ePaper

Banka News : बांका में सौ फीसदी से अधिक हुई धनरोपनी, चिलचिलाती धूप से फिर किसान हुए परेशान

Updated at : 31 Aug 2024 7:14 PM (IST)
विज्ञापन
बांका जिले में लगी धान की फसल.

बांका जिले में लगी धान की फसल.

बांका जिले में 109762.17 हेक्टेयर में धान की रोपनी हो चुकी है. यह लक्ष्य से अधिक है. धान के अतिरिक्त दलहन, तेलहन, मोटे अनाज, ढैंचा आदि की भी खेती हो रही है. हालांकि किसानों ने ईख व जूट की खेती में दिलचस्पी नहीं ली. इधर, कड़ी धूप ने किसानों की परेशानी फिर बढ़ा दी है.

विज्ञापन

Banka News : बांका. अगस्त माह समाप्त होते-होते धान की रोपनी भी जिले में पूरी हो गयी है. लेकिन सिंह नक्षत्र की चिलचिलाती धूप ने एक बार फिर किसानों के लिए परेशानी खड़ी कर दी है. देखा जा रहा है विगत दो दिन से कड़ी धूप हो रही है. बारिश के आसार भी नहीं दिख रहे. हालांकि गुरुवार तक अंतराल के बाद बारिश हो रही थी. लेकिन शुक्रवार और शनिवार को स्थिति उलट देखी गयी. चिलचिलाती धूप के साथ उमस भरी गर्मी भी बढ़ गयी है. हालांकि लोगों का मानना है कि मौसम कभी भी करवट ले सकता है. बहरहाल शुक्रवार की विभागीय रिपोर्ट के अनुसार जिले में शतप्रतिशत धनरोपनी हो चुकी है. यहां तक कि लक्ष्य से अधिक धान की रोपाई हुई है. आंकड़े के अनुसार, इस बार 109710.92 हेक्टेयर में धान की खेती का लक्ष्य रखा गया था. इसके बनिस्बत 109762.17 यानी 51 हेक्टेयर से अधिक खेतों में धान की रोपाई हो चुकी है. इसका प्रतिशत 100.05 है.

नहीं हो सकी ईख व जूट की खेती

ज्ञात हो कि इस बार 10592.5 हेक्टेयर में धान का बिचड़ा तैयार किया गया था. शुरुआती सीजन में कम बारिश की वजह से बिचड़ा तैयार करने में परेशानी हुई थी. जुलाई और अगस्त की बारिश ने धान की खेती को एक तरह से जीवनदान दे दिया. खरीफ फसल में धान के अतिरिक्त दलहन, तेलहन, मोटे अनाज, ढैंचा आदि की खेती लगभग पूरी कर ली गयी है. इस बार दलहन 1568.15 हेक्टेयर में 1626.55 यानी 98.86 प्रतिशत खेती की गयी है. मक्के की खेती का लक्ष्य 7033.14 निर्धारित किया गया था, इसमें 7826.40 हेक्टेयर में खेती पूरी की गयी. यानी लक्ष्य से अधिक खेती की गयी. इसी प्रकार तेलहन में 114.76 हेक्टेयर के विरुद्ध 113.22 हेक्टेयर में खेती हुई. मोटे अनाज का भी बांका में पहली बार 2181 हेक्टेयर खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया था. इसमें 2104.43 हेक्टेयर में खेती हो पायी. जबकि, पहली बार ईख के लिए भी लक्ष्य रखा गया था, परंतु खेती नहीं हो पायी. जूट का भी यही हाल रहा.

सप्ताह भर से बारिश में गिरावट

बांका जिले में इस बार बारिश कम हुई है. जून में स्थिति डवांडोलरही. वही जुलाई में भी सामान्य बारिश हुई. यही हाल अगस्त का भी माना जा रहा है. अगस्त माह का सामान्य वर्षापात 257.9 एमएम है. जबकि अबतक 223.44 एमएम ही औसत बारिश की रिपोर्ट दर्ज की गयी है. देखा जा रहा है कि सप्ताह भर से बारिश में गिरावट हुई है. 25 अगस्त को 2.47 एमएम, 26 अगस्त को 1.93 एमएम, 27 अगस्त को 8.95 एमएम, 28 अगस्त को 1.65 एमएम जबकि, 30 व 31 को शून्य एमएम बारिश दर्ज की गयी है. हालांकि अगस्त में एक सप्ताह जमकर बारिश हुई है.

प्रखंडवार धान आच्छादन का लक्ष्य हेक्टेयर में

  • अमरपुर- 11878.73
  • बांका- 9195.21
  • बाराहाट- 9039.00
  • बौंसी- 8897.88
  • बेलहर- 8973.40
  • चांदन- 8302.20
  • धोरैया- 15882.44
  • फुल्लीडुमर- 5684.56
  • कटोरिया- 7274.05
  • रजौन- 12640.87
  • शंभुगंज- 10874.32

कहते हैं जिला कृषि पदाधिकारी

निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप जिले में शतप्रतिशत खेती हो गयी है. अभी सिंचाई की समस्या नहीं देखी जा रही है. आगे सिंचाई की समस्या उत्पन्न होती है, तो डीजल अनुदान की योजना संचालित है. किसानों को इसका लाभ निर्धारित समय-सीमा के अंदर आवेदन पर दिया जायेगा.
-दीपक कुमार, जिला कृषि पदाधिकारी, बांका

विज्ञापन
Sugam

लेखक के बारे में

By Sugam

Sugam is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन