No Dues का ऑप्शन नहीं, छात्र सीधे भर रहे फॉर्म
Published by : Ravi Mallick Updated At : 26 Aug 2025 7:25 AM
Ranchi University सांकेतिक फोटो (AI Generated)
Ranchi University: रांची विश्वविद्यालय ने पीजी विभाग और कॉलेजों में ऑनलाइन परीक्षा फॉर्म भरने की सुविधा शुरू की है. इससे विद्यार्थियों को आसानी तो हुई है लेकिन कई समस्याएं भी बढ़ गई हैं. पहले नो ड्यूज कराना जरूरी था, पर अब यह प्रक्रिया खत्म हो गई है. इसी कारण छात्र बिना किताबें लौटाए, बिना शुल्क दिए और कम उपस्थिति के बावजूद भी सीधे परीक्षा फॉर्म भर पा रहे हैं.
Ranchi University: रांची विश्वविद्यालय ने पीजी विभाग और कॉलेजों में ऑनलाइन परीक्षा फॉर्म भरने की व्यवस्था लागू की है. इस बदलाव से विद्यार्थियों के लिए सुविधा तो बढ़ी है लेकिन कई समस्याएं भी सामने आई हैं. पहले विद्यार्थियों को परीक्षा फॉर्म भरने से पहले नो ड्यूज (Ranchi University No Dues) कराना अनिवार्य था, परंतु अब यह प्रक्रिया लगभग समाप्त हो गई है. इसके कारण कई विद्यार्थी बिना किताबें लौटाए, बिना शुल्क जमा किए और उपस्थिति कम होने के बावजूद भी सीधे परीक्षा फॉर्म भर रहे हैं.
कई पीजी विभाग और कॉलेजों में विद्यार्थियों ने लाइब्रेरी से पुस्तकें लीं लेकिन उन्हें वापस नहीं किया. फिर भी ऐसे विद्यार्थी ऑनलाइन परीक्षा फॉर्म भरकर एडमिट कार्ड हासिल कर रहे हैं और परीक्षा देने के बाद मार्कशीट भी प्राप्त कर ले रहे हैं. इस स्थिति से कॉलेज प्रशासन को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है क्योंकि पुस्तकें लंबे समय तक लौटाई नहीं जाती हैं.
Ranchi University Attendance Rules: 75 फीसदी उपस्थिति
यूजीसी और राजभवन के निर्देश के अनुसार विद्यार्थियों के लिए 75 प्रतिशत उपस्थिति अनिवार्य है. लेकिन रांची विश्वविद्यालय की नई ऑनलाइन व्यवस्था में कई जगह उपस्थिति का चेक प्वाइंट ही नहीं है. नतीजतन जिनकी उपस्थिति कम है, वे भी फॉर्म भरकर परीक्षा दे रहे हैं. यह नियमों के विपरीत है और शैक्षणिक अनुशासन पर प्रश्न खड़ा करता है.
कॉलेज और पीजी विभाग प्रशासन ऐसे विद्यार्थियों का इंतजार करते हैं जो सीएलसी (कॉलेज लीविंग सर्टिफिकेट) लेने आते हैं. तभी उनसे नो ड्यूज कराया जा सकता है. कई विद्यार्थी पास होने पर आगे की पढ़ाई के लिए सीएलसी लेते समय यह प्रक्रिया पूरी करते हैं, लेकिन जो असफल हो जाते हैं या वर्षों बाद आते हैं, वे कॉलेज प्रशासन के लिए परेशानी का कारण बन जाते हैं.
प्राचार्यों और विभागाध्यक्षों ने माना है कि यह स्थिति वास्तव में बनी हुई है. हालांकि कुछ कॉलेजों में उपस्थिति और नो ड्यूज चेक प्वाइंट अनिवार्य किए गए हैं ताकि समस्या पर काबू पाया जा सके. इसकी डिटेल्स वेबसाइट पर उपलब्ध है.
रिपोर्ट: संजीव सिंह
यह भी पढ़ें: बिहार प्रशासन विभाग में 1481 पदों पर भर्ती शुरू, 45000 से शुरू होगी सैलरी
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Ravi Mallick
रवि मल्लिक, प्रभात खबर डिजिटल में सीनियर कंटेट राइटर हैं. सर्वविद्या की राजधानी कहे जाने वाले वाराणसी के रहने वाले हैं. यहीं से पढ़ाई की शुरुआत हुई. भारतेंदु हरिश्चंद्र इंटर कॉलेज से स्कूलिंग खत्म करने के बाद महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन पूरा किया. इसके बाद पत्रकारिता की ओर दिलचस्पी जगी और आगे की पढ़ाई के लिए लखनऊ चले गए. स्वामी विवेकानंद सुभारती यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर्स की डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान लखनऊ में रहकर 2017 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव और साल 2019 के लोकसभा चुनाव को करीब से देखा और एक लोकर वेबसाइट के साथ काम किया. डिजिटल युग में पत्रकारिता की शुरुआत होने के चलते रवि मल्लिक Digital News को अच्छे से समझते भी हैं और उसे तराशना भी जानते हैं. पॉलिटिक्स, क्राइम और बिग ब्रेकिंग खबरों पर हाथ साफ करने के बाद साल 2019 में रवि की रुचि एजुकेशन न्यूज की ओर हुई. अमर उजाला के सफलता प्लेटफॉर्म से उन्होंने एजुकेशन की खबरों पर काम करना शुरू किया. एजुकेशन न्यूज पर काम शुरू करने के साथ-साथ रवि के करियर की गाड़ी भी आगे चली. साल 2020 में उन्होंने TV9 भारतवर्ष डिजिटल ज्वाइन किया और इस संस्थान में Career कैटेगरी की शुरुआत की. यहां करियर कैटेगरी पर काम करते हुए 3 साल पूरे कर लिए. साल 2024 में रवि मल्लिक Times Network के टाइम्सनाउ हिंदी के एजुकेशन टीम के साथ जुड़े. जॉब, स्कूली शिक्षा, बोर्ड परीक्षा और रिजल्ट की खबरों पर काम करते हुए एक साल पूरा किया. साल 2025 से रवि प्रभात खबर डिजिटल की यंग और एनर्जेटिक टीम के साथ जुड़े हैं. रवि युवाओं को बेहतर करियर ऑप्शन, करेंट अफेयर्स और नई वैकेंसी के बारे में बताना पसंद करते हैं. बोर्ड परीक्षा हो या UPSC, JEE, CUET और NEET जैसे कॉम्पिटेटिव एग्जाम इनके लिए स्मार्ट टिप्स तैयार करना अच्छा लगता है. एग्जाम टॉपर्स से बात करना और उनकी स्ट्रेटजी के बारे में छात्रों को बताना पसंद है. कॉलेजों के बारे में डिटेल्स में बताना हो या किसी कोर्स की पूरी जानकारी रवि अच्छे से समझा सकते हैं. एजुकेशन न्यूज पर 7 साल का अनुभव रखने वाले रवि मल्लिक के लिए युवाओं को प्रेरित करना, उनके बीच के मुद्दों को उठाना, सही व सटीक जानकारी देना ही प्राथमिकता रही है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










