ePaper

गलवान झड़प: पति दीपक सिंह के शहीद होने के बाद पत्नी लद्दाख में तैनात, चीनी सेना को देगी मुंहतोड़ जवाब

Updated at : 29 Apr 2023 6:11 PM (IST)
विज्ञापन
गलवान झड़प: पति दीपक सिंह के शहीद होने के बाद पत्नी लद्दाख में तैनात, चीनी सेना को देगी मुंहतोड़ जवाब

सेना ने अपने ट्विटर हैंडल पर लिखा कि शहीद नायक (नर्सिंग सहायक) दीपक सिंह की पत्नी महिला कैडेट रेखा सिंह ओटीए से अपना प्रशिक्षण पूरा करने के बाद भारतीय सेना में शामिल हुईं.

विज्ञापन

रेखा सिंह…जी हां…आज इस नाम की चर्चा जोरों पर हो रही है. आइए आपको बताते हैं आखिर क्यों लोग इस नाम की चर्चा कर रहे हैं. दरअसल, गलवान घाटी में 2020 में हुई झड़पों में शहीद हुए नायक दीपक सिंह की पत्नी रेखा सिंह को लेफ्टिनेंट के तौर पर भारतीय सेना में शामिल किया गया है. यही नहीं उन्हें पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर एक अग्रिम अड्डे पर तैनात किया गया है. इस संबंध में जानकारी अधिकारियों की ओर से दी गयी है.

बताया जा रहा है कि लेफ्टिनेंट रेखा सिंह ने चेन्नई स्थित ऑफिसर्स ट्रेनिंग एकेडमी (ओटीए) में एक साल का अपना प्रशिक्षण पूरा कर लिया है. नायक दीपक सिंह बिहार रेजीमेंट की 16वीं बटालियन से थे और उन्हें 2021 में मरणोपरांत वीर चक्र से सम्मानित किया गया. इस संबंध में सेना ने सोशल मीडिया पर जानकारी दी है.

सेना की ओर से किया गया ट्वीट

सेना ने अपने ट्विटर हैंडल पर लिखा कि शहीद नायक (नर्सिंग सहायक) दीपक सिंह की पत्नी महिला कैडेट रेखा सिंह ओटीए से अपना प्रशिक्षण पूरा करने के बाद भारतीय सेना में शामिल हुईं. उसने बताया कि नायक दीपक सिंह ने गलवान घाटी में हुई झड़पों में सर्वोच्च बलिदान दिया था.


चीन के साथ लोहा लेते हुए शहीद

रेखा सिंह की शादी नायक दीपक सिंह से हुई थी जो बिहार रेजीमेंट की 16वीं बटालियन में बहाल थे. 15 जून, 2020 को चीनी सैनिकों से लोहा लेते हुए दीपक शहीद हो गये थे. उन्हें मरणोपरांत वीर चक्र से सम्मानित किया गया था. यहां चर्चा कर दें कि परमवीर चक्र (पीवीसी) और महावीर चक्र (एमवीसी) के बाद ये भारत का तीसरा सबसे बड़ा सैन्य सम्मान है.

चीन सीमा पर तैनात

भारत के आकलन की मानें तो, पीएलए के हताहतों की संख्या भारतीय सेना की तुलना में दोगुनी थी, हालांकि बीजिंग ने आधिकारिक तौर पर दावा किया कि केवल चार चीनी सैनिक भारतीय सेना के साथ झड़प में मारे गये हैं. अंग्रेजी वेबसाइट हिंदुस्तान टाइम्स ने इस बाबत खबर प्रकाशित की है. इसमें कहा गया है कि नाम न छापने की शर्त पर एक अधिकारी ने बताया कि चेन्नई स्थित ऑफिसर्स ट्रेनिंग एकेडमी से पास आउट हुए 200 कैडेटों में से पांच महिला कैडेटों को भी पहली बार आर्टिलरी रेजिमेंट में शामिल किया गया है. इन पांच में से तीन को चीन सीमा की रक्षा करने वाली इकाइयों में तैनात किया गया है.

भाषा इनपुट के साथ

विज्ञापन
Amitabh Kumar

लेखक के बारे में

By Amitabh Kumar

डिजिटल जर्नलिज्म में 14 वर्षों से अधिक का अनुभव है. करियर की शुरुआत Prabhatkhabar.com से की. राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों पर अच्छी पकड़ है. राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर गहन लेखन का अनुभव रहा है. तथ्यपरक रिपोर्टिंग और विश्लेषणात्मक लेखन में विशेष रुचि है. ट्रेंडिंग और ब्रेकिंग खबरों पर लगातार फोकस रहता है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola