एक गांव ऐसा भी,जहां महिलाओं के प्रयास से न कोई शराब पीता है, न ही बेचता है
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Published at :22 Jan 2016 6:55 AM (IST)
विज्ञापन

औरंगाबाद (नगर) : जो पीये दारु, उसका बेटा-बेटी लगाये झाड़ू, शराब छोड़ो, बच्चों को पढ़ाओं का नारा अब जिले के उस गांव में दिखायी दे रहा है जहां के अधिकांश लोग शराब के लत के कारण अपने जीवन को बरबाद के कगार पर धकेल चुके थे. लेकिन गांव की महिलाओं के प्रयास से आज उस […]
विज्ञापन
औरंगाबाद (नगर) : जो पीये दारु, उसका बेटा-बेटी लगाये झाड़ू, शराब छोड़ो, बच्चों को पढ़ाओं का नारा अब जिले के उस गांव में दिखायी दे रहा है जहां के अधिकांश लोग शराब के लत के कारण अपने जीवन को बरबाद के कगार पर धकेल चुके थे.
लेकिन गांव की महिलाओं के प्रयास से आज उस गांव में न तो एक व्यक्ति शराब पीता है और न उस गांव में शराब बिकता है. वह गांव हैं जिले के नवीनगर प्रखंड का महुअरी. पता चला है कि छह माह पहले अधिकांश घरों के लोग शराब का सेवन करते थे. शराब के नशे में धूत होकर घर पहुंचना या हंगामा करना उनकी आदत सी बन गयी थी. आर्थिक स्थिति भी लगातार खराब हो रही थी.
ऐसे में गांव की महिलाओं ने शराब को गांव से ही भगाने का निर्णय ले लिया. गांव की महिलाओं ने विशाल ग्राम संगठन के तहत एक समूह बनायी. इसके बाद प्रभा देवी के नेतृत्व में महिलाओं ने शराब बंदी के खिलाफ अभियान छेड़ा. साथ ही इस गांव के महिलाओं ने नारा दिया कि आधी रोटी खायेंगे, बच्चों को पढ़ायेंगे, और घर के सदस्यों को शराब छुड़ायेंगे.
इसके बाद महिलाओं ने घर के साथ-साथ आस-पास के इलाकों में जो लोग शराब पीते थे उन्हें चेतावनी दी, साथ ही जो लोग शराब बेचते थे उन्हें दुकान बंद करने का फरमान जारी किया. इसके बाद कर्ज लेकर एक वाहन को किराये पर लिया और नवीनगर थाने पहुंची और शराब बंदी के खिलाफ एक आवेदन पुलिस को दिया.
परिणाम यह हुआ कि आज इस गांव में न तो कोई शराब पीता है और न ही बेचता है. यह वाक्या उस समय देखने व सुनने को मिला जब गुुरुवार को मद्य निषेद जागरूकता कार्यक्रम पर जिलाधिकारी ने मंच पर संगठन की महिलाओं को बुलाया.
इस दौरान महिलाओं ने जम कर शराबखोरी का विरोध किया. महिलाओं ने यह भी कहा कि एक महिला गांव में दारू बनाकर बेचती थी तो उसे हम लोगों ने पकड़ा और पहले तो पिटाई की, फिर उसके शराब भट्ठी को ध्वस्त किया. आज वह महिला हमारी संगठन में जुड़ गयी है.
यदि महिलाएं संगठित हो जायेगी तो कोई ऐसा गांव व घर नहीं है जहां शराब का सेवन कर सकेंगे. आज महुअरी गांव की महिलाओं को चारों तरफ से बधाई मिल रही है. शासनिक-प्रशासनिक के पदाधिकारी तो खुश हैं ही समाज के लोग भी इस अनूठे पहल को सलाम कर रहे हैं.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन










