लौटा लेकर खेत में शौच के लिए जाते पुलिसकर्मी

Published at :20 Nov 2015 7:02 PM (IST)
विज्ञापन
लौटा लेकर खेत में शौच के लिए जाते पुलिसकर्मी

लौटा लेकर खेत में शौच के लिए जाते पुलिसकर्मीदेवकुंड थाना को नहीं नसीब है अपना भवन बदहाल ठाकुरबाड़ी में चला रहा है थानासंसाधनों की कमी से पुलिसकर्मी महसूस कर रहे असुरक्षित (फोटो नंबर-7) परिचय-जर्जर भवन में देवकुंड थाना परिसर देवकुंड (औरंगाबाद)गोह प्रखंड के देवकुंड थाना की स्थिति भयावह है. थाना बदहाल भवन में किसी तरह […]

विज्ञापन

लौटा लेकर खेत में शौच के लिए जाते पुलिसकर्मीदेवकुंड थाना को नहीं नसीब है अपना भवन बदहाल ठाकुरबाड़ी में चला रहा है थानासंसाधनों की कमी से पुलिसकर्मी महसूस कर रहे असुरक्षित (फोटो नंबर-7) परिचय-जर्जर भवन में देवकुंड थाना परिसर देवकुंड (औरंगाबाद)गोह प्रखंड के देवकुंड थाना की स्थिति भयावह है. थाना बदहाल भवन में किसी तरह चल रहा है. बरसात का मौसम तो मुश्किलों से भरा होता है. जरा सी बारिश होने के बाद देवकुंड थाना परिसर में झील सा नजारा रहता है. दो पंचायतों के लगभग 16 हजार की आबादी की सुरक्षा के लिए 1984 में देवकुंड थाने की स्थापना की गयी थी. स्थानीय ठाकुरबाड़ी में देवकुंड थाना चल रहा है. यहां पुलिस अधिकारी वर्ग के नौ पद है. लेकिन अभी थानाध्यक्ष सहित चार पुलिस पदाधिकारी ही कार्यरत हैं. शुक्रवार को ‘प्रभात खबर’ की टीम ने देवकुंड थाना का हाल जाना, तो स्थिति ठीक नजर नहीं आयी. सुबह के 11 बज कर 10 मिनट हो रहे थे. देवकुंड थाना में प्रवेश करते ही एक संतरी अपने ड्यूटी मिला. आगे बढ़ा तो देखा कि एक चौकीदार थाना परिसर में बैठ कर सब्जी काट रहा था. कुछ दूरी पर खपड़ैलनुमा बरामदा में थानाध्यक्ष दीनबंधु झा कुछ लेखा-जोखा कर रहे थे. दो घंटे के बीच एक भी फरियादी नहीं पहुंचे. थाना भवन को देखने से लग रहा था कि कबाड़ा भवन है. परिसर के किनारे एक गड्ढा बनाया हुआ है, जिसमें नाली का पानी गिर रहा था. आगे मोरचा संभालने के लिए मिट्टी से जोड़ायी कराया गया है. वहां पर तैनात कुछ पुलिसकर्मी कह रहे थे कि हमलोग को यहां न मेस की सुविधा है, न स्नान करने की और न शौचालय की. लौटा लेकर खेतों में शौच के लिए पुलिसकर्मी जाते हैं. इस थाने में कोई भी बुनियादी सुविधा उपलब्ध नहीं है. थाना परिसर मुख्य रोड से तीन फुट गड्ढे में अवस्थित है. यहां थोड़ी सी बारिश होने के बाद बारिश का पानी सीधा थाने में घुस जाता है. चौकाने वाली बातें यह है कि 1984 से अब तक थाना का अपना भवन नहीं बनाया गया है. पुलिसकर्मी के लिए वाहन के नाम पर एक जीप है. लेकिन वो भी जर्जर अवस्था में है. देवकुंड थाना की पुलिस अब भी अपने आपको असुरक्षित महसूस करते हैं.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन