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छोटे मोहरों से बड़े कारनामे करने वाले अभिमन्यु की कहानी, बेटे के लिए जब पिता ने माना ये अंधविश्वास

Updated at : 06 Jul 2021 9:45 AM (IST)
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छोटे मोहरों से बड़े कारनामे करने वाले अभिमन्यु की कहानी, बेटे के लिए जब पिता ने माना ये अंधविश्वास

Youngest chess Grandmaster Abhimanyu Mishra : अभिमन्यु ने 2 साल 8 महीने की उम्र से ही यह गेम खेलना शुरू कर दिया था और जब 5 साल की उम्र में प्रतिस्पर्धी टूर्नामेंटों में भाग लेना शुरू किर दिया था.

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Youngest chess Grandmaster Abhimanyu Mishra : आसमानों से कहो अगर हमारी उड़ान देखनी है तो अपना कद उंचा कर ले” ये लाइनें 12 साल के अभिमन्यु मिश्रा पर बिल्कुल सटीक बैठती है. अभिमन्यु मिश्रा दुनिया के सबसे युवा ग्रैंड मास्टर हैं औप उनका अगला लक्ष्य शतरंज का विश्व चैंपियन बनना है. भारतीय मूल के 12 वर्षीय अमेरिकी शतरंज खिलाड़ी अभिमन्यु (12 साल, 4 माह, 25 दिन) बुधवार को रूस के सर्गेई कर्जाकिन (12 साल, सात माह, 2002) का 19 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़कर दुनिया के सबसे युवा ग्रैंडमास्टर बने थे. इससे पहले अभिमन्यु मिश्रा ने भारत के आर प्रज्ञानंद का रिकॉर्ड तोड़कर सिर्फ दस साल की उम्र में दुनिया का सबसे कम उम्र का इंटरनेशनल मास्टर होने का गौरव हासिल किया था.

भारत में जन्मे अभिमन्यु के माता-पिता सुमन शर्मा और हेमंत मिश्रा आगरा और भोपाल से ताल्लुक रखते हैं और दोनो ही न्यूजर्सी में एक डाटा मैनेजमेंट कंपनी में काम करते हैं. अभिमन्यु की एक छोटी बहन है रिद्धिमा. सुमन का कहना है कि अभिमन्यु बहुत छोटी उम्र से ही मुश्किल जिगसॉ पजल बड़ी आसानी से हल कर लेता था. उनके पिता हेमंत मिश्रा, यह सुनिश्चित करना चाहते थे कि उनका बेटा फोन या टैबलेट के आदी होने की प्रवृत्ति से दूर रहे. वह चाहते थे कि उनका 2 साल का बेटा कुछ बेहतर करे.

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इंडिया टुडे की एक रिपोर्ट के अनुसार हेमंत ने बताया था कि अभिमन्यु ने 2 साल 8 महीने की उम्र से ही यह गेम खेलना शुरू कर दिया था और जब 5 साल की उम्र में प्रतिस्पर्धी टूर्नामेंटों में भाग लेना शुरू किया, तो परिवार ने फैसला किया कि वह उन्हें एक पेशेवर शतरंज खिलाड़ी के रूप में ही आगे बढ़ाना है. उन्होंने कहा कि हम भाग्यशाली थे कि हमें बहुत अच्छे कोच मिले, ग्रैंड मास्टर अरुण प्रसाद सुब्रमण्यम और ग्रैंडमास्टर महेश. 12 साल के अभिमन्यु ने पिछले 2 महीनों में एक विदेशी भूमि में 70 से अधिक मैच खेले हैं.

बेटे के लिए जब पिता ने माना ये अंधविश्वास

अभिमन्यु और उनके पिता अप्रैल से हंगरी में डेरा डाले हुए हैं, जबकि उनकी मां स्वाति और बहन रिधिमा न्यू जर्सी में थीं और घर से शतरंज स्टार का को चीयर कर रही थीं. स्वाति ने बताया कि जब पुराना रिकॉर्ड तोड़कर दुनिया के सबसे युवा ग्रैंडमास्टर बने तो रिधिमा ही अपने पिता को लाइव अपडेट दे रही थीं. अभिमन्यु की मां ने हेमंत शायद ही उसे खेलते हुए लाइव देखते है, यह अंधविश्वास का हिस्सा है. हेमंत ने कहा कि मैं इसे लाइव नहीं देखता,मुझे लगता है कि मैं इसे अजीब मानता हूं. रिधिमा इसे देख रही थीं और कमेंट्री कर रही थीं.”

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