स्वास्थ्य विभाग के लिपिक ने दो राज्यों से एक साथ उठाया वेतन, जांच में पुष्टि
Published by :PANCHDEV KUMAR
Published at :03 May 2026 9:44 PM (IST)
विज्ञापन

स्वास्थ्य विभाग के लिपिक की नौकरी पर संकट, झारखंड और बिहार में एक साथ कर रहे थे ड्यूटी,पूर्व सांसद की शिकायत पर हुई जांच में दोषी मिले कृष्ण प्रसाद वर्मा, विभागीय कार्रवाई शुरू
विज्ञापन
धनबाद की कोलियरी में ओवरमैन तो औरंगाबाद में लिपिक, नौ वर्षों तक दो जगह से ली सैलरी
औरंगाबाद नगर.
स्वास्थ्य विभाग औरंगाबाद में कार्यरत लिपिक कृष्ण प्रसाद वर्मा द्वारा दो अलग-अलग स्थानों पर सरकारी क्षेत्र में कार्य कर वेतन लिया गया. स्वास्थ्य विभाग द्वारा गठित जांच टीम की रिपोर्ट के अनुसार आरोप सही पाया गया है. आरोप की पुष्टि होने के बाद कृष्ण प्रसाद वर्मा की नौकरी पर संकट लगभग तय माना जा रहा है.पूर्व सांसद की शिकायत पर हुई कार्रवाई:
स्वास्थ्य विभाग द्वारा यह कार्रवाई पूर्व सांसद सुशील कुमार सिंह द्वारा जिला पदाधिकारी को भेजे गये पत्र के आलोक में की गयी है. जांच के लिए गठित टीम में सदर अस्पताल के उपाधीक्षक, जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी एवं जिला संचारी रोग नियंत्रण पदाधिकारी को शामिल किया गया था. तीनों अधिकारियों ने संयुक्त जांच प्रतिवेदन असैनिक शल्य चिकित्सक सह मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी को सौंपा है. इसके आलोक में विभागीय स्तर पर कार्रवाई शुरू कर दी गयी है. रिपोर्ट के अनुसार श्री वर्मा की सेवा पर गाज गिरना तय है. विदित हो कि कृष्ण प्रसाद वर्मा वर्ष 2005 से औरंगाबाद स्वास्थ्य विभाग में लिपिक के पद पर कार्यरत हैं और नियमित रूप से वेतन प्राप्त कर रहे हैं.कोल इंडिया ने की दोहरी नौकरी की पुष्टि
जांच में सामने आया है कि श्री वर्मा ने भारत कोकिंग कोल लिमिटेड (बीसीसीएल) में 20 नवंबर 2008 को योगदान किया और 13 मार्च 2017 तक वहां से भी वेतन प्राप्त करते रहे. कोकिंग कोल लिमिटेड, पूर्वी झरिया क्षेत्र के महाप्रबंधक ने असैनिक शल्य चिकित्सक सह मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, औरंगाबाद को पत्र लिखकर इसकी पुष्टि की है. महाप्रबंधक के पत्र के अनुसार, श्री वर्मा वहां जूनियर ओवरमैन के पद पर कार्यरत थे, जहां से वे 13 मार्च 2017 से अनाधिकृत रूप से अनुपस्थित हैं. इसके लिए कोल इंडिया द्वारा कार्रवाई भी आरंभ की गयी थी. जिलाधिकारी द्वारा मामले की जांच शुरू किए जाने के बाद 14 मार्च को समाचार पत्रों में यह खबर प्रमुखता से प्रकाशित हुई थी.जांच में विरोधाभास: आरोपित ने नकारा, दस्तावेजों ने खोला राज
कृष्ण प्रसाद वर्मा पर एक ही अवधि में झारखंड एवं बिहार, दोनों राज्यों के अलग-अलग विभागों में नौकरी करने तथा वेतन लेने का गंभीर आरोप है. जांच टीम द्वारा पक्ष रखने को कहे जाने पर उन्होंने इन आरोपों को बेबुनियाद एवं मनगढ़ंत बताया. हालांकि, बीसीसीएल के महाप्रबंधक के पत्र एवं श्री वर्मा के लिखित पक्ष में भारी विरोधाभास पाया गया है. अधिकारियों के अनुसार, साक्ष्यों से यह स्पष्ट है कि श्री वर्मा ने एक ही समय में दो जगह से वेतन प्राप्त किया है, जो नियमों के पूर्णतः विपरीत है.अधिकारियों की मिलीभगत की भी हो सकती है जांच
एक ही समय में दो अलग-अलग राज्यों के सरकारी संस्थानों से वेतन लेने के इस मामले में विभागीय अधिकारियों की मिलीभगत का संदेह भी गहरा रहा है. बिना उच्चाधिकारियों के संरक्षण के कोई कर्मी एक साथ दो जगह ड्यूटी कैसे कर सकता है, यह अब गहन जांच का विषय बना हुआ है. फिलहाल, आरोपित लिपिक ने स्वयं पर लगे सभी आरोपों को निराधार बताया है.प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन










