अब भारत में ट्रेड होगा ग्लोबल ब्रेंट क्रूड ऑयल, जानें ट्रेडिंग नियम और तारीख

NSE की बिल्डिंग (Photo: ANI)
NSE Brent Crude Oil Futures: NSE ने 13 अप्रैल 2026 से ब्रेंट क्रूड ऑयल फ्यूचर्स लॉन्च करने की घोषणा की है. यह नया कॉन्ट्रैक्ट भारतीय ट्रेडर्स को ग्लोबल ऑयल मार्केट से सीधे जुड़ने का मौका देगा.
NSE Brent Crude Oil Futures: शेयर बाजार में दिलचस्पी रखने वालों के लिए एक बड़ी खबर है. नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) ने अपने कमोडिटी सेगमेंट में ‘Dated Brent Crude Oil (Platts)’ फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट लॉन्च करने का ऐलान किया है. SEBI से मंजूरी मिलने के बाद, अब 13 अप्रैल 2026 से इसकी ट्रेडिंग शुरू हो जाएगी. इसका ट्रेडिंग सिंबल “BRCRUDEOIL” रखा गया है.
क्या है यह नया कॉन्ट्रैक्ट और कब शुरू होगा?
ANI की रिपोर्ट के अनुसार, यह एक ऐसा ट्रेडिंग इंस्ट्रूमेंट है जिसकी कीमत सीधे तौर पर इंटरनेशनल मार्केट में कच्चे तेल के भाव, जो S&P ग्लोबल प्लैट्स असेसमेंट से जुड़ी होगी. NSE ने इसके लिए साल 2027 तक का कैलेंडर भी जारी कर दिया है, जिसमें कई महीनों के कॉन्ट्रैक्ट उपलब्ध होंगे. इसका मुख्य उद्देश्य भारतीय व्यापारियों को वैश्विक तेल कीमतों के उतार-चढ़ाव से निपटने का एक मजबूत साधन देना है.
ट्रेडिंग के नियम और शर्तें क्या हैं?
इस नए सिस्टम में ट्रेडिंग की यूनिट 100 बैरल तय की गई है, जबकि अधिकतम लिमिट 10,000 बैरल की है.
- प्राइस लिमिट: शुरुआती लिमिट 6% होगी. अगर बाजार में ज्यादा हलचल होती है, तो 15 मिनट के कूलिंग-ऑफ पीरियड के बाद इसे 9% तक बढ़ाया जा सकता है.
- विशेष परिस्थिति: यदि इंटरनेशनल मार्केट में भारी उतार-चढ़ाव आता है, तो एक्सचेंज नोटिस देकर इस लिमिट को 3-3% के स्टेप्स में और भी बढ़ा सकता है.
पैसे का निपटारा (Settlement) कैसे होगा?
सबसे जरूरी बात यह है कि ये कॉन्ट्रैक्ट ‘Cash-Settled’ होंगे, यानी आपको तेल की डिलीवरी नहीं लेनी होगी, बल्कि मुनाफे या नुकसान का निपटारा नकद में होगा.
- कीमत का निर्धारण: महीने भर के इंटरनेशनल ‘ब्रेंट क्रूड’ के औसत दाम को भारतीय रुपयों में बदला जाएगा.
- करेंसी रेट: इसके लिए RBI के औसत USD/INR रेट का इस्तेमाल किया जाएगा.
आम ट्रेडर्स और कंपनियों को क्या फायदा?
इससे भारत के रिफाइनर, तेल का इम्पोर्ट करने वाली कंपनियों और संस्थागत निवेशकों (Institutional Traders) को बड़ी राहत मिलेगी. अब वे अंतरराष्ट्रीय कीमतों के आधार पर भारत में ही बेहतर तरीके से ‘हेजिंग’ (जोखिम कम करना) कर पाएंगे. इससे घरेलू बाजार में ट्रांसपेरेंसी बढ़ेगी और लिक्विडिटी (नकदी का प्रवाह) में भी इजाफा होगा.
ये भी पढ़ें: निवेशक ध्यान दें! अगले हफ्ते 4 दिन बंद रहेगा शेयर बाजार, ट्रेडिंग से पहले चेक करें छुट्टियों की लिस्ट
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Soumya Shahdeo
सौम्या शाहदेव ने बैचलर ऑफ़ आर्ट्स इन इंग्लिश लिटरेचर में ग्रेजुएशन किया है और वह इस समय प्रभात खबर डिजिटल के बिजनेस सेक्शन में कॉन्टेंट राइटर के रूप में काम कर रही हैं. वह ज़्यादातर पर्सनल फाइनेंस से जुड़ी खबरें लिखती हैं, जैसे बचत, निवेश, बैंकिंग, लोन और आम लोगों से जुड़े पैसे के फैसलों के बारे में. इसके अलावा, वह बुक रिव्यू भी करती हैं और नई किताबों व लेखकों को पढ़ना-समझना पसंद करती हैं. खाली समय में उन्हें नोवेल्स पढ़ना और ऐसी कहानियाँ पसंद हैं जो लोगों को आगे बढ़ने की प्रेरणा देती हैं.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




