जाम की समस्या नहीं रहेगी.
जून में काम...
लिहाजा, इससे लोगों ने जो बड़ी उम्मीद बांधे थे, उसके पूरे होने के कम आसार दिख रहे हैं. फिलहाल, यह अपने ही तय समय से एक साल पीछे चल रहा है. इसको अभी भी पूरा होने में कई पेच है.
यह काम अभी अधूरा है
मेजर ब्रिज-1 : चंपानाला पर
फ्लाइ ओवर ब्रिज : जीरोमाइल के पास
रेलवे ओवर ब्रिज-1 : भागलपुर-पटना रेलखंड पर पुरानी सराय, नाथनगर
रेलवे ओवर ब्रिज-2 : भागलपुर-हावड़ा रेलखंड पर वंशीटीकर
रेलवे ओवर ब्रिज-3 : भागलपुर-मंदारहिल रेलखंड पर खुटाहा
सड़क व एप्रोच : 3.5 किमी
बाइपास एक नजर में
बाइपास : जीरोमाइल से दोगच्छी तक
लंबाई : 16.73 किमी
लागत : 235.94 करोड़
कार्य प्रारंभ की तिथि : 5 नवंबर 2015
कार्य पूर्ण होने की तिथि : 4 नवंबर 2017
चेंज ऑफ स्कोप में होने वाले 10 कार्य : 5.94 करोड़
बोले अधिकारी
प्रतीक्षा में रुकना संभव नहीं है
155 मीटर जमीन अधिग्रहण और खुटाहा में सर्विस रोड के निर्माण का आसार नहीं है. इसकी प्रतीक्षा में रुकना संभव नहीं है. जून तक में जितना काम होगा, उतना कर प्रोजेक्ट को सरेंडर कर देंगे. इसके बाद लौट जायेंगे. अभी तक तक 76.4 फीसदी काम पूरा है. इस माह में 5.9 फीसदी काम हो जायेगा. इसके साथ ही कार्य की उपलब्धता 82.3 फीसदी पर पहुंच जायेगी. जून तक में 90 फीसदी तक काम पूरा हो जायेगा. कार्य की उपलब्धता पर राशि भी मिलती रही है. बाकी जून तक मिल जायेगी.
राकेश कुमार श्रीवास्तव, पीआरओ, जीआर इंफ्रा प्रोजेक्ट लिमिटेड
काम छोड़ कंपनी के लौटने के कारण नया शहर बसने से पहले ही उजड़ जायेगा
शहर जैसी रवानगी नहीं आ सकेगी
हमारे लिए अब तक का सबसे खराब प्रोजेक्ट
कार्य की उपलब्धता पर मिलता रहा पैसा
10 % काम नहीं होने के चलते फंसेगा बाइपास
02 साल में काम और उपलब्धता के आधार पर कंपनी को पेमेंट
76.4 %काम मार्च तक
179.54 करोड़ भुगतान कार्य की उपलब्धता के आधार पर
5.9 % काम अप्रैल तक में करने का दावा
13.86 करोड़ का होगा कार्य की उपलब्धता के आधार पर भुगतान
82.3 % काम अप्रैल में हो जायेगा पूरा
90 % काम जून तक में हो जायेगा
211.50 करोड़ तक पहुंच जायेगी कार्य की उपलब्धता के आधार पर मिलनेवाली राशि
10 % काम रह जायेगा बाकी
23.5 करोड़ का काम रह जायेगा फंस कर
ये हैं खत्म न होनेवाले पेच
खुटाहा में सर्विस रोड बनेगा, तभी बाइपास का शुरू होगा काम
खुटाहा में सर्विस रोड का जब तक निर्माण नहीं होगा, तब तक ग्रामीण बाइपास का काम आगे बढ़ने नहीं देंगे. वहां व्हेकील अंडरपास सहित रोड का निर्माण से ही बाइपास प्रोजेक्ट पूरा हो सकेगा. हालांकि ग्रामीणों की मांग का एनएच ने मान तो लिया है, लेकिन सर्विस रोड का निर्माण टेंडर के खेल में फंसा है. विभाग ने दूसरी बार टेंडर निकाला है. टेक्निकल बिड 28 अप्रैल को, तो फाइनेंसियल बिड पांच मई को खुलेगा. इस पर लागत 69 लाख खर्च आयेगा. सर्विस रोड की मांग को लेकर ग्रामीणों ने बाइपास रोड का निर्माण रोक कर रखा है.
तीन स्टेप पूरा हुए बिना नहीं हो सकता
155 मीटर जमीन अधिग्रहण
बाइपास अलाइनमेंट में 155 मीटर में जमीन अधिग्रहण नहीं हो सका है. अभी तीन स्टेप पूरा हुए बिना जमीन अधिग्रहण संभव भी नहीं है. इसको कम से कम दो-ढाई माह लगेगा. अब तक में एक स्टेप ही पूरा हो सका है. यानी, थ्री स्मॉल ‘ए’ के तहत जमीन किस मौजा में है और कितनी जमीन है. थ्री कैपिटल ‘ए’, थ्री डी एवं थ्री जी की प्रक्रिया बाकी है. थ्री कैपिटल ‘ए’ की प्रक्रिया में किसकी भूमि है यानी, चिह्नित करने का काम शुरू हुआ है. बाइपास में कितनी जमीन किस लोगों की जायेगी, इसके निर्धारण में एनएच व राजस्व विभाग के लोग लग गये हैं. ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करा लिया है. फाइल मंत्रालय में है, जहां से नोटिफिकेशन निकलना बाकी है.
Share Via :
Published Date
Comments (0)
metype

संबंधित खबरें

अन्य खबरें