इस IRS अफसर ने बदल दी पीरियड्स की सोच, 15000 लड़कियों तक पहुंचाए री-यूजेबल पैड्स

Published by : Shambhavi Shivani Updated At : 28 Feb 2026 7:54 AM

विज्ञापन

Megha Bhargava IRS (PC- लिंक्डइन)

Dr Megha Bhargava IRS: डॉ मेघा भार्गव वर्तमान में इंकम टैक्स विभाग में एडिशनल कमीश्नर हैं. मेघा भार्गव लड़कियों तक बायोडिग्रेडेबल सैनिटरी पैड पहुंचाने का काम करती हैं. डॉक्टर से IRS बनीं मेघा भार्गव की कहानी काफी प्रेरणादायक है.

विज्ञापन

Dr Megha Bhargava IRS: आज हम एक ऐसे सिविल सर्वेंट की कहानी जानेंगे, जिन्होंने समाज सेवा के लिए मेडिकल फील्ड छोड़ दी. डॉक्टर बनने के बाद इस फील्ड में सेवा भी दी. लेकिन कुछ खास करने के लिए हमेशा-हमेशा के लिए इस करियर को छोड़ दिया. हम बात कर रहे हैं IRS मेघा भार्गव की, जिनके पास मेडिकल फील्ड की डिग्री के साथ-साथ कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी की भी डिग्री है. फिर भी उन्होंने सिविल सेवा को चुना.

राजस्थान की रहने वाली हैं मेघा भार्गव

मेघा भार्गव मूल रूप से राजस्थान के कोटा की रहने वाले हैं. बचपन से ही उन्हें पढ़ाई का माहौल मिला. एक तो कोटा शहर का माहौल, जहां दूर-दूर से बच्चे पढ़ने आते हैं. दूसरा मेघा की मां एक स्कूल प्रिंसिपल थीं. ऐसे में उन्हें घर में भी शिक्षा का वातावरण मिला.

सरकारी कॉलेज से डेंटल की पढ़ाई

12वीं के बाद उन्होंने मुंबई के सरकारी डेंटल कॉलेज से पढ़ाई की. डिग्री हासिल करने के बाद दो साल तक रक्षा मंत्रालय के अस्पताल में काम किया. वहां काम करते हुए उन्हें एहसास हुआ कि वे केवल एक पेशे तक सीमित नहीं रहना चाहतीं, समाज सेवा करना चाहती हैं. ऐसे में उन्होंने UPSC परीक्षा देने का मन बनाया.

Dr  Megha Bhargava
मेघा भार्गव एक कार्यक्रम के दौरान (PC-लिंक्डइन)

बिना कोचिंग के पाई सफलता

मेघा सुबह अस्पताल में ड्यूटी करती थीं और शाम में पढ़ाई. दिलचस्प बात ये है कि उन्होंने बिना कोचिंग के UPSC की तैयारी की थी. पहले प्रयास में उन्होंने यूपीएससी क्रैक कर लिया था. लेकिन दोबारा परीक्षा देकर IRS सेवा हासिल किया.

मेघा भार्गव की करेंट पोस्टिंग

डॉ मेघा भार्गव वर्तमान में इंकम टैक्स विभाग में एडिशनल कमीश्नर हैं. वहीं इससे पहले वे फाइनेंस मिनिस्ट्री में ज्वॉइंट कमीश्नर इंकम टैक्स ऑफिसर के पद पर थीं. उससे पहले इसी विभाग में डिप्यूटी कमीश्नर के पद पर कार्यरत थीं. इससे पहले उन्होंने डिफेंस मिनिस्ट्री में चीफ एग्जीक्यूटिव पद पर अपनी सेवा दी थी.

यही नहीं मेघा भार्गव के लिंक्डइन प्रोफाइल को देखें अगर तो पता चलता है कि उन्होंने सेवा के साथ-साथ करियर पर भी फोकस करते हुए कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी से पब्लिक पॉलिसी में एमफिल किया.

NGO के लिए काम करती हैं

सरकारी जिम्मेदारियों के साथ-साथ वे IRS मेघा भार्गव सोशल वर्क में भी एक्टिव हैं. वे अपनी बहन द्वारा शुरू किए NGO समर्पण (Samarpann) के जरिए हजारों बच्चों तक शिक्षा पहुंचाती हैं. इस NGO ने करीब 26,000 बच्चों और 90 से ज्यादा स्कूलों को अपने काम से प्रभावित किया है. इस एनजीओ के माध्यम से मेघा भार्गव लड़कियों तक बायोडिग्रेडेबल सैनिटरी पैड पहुंचाती हैं और उन्हें स्वच्छता व स्वास्थ्य के प्रति जागरूक बनाने का काम करती हैं. उन्होंने अभी तक 15,000 जरूरतमंद लड़कियों को सैनिटरी पैड किड मुहैया कराया है.

Megha Bhargava
मेघा भार्गव, सोशल वर्क के दौरान ली गई फोटो (PC-लिंक्डइन)

सच्चे मन से मेहनत करने पर जरूर मिलती है मंजिल

मेघा भार्गव का मानना है कि अगर दिल में सच्ची लगन हो, तो समय और परिस्थितियां कभी बाधा नहीं बनतीं. वहीं लाइफ में असली सफलता तब ही मिलती है जब आप अपने काम से दूसरों के जीवन में सुधार ला सकें.

मां की बड़ी भूमिका

मेघा भार्गव की मां न सिर्फ पढ़ी-लिखी महिला हैं बल्कि वे काम भी करती थीं. ऐसे में मेघा के अंदर उन्होंने शिक्षा की नींव रखी. उनकी मां, जो एक स्कूल प्रिंसिपल थीं, बचपन से ही अपनी बेटियों को पढ़ाई और प्रतियोगी परीक्षाओं पर ध्यान केंद्रित करने के लिए प्रेरित करती रही थीं.

यह भी पढ़ें- UPSC ही मंजिल नहीं! IAS Officer ने बताया फेल होतीं तो क्या था प्लान B

विज्ञापन
Shambhavi Shivani

लेखक के बारे में

By Shambhavi Shivani

शाम्भवी शिवानी डिजिटल मीडिया में पिछले 3 सालों से सक्रिय हैं और वर्तमान में प्रभात खबर की डिजिटल टीम के साथ एजुकेशन बीट पर काम कर रही हैं. शिक्षा और रोजगार से जुड़ी खबरों की समझ रखने वाली शाम्भवी एग्जाम, सरकारी नौकरी, रिजल्ट, करियर, एडमिशन और सक्सेस स्टोरी जैसे विषयों पर रिपोर्टिंग और फीचर राइटिंग करती हैं. सरल भाषा और जानकारी को व्यवस्थित तरीके से प्रस्तुत करना उनकी लेखन शैली की खासियत है. डिजिटल मीडिया में अपने करियर के दौरान शाम्भवी ने न्यूज़ हाट और राजस्थान पत्रिका जैसी संस्थाओं के साथ काम किया है. यहां उन्होंने एजुकेशन, युवा मुद्दों और ट्रेंडिंग विषयों पर कंटेंट तैयार किया. वर्तमान में प्रभात खबर के साथ जुड़कर वे खास तौर पर बोर्ड परीक्षा, प्रतियोगी परीक्षा, सरकारी नौकरी, करियर ऑप्शंस और प्रेरणादायक सक्सेस स्टोरीज पर काम कर रही हैं. शाम्भवी की रुचि सिर्फ पत्रकारिता तक सीमित नहीं है. उन्हें सिनेमा और साहित्य में भी गहरी दिलचस्पी है, जिसका असर उनकी लेखन शैली में भी देखने को मिलता है. वे तथ्यों के साथ भावनात्मक जुड़ाव और मानवीय पहलुओं को भी अपनी स्टोरीज में जगह देने की कोशिश करती हैं. पटना में जन्मीं शाम्भवी ने Patna University से मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन किया है. इसके बाद Indira Gandhi National Open University (IGNOU) से पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की. पत्रकारिता और जनसंचार की पढ़ाई ने उन्हें न्यूज राइटिंग, डिजिटल कंटेंट और ऑडियंस बिहेवियर की बेहतर समझ दी है. डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लगातार बदलते ट्रेंड्स और रीडर्स की जरूरतों को समझते हुए शाम्भवी SEO-फ्रेंडली, इंफॉर्मेटिव और एंगेजिंग कंटेंट तैयार करने पर फोकस करती हैं. उनकी कोशिश रहती है कि पाठकों तक सही, उपयोगी और आसान भाषा में जानकारी पहुंचाई जा सके.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola