ePaper

भागलपुर : कॉलेज बदलने में चुनें स्लाइडअप ऑप्शन

Updated at : 08 Jul 2019 7:39 AM (IST)
विज्ञापन
भागलपुर :  कॉलेज बदलने में चुनें स्लाइडअप ऑप्शन

भागलपुर : तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय के सिंडिकेट सभागार में रविवार को अंगीभूत व संबद्ध कॉलेजों के प्राचार्यों की बैठक हुई. बैठक में विभिन्न ज्वलंत मुद्दों पर चर्चा हुई. निर्णय लिया गया कि वेबसाइट पर छात्रों को एक ‘स्लाइडअप ऑप्शन’ दिया जायेगा. इसमें क्लिक करने के बाद छात्र यह जान सकेंगे कि दूसरे किस कॉलेज में […]

विज्ञापन

भागलपुर : तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय के सिंडिकेट सभागार में रविवार को अंगीभूत व संबद्ध कॉलेजों के प्राचार्यों की बैठक हुई. बैठक में विभिन्न ज्वलंत मुद्दों पर चर्चा हुई. निर्णय लिया गया कि वेबसाइट पर छात्रों को एक ‘स्लाइडअप ऑप्शन’ दिया जायेगा.

इसमें क्लिक करने के बाद छात्र यह जान सकेंगे कि दूसरे किस कॉलेज में सीटें खाली हैं. संबंधित कॉलेज का विकल्प चुनने के बाद छात्र उस प्राचार्य के पास कॉलेज ट्रांसफर करने के लिए आवेदन करेंगे, जिस कॉलेज में वह नामांकन ले चुके हैं.
इसके बाद छात्र को टीसी की मामूली फीस जमा करनी होगी और उन्हें प्राचार्य टीसी के साथ सारे कागजात लौटा देंगे. छात्र अपने पसंद के कॉलेज में जाकर नामांकन ले सकेंगे. लेकिन यह तभी संभव होगा, जब पसंद के कॉलेज में सीट खाली होगी.
बैठक में कुलपति प्रो लीला चंद साहा ने निर्देश दिया कि रविवार शाम तक सारे नामांकित छात्रों को विवि के पोर्टल पर एडमिटेड केटेगरी में डाल दें, ताकि विवि यूएमआइएस के जरिये यह जान सके कि कहां किस विषय में कितनी सीटें खाली रह गयी हैं. इसके बाद मेधा सूची का प्रकाशन किया जायेगा. प्राचार्यों द्वारा पूछे गये नामांकन संबंधी सभी प्रश्नों का जवाब यूएमआइएस के नोडल पदाधिकारी डॉ विजय शंकर सिंह ने दिया.
अपने स्तर से दुरुस्त करा लें बायोमीट्रिक : बैठक में कुलपति ने बायोमीट्रिक एटेंडेंस की स्थिति के बारे में पूछा. कुछ प्राचार्यों ने बायोमीट्रिक मशीन के सॉफ्टवेयर में कुछ तकनीकी खराबी की बात कही. कुलपति ने निर्देश दिया कि उसे अपने स्तर से दुरुस्त करा लें.
हर कॉलेज में 100 स्वयं सेवकों का तैयार करें यूनिट: कुलपति ने हर कॉलेज में एनएसएस की गतिविधि बढ़ाने का निर्देश दिया. 100 स्वयंसेवकों की एक यूनिट हर कॉलेज में हो. इसके संचालन के लिए एक कार्यक्रम पदाधिकारी हो. जुलाई में विशेष शिविर लगाने का निर्देश दिया गया. एनएसएस के कार्यक्रम समन्वयक डॉ दीपो महतो ने ब्लड डोनेशन कैंप आयोजित करने का निर्देश दिया.
रूटीन में शिक्षकों का नाम व मोबाइल नंबर भी रहेगा
कुलपति ने कहा कि कॉलेजों में छात्रों की उपस्थिति बहुत कम होती है. उसे बढ़ाने के लिए 15 दिन तक लगातार अनुपस्थिति पर संबंधित छात्रों का नाम कट जायेगा. सितंबर में क्लास टेस्ट वही देंगे, जो 75 फीसदी उपस्थिति दर्ज करायेंगे. दिसंबर में सेंटप टेस्ट में शामिल होने के लिए 75 फीसदी उपस्थिति का मानक लागू होगा.
प्राचार्यों से कहा गया कि उपस्थित बढ़ाने के लिए कॉलेज में एक पीरियड लाइब्रेरी के लिए और एक पीरियड ऑनलाइन कोर्स स्वयं प्रभा के लिए आवंटित करना होगा, ताकि छात्रों में रुचि जगे. प्राचार्यों को निर्देश दिया गया कि स्नातक के तीनों पार्ट का रूटीन तैयार कर लें. क्लासवाइज शिक्षकों का नाम, मोबाइल नंबर दें और 15 जुलाई तक कुलपति कार्यालय में जमा करें.
इसके बाद विश्वविद्यालय द्वारा टेलीफोन से क्लास की मॉनीटरिंग की जायेगी. 15 जुलाई से शुरू होनेवाले नये सत्र के छात्रों के लिए इंडक्शन मीट कराएं, इसमें छात्रों को कॉलेज के बारे में, कैरियर के बारे में, डिजिटल कोर्स आदि के बारे में बताएं.
कमेटी का गठन, क्लास रूम का होगा औचक निरीक्षण
बैठक में एक कमेटी का गठन किया गया, इसमें साइंस व आर्ट्स के कॉलेज इंस्पेक्टर व डीएसडब्ल्यू को शामिल किया गया. कमेटी को निर्देश दिया गया कि जुलाई व अगस्त में सभी कॉलेज का निरीक्षण करें.
पढ़ाई के अलावा प्रयोगशालाओं, पुस्तकालयों, एफिलिएटेड कॉलेज में ग्रांट वितरण की स्थिति, कक्षाओं की स्थिति की जांच के लिए कमेटी औचक निरीक्षण करेगी और इसके बाद विवि को निरीक्षण रिपोर्ट जमा करेगी.
प्रैक्टिकल के शिक्षकों को करें पेमेंट, बिल भेजें विवि
कॉलेज में ड्रेस कोड का शत-प्रतिशत अनुपालन करने कहा गया और शिक्षक व कर्मचारी की विभागवार सूची विवि में जमा करने कहा गया. प्रैक्टिकल परीक्षा पर निर्देश दिया गया कि कॉलेज अपने स्तर से शिक्षक का पेमेंट कर दें.
परीक्षा के बाद विवि को बिल भेज दें. अकाउंट्स अपडेट करने व हर साल के अंत में शिक्षक व शिक्षकेतर कर्मियों के सर्विस बुक को अपडेट करने, एकाउंट्स को व्यवस्थित करने का वित्त परामर्शी ने निर्देश दिया.
संबद्ध कॉलेज को ग्रांट का 70 फीसदी हिस्सा शिक्षकों व शिक्षकेतर कर्मी की सेलरी पर, 30 प्रतिशत कॉलेज के विकास पर खर्च करने कहा गया. संबद्ध कॉलेज को भी बायोमीट्रिक मशीन लगाने कहा गया. साथ ही पठन-पाठन जिन कॉलेजों में सुचारु ढंग से नहीं हो रहा है, उन्हें सुधार करने कहा गया.
नैक तैयारी की हुई समीक्षा
कुलपति ने नैक से मूल्यांकन कराने की तैयारी की समीक्षा की. अभी तक नैक को मुरारका कॉलेज, सुलतानगंज, बीएन कॉलेज, भागलपुर, पीबीएस कॉलेज, बांका, एसएसवी कॉलेज, कहलगांव, एमएएम कॉलेज, नवगछिया ने एसएसआर जमा कर दिया है.
इन कॉलेजों के प्राचार्यों को निर्देश दिया गया कि सेमिनार, एनएसएस गतिविधि, गांव को गोद लेने में योगदान, विकास समिति की बैठक आदि बढ़ायें. एसएसआर के मानक के अनुरूप जो भी कमी है, अभी से दूर कर लें, ताकि नैक पीयर टीम आने पर अच्छा ग्रेड मिले.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन