RBI और NIA ने कार्यालय के लिए HEC से मांगी पांच-पांच एकड़ जमीन

HEC
एचइसी के पास आवासीय परिसर में एक हजार एकड़ से अधिक जमीन खाली पड़ी हुई है. जिस पर आये दिन अतिक्रमण हो रहा है और प्रबंधन मैन पावर की कमी के कारण अतिक्रमित जमीन को खाली भी नहीं करा पा रहा है.
रांची : एचइसी आवासीय परिसर में कार्यालय के लिए आरबीआइ और एनआइए ने प्रबंधन से जमीन मांगा है. इसके लिए आरबीआइ व एनआइए ने प्रस्ताव भी दिया है. इस संबंध में एचइसी के अधिकारी ने बताया कि आरबीआइ्र व एनआइए ने पांच-पांच एकड़ जमीन मांगी है. जिसका प्रस्ताव बना कर भारी उद्योग मंत्रालय भेजा गया है. जहां से स्वीकृति मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जायेगी. उन्होंने कहा कि गंभीर आर्थिक संकट से गुजर रहे एचइसी को अगर मंत्रालय दीर्घकालीन लीज पर जमीन देने की स्वीकृति देता है, तो एचइसी को एकमुश्त सौ करोड़ रुपये मिल सकते हैं. ज्ञात हो कि एचइसी ने पूर्व में प्रति एकड़ जमीन का मूल्य 11.50 एकड़ निर्धारित किया है. मालूम हो कि एचइसी के पास आवासीय परिसर में एक हजार एकड़ से अधिक जमीन खाली पड़ी हुई है. जिस पर आये दिन अतिक्रमण हो रहा है और प्रबंधन मैन पावर की कमी के कारण अतिक्रमित जमीन को खाली भी नहीं करा पा रहा है.
रांची. एचइसी कर्मियों की उपस्थिति दर्ज कराने के लिए प्रबंधन ने सोमवार से पंचिंग व्यवस्था कोरोना काल के बाद फिर से लागू की. जिसका कर्मियों ने विरोध किया और बिना पंचिंग के लिए प्लांट के अंदर गये और डयूटी समाप्त होने के बाद निकले. इस संबंध में एचइसी बचाओ मजदूर जन संघर्ष समिति के भवन सिंह ने कहा कि एक तो तीनों प्लांट में उत्पादन ठप पड़ा हुआ है. वहीं प्रबंधन उत्पादन शुरू नहीं करा कर अनावश्यक कर्मियों को शोषित करना चाहता है. प्लांटों में बिना कैंटीन चालू किये और बिना बकाया वेतन भुगतान के पंचिंग सिस्टम का कर्मी विरोध करेंगे. अगर प्रबंधन जबरदस्ती करेगा, तो कर्मी अपने-अपने प्लांट के जीएम का घेराव करेंगे.
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By Prabhat Khabar News Desk
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