जलजमाव से मुक्ति दिलाने की प्रशासन जिम्मेदारी ले

Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 12 Jul 2019 6:13 AM

विज्ञापन

मॉनसून में शहरों की सूरत नरक के समान हो गयी है. शहरीकरण नागरिकों के लिए एक अभिशाप बन गया है. शहर का कोई ऐसा कोना नहीं जो गंदगी, जलजमाव व बजबजाती हुई कीचड़ से सराबोर न हो. ऐसा तब है जब एक बहुत बड़ा तंत्र शहरों के प्रशासन से जुड़ा हुआ है. विभाग के माननीय […]

विज्ञापन
मॉनसून में शहरों की सूरत नरक के समान हो गयी है. शहरीकरण नागरिकों के लिए एक अभिशाप बन गया है. शहर का कोई ऐसा कोना नहीं जो गंदगी, जलजमाव व बजबजाती हुई कीचड़ से सराबोर न हो. ऐसा तब है जब एक बहुत बड़ा तंत्र शहरों के प्रशासन से जुड़ा हुआ है. विभाग के माननीय मंत्री से लेकर नगर निगम के प्रशासक तक नागरिकों को बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए जिम्मेदार हैं.
बावजूद हम नारकीय जीवन जीने को अभिशप्त हैं. आखिर सरकार का लोकल बॉडी सिस्टम ठीक से काम क्यों नहीं करता, तंत्र अपनी जिम्मेदारी से मुंह नहीं मोड़ सकता. किसी न किसी की जिम्मेदारी तो बनती है नागरिकों को इस नारकीय जीवन से उबारने की. उम्मीद है प्रशासन अपनी जिम्मेदारी समझेगी और नागरिक जीवन बेहतर बनेगा.
राजेश कुमार सिंह, एकमा (सारण)
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola