ePaper

Margashirsha Amavasya 2025 Date: 19 या 20 नवंबर, जानें कब है मार्गशीर्ष अमावस्या, डेट की कंफ्यूजन यहां से करें दूर

Updated at : 19 Nov 2025 8:44 AM (IST)
विज्ञापन
Margashirsha Amavasya 2025 Date

मार्गशीर्ष अमावस्या 2025 कब है

Margashirsha Amavasya 2025 Date: मार्गशीर्ष अमावस्या की तिथि को लेकर इस बार लोगों में काफी कंफ्यूजन है. अमावस्या 19 नवंबर से शुरू होकर 20 नवंबर तक रहने वाली है, ऐसे में सवाल है कि पूजा किस दिन की जाए. पंचांग के अनुसार किस तिथि पर अमावस्या मनाई जाएगी, आइए जानते हैं.

विज्ञापन

Margashirsha Amavasya 2025 Date: मार्गशीर्ष महीने में आने वाली अमावस्या को बहुत शुभ माना जाता है. इस दिन भगवान विष्णु की पूजा का खास महत्व होता है. मान्यता है कि विष्णु जी की उपासना से घर-परिवार में सुख, शांति, धन, समृद्धि और खुशहाली बढ़ती है. इस दिन पितरों को प्रसन्न करने के लिए पूजा, तर्पण और किसी पवित्र नदी में स्नान करना बहुत फलदायी माना गया है. गरीबों को दान करने से भी पितृ कृपा मिलती है, जिससे परिवार में तरक्की के रास्ते खुलते हैं.

मार्गशीर्ष अमावस्या 2025 कब है?

इस साल अमावस्या तिथि को लेकर थोड़ा भ्रम बना हुआ था. द्रिक पंचांग के अनुसार—

  • अमावस्या तिथि 19 नवंबर 2025 को सुबह 09:43 बजे शुरू होगी.
  • इसका समापन 20 नवंबर 2025 को दोपहर 12:16 बजे होगा.

पंचांग के नियम के मुताबिक, अमावस्या का मुख्य फल उसी दिन माना जाता है, जिस दिन सूर्योदय के समय अमावस्या तिथि रहती है. इसलिए मार्गशीर्ष अमावस्या 2025 की पूजा 20 नवंबर (गुरुवार) को की जाएगी.

मार्गशीर्ष अमावस्या का महत्व

मार्गशीर्ष अमावस्या को दर्श अमावस्या भी कहते हैं. दर्श अमावस्या भी बेहद शुभ दिन माना जाता है. धार्मिक मान्यता है कि जो लोग इस दिन व्रत और पूजा करते हैं, उन पर भगवान शिव और चंद्र देव दोनों की कृपा होती है. चंद्र देव मन को शांति और सुकून देने वाले देवता माने जाते हैं. इसलिए दर्श अमावस्या पर की गई पूजा मानसिक संतुलन और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करती है.

ये भी पढ़ें: मार्गशीर्ष अमावस्या पर इस मुहूर्त में करें भगवान विष्णु की पूजा

मार्गशीर्ष अमावस्या क्यों मनाई जाती है?

यह अमावस्या खास तौर पर पितृदोष दूर करने और पितरों को प्रसन्न करने के लिए मनाई जाती है. इस दिन किए गए तर्पण और पूजा-पाठ से पितरों की आत्मा तृप्त होती है और वे परिवार को आशीर्वाद देते हैं. साथ ही भगवान शिव और चंद्र देव का आशीर्वाद भी मिलता है, जिससे जीवन में शांति, स्वास्थ्य और सफलता बढ़ती है.

विज्ञापन
Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

मैंने डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव हासिल किया है. पिछले 6 वर्षों से मैं विशेष रूप से धर्म और ज्योतिष विषयों पर सक्रिय रूप से लेखन कर रहा हूं. ये मेरे प्रमुख विषय हैं और इन्हीं पर किया गया काम मेरी पहचान बन चुका है. हस्तरेखा शास्त्र, राशियों के स्वभाव और उनके गुणों से जुड़ी सामग्री तैयार करने में मेरी निरंतर भागीदारी रही है. रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज से मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री प्राप्त करने के बाद. इसके साथ साथ कंटेंट राइटिंग और मीडिया से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में काम करते हुए मेरी मजबूत पकड़ बनी. इसके अलावा, एंटरटेनमेंट, लाइफस्टाइल और शिक्षा जैसे विषयों पर भी मैंने गहराई से लेखन किया है, जिससे मेरी लेखन शैली संतुलित, भरोसेमंद और पाठक-केंद्रित बनी है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola