पठानकोट हमला : 3 जवान शहीद, 4 आतंकी ढेर, रक्षा मंत्री, डोभाल व सेना प्रमुखों के बीच चल रही बैठक समाप्त

Updated at : 02 Jan 2016 6:38 AM (IST)
विज्ञापन
पठानकोट हमला : 3 जवान शहीद, 4 आतंकी ढेर, रक्षा मंत्री, डोभाल व सेना प्रमुखों के बीच चल रही बैठक समाप्त

पठानकोट : पठानकोट हमले को लेकर रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर,एनएसए डोभाल और तीनों सेनाओं के प्रमुखों के बीच चल रही उच्चस्तरीय बैठक समाप्त हाे गयी है. उधर,मीडियारिपोट्स के मुताबिक सूत्रों सेमिल रही जानकारी के अनुसार एयरफोर्स बेस पर हमले में शामिल जीवित बचे आतंकी मुठभेड़ के दौरान संभवत: भाग निकलने में कामयाब हो गए. इससे […]

विज्ञापन

पठानकोट : पठानकोट हमले को लेकर रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर,एनएसए डोभाल और तीनों सेनाओं के प्रमुखों के बीच चल रही उच्चस्तरीय बैठक समाप्त हाे गयी है. उधर,मीडियारिपोट्स के मुताबिक सूत्रों सेमिल रही जानकारी के अनुसार एयरफोर्स बेस पर हमले में शामिल जीवित बचे आतंकी मुठभेड़ के दौरान संभवत: भाग निकलने में कामयाब हो गए.

इससे पहले सशस्त्र पाकिस्तानी आतंकियों के एक समूह ने आज तडके यहां वायु सेना के एक स्टेशन पर हमला कर दिया जिसके बाद हुई भीषण मुठभेड़ में तीन सुरक्षा कर्मियों की जान चली गयी और चार आतंकवादियों को ढेर कर दिया गया. संदेह है कि ये आतंकवादी पाक स्थित आतंकी गुट जैश ए मोहम्मद के थे. पुलिस और सुरक्षा अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अचानक हुई लाहौर यात्रा के एक सप्ताह बाद हमला करने वाले ये आतंकवादी हालांकि वायु सेना स्टेशन के सुरक्षा घेरे को नहीं भेद सके और उन्हें सुरक्षा बलों के कड़े प्रतिरोध का सामना करना पड़ा.

जिस वायु सेना स्टेशन पर आज तड़के यह हमला हुआ वह पाकिस्तान से लगती सीमा के पास है. रक्षा सूत्रों के अनुसार, आतंकियों ने सुबह करीब साढे तीन बजे हमला किया और वायु सेना के एक गरुड़ कमांडो सहित तीन सुरक्षा कर्मी उनसे मुकाबला करते हुए शहीद हो गये. दोनों पक्षों के बीच करीब पांच घंटे तक चली मुठभेड में चार आतंकी ढेर हो गये. रक्षा सूत्रों ने बताया कि अभी भी और आतंकियों के छिपे होने की आशंका है क्योंकि मुठभेड के तत्काल बाद चलाये गये तलाशी अभियान के दौरान और गोलियां चलने की आवाजें सुनाई दीं.

सूत्रों ने बताया कि शेष आतंकवादियों को मार गिराने के लिए वायु सेना जमीनी सैनिकों के संयुक्त दल की सहायता करने के लिए अपने दो लडाकू हेलीकॉप्टरों का उपयोग कर रही है. अधिकारियों ने बताया कि वायुसेना स्टेशन में हेलीकॉप्टर और अन्य उपकरण पूरी तरह सुरक्षित हैं. पुलिस के मुताबिक, वायु सेना स्टेशन का तकनीकी इलाका भी सुरक्षित है. सूत्रों ने अभियान का ब्यौरा देते हुए बताया कि भारी मात्रा में आरडीएक्स लिए आतंकियों ने वायु सेना स्टेशन में पीछे से प्रवेश किया जहां जंगल है.

लेकिन वे वायु सेना स्टेशन परिसर के बाहरी घेरे के पास बने ‘लंगर’ (खाने की जगह) से आगे नहीं बढ सके क्योंकि सुरक्षा बल उनका मुकाबला करने के लिए तैयार थे. आतंकियों के खिलाफ अभियान राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल की सीधी निगरानी में चलाया गया. बृहस्पतिवार की रात पंजाब पुलिस के एक एसपी का कुछ सशस्त्र व्यक्तियों द्वारा अपहरण किए जाने के बाद हमले की आशंका के चलते बीती रात एनएसजी कमांडो का एक दल यहां भेज दिया गया था.

इसके पहले राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार ने सेना प्रमुख तथा शीर्ष आईबी अधिकारियों के साथ कई बैठकें भी की थीं. सूत्रों ने यह भी बताया कि सेना की एक टुकडी भी वायु सेना स्टेशन में मोर्चा संभाले हुए थी. रक्षा सूत्रों ने बताया कि आतंकी वायु सेना स्टेशन के तकनीकी इलाके में प्रवेश नहीं कर पाए जो मिग-21 लडाकू विमानों का बेस है. उन्होंने बताया कि सेना ने करीब 50 लोगों के दो कॉलम और विशेष बलों का एक दल भी हमले से पहले पठानकोट वायु सेना स्टेशन में तैनात कर दिया था.

सूत्रों ने बताया कि पंजाब पुलिस को भी अलर्ट पर रखा गया है और अतिरिक्त डीजीपी को स्थिति पर नजर रखने के लिए पठानकोट में तैनात किया गया है. पुलिस ने बताया कि आतंकियों के खिलाफ समन्वित अभियान में सेना, वायु सेना कर्मियों, हेलीकॉप्टरों, एनएसजी कमांडो और स्वैट दलों ने हिस्सा लिया. पंजाब पुलिस के एडीजीपी (कानून और व्यवस्था) एच एस ढिल्लों ने बताया, ‘आतंकियों और सुरक्षा बलों के बीच पांच घंटे से अधिक समय तक भीषण मुठभेड हुई.

हालांकि तलाशी अभियान के दौरान फिर से गोलियां चलने की खबर आई और एक विस्फोट की आवाज भी सुनाई दी.’ दिल्ली में शीर्ष सुरक्षा अधिकारियों ने बताया कि आतंकियों का इरादा साफ तौर पर वायु सेना स्टेशन को अधिक से अधिक नुकसान पहुंचाने का था और इस हमले को आतंकवाद के खिलाफ सबसे अधिक सफल अभियानों में से एक के तहत नाकाम कर दिया गया. एक साल के अंदर पंजाब में यह दूसरा बड़ा आतंकी हमला है.

पिछले साल जुलाई में तीन आतंकियों ने दीनानगर में पुलिस थाने में घुस कर गोलीबारी की थी. लगभग 12 घंटे की गोलीबारी के बाद इन आतंकियों को मार डाला गया था. यह हमला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पाकिस्तान के साथ संबंध सुधारने के उद्देश्य से अचानक वहां की यात्रा करने और प्रधानमंत्री नवाज शरीफ से मुलाकात करने के एक सप्ताह बाद हुआ है. आज के हमले की आशंका कल ही हो गयी थी जब पुलिस अधीक्षक सलविंदर सिंह और उनके दो साथियों का चार से पांच संदिग्ध पाकिस्तानी आतंकियों ने अपहरण कर लिया था.

सेना की वर्दी पहने इन संदिग्ध आतंकियों ने अपहृत व्यक्तियों को पीटा था और कुछ दूर जा कर उनकी गाड़ी से उन्हें उतार दिया था. उन्होंने पुलिस अधीक्षक के मित्र राजेश का गला भी काटा था. सलविंदर सिंह पर हमला करने वाले संदिग्ध आतंकी उनका फोन भी अपने साथ ले गये थे. आशंका है कि उन्होंने फोन का उपयोग पाकिस्तान में कॉल करने के लिए किया था. आतंकी मामलों की जांच करने वाली राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) का एक दल आज हुए हमले के बारे में जानकारी जुटाने की खातिर पठानकोट वायु सेना स्टेशन पहुंच गया.

आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि हमले के मद्देनजर पंजाब को अधिकतम अलर्ट पर रखा गया है जबकि समीपवर्ती हरियाणा और दोनों राज्यों की साझा राजधानी चंडीगढ में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गयी है. पठानकोट-जम्मू राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी सुरक्षा कडी कर दी गयी है. पंजाब में चंडीगढ और हलवाडा स्थित चंडीगढ वायु सेना स्टेशनों पर तथा अंबाला स्थित वायु सेना स्टेशन पर सुरक्षा कड़ी कर दी गयी है. पठानकोट में हुए आतंकी हमले के बाद चंडीमंदिर में सेना के इलाकों और अंबाला छावनी में भी सुरक्षा कड़ी कर दी गयी है. अधिकारियों ने बताया कि पंजाब और हरियाणा में रेलवे स्टेशनों पर भी सुरक्षा बढा दी गयी है. साथ ही पठानकोट-जम्मू राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी सुरक्षा कड़ी कर दी गयी है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Tags

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola