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10 लाख फिलिस्तीनियों को जबरन निकालेगा अमेरिका? ट्रंप की योजना से मिडल ईस्ट में भूचाल!

Updated at : 17 May 2025 3:27 PM (IST)
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Palestinians

US Plan Relocate 1 Million Palestinians to Libya: अमेरिका द्वारा गाजा के 10 लाख फिलिस्तीनियों को दूसरे देश भेजने की कथित योजना सामने आई है.

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US Plan Relocate 1 Million Palestinians to Libya: गाजा पट्टी में जारी युद्ध के बीच अमेरिका की एक कथित योजना ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति में हलचल मचा दी है. अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सरकार युद्धग्रस्त गाजा से लगभग 10 लाख फिलिस्तीनी नागरिकों को स्थायी रूप से लीबिया स्थानांतरित करने पर विचार कर रही थी. यह प्रस्ताव अमेरिकी प्रशासन द्वारा गंभीरता से लिया गया और इसे लेकर लीबिया के नेताओं से बातचीत भी की गई थी.

एनबीसी न्यूज की एक रिपोर्ट में बताया गया कि अमेरिका इस योजना के तहत लीबिया को आर्थिक रूप से प्रोत्साहित करने के लिए उसकी वह अरबों डॉलर की संपत्ति लौटाने पर विचार कर रहा है, जिसे वर्षों पहले जब्त कर लिया गया था. सूत्रों के अनुसार, अमेरिका और लीबिया के बीच इस मुद्दे पर कई दौर की चर्चा हो चुकी है. हालांकि, अमेरिकी प्रशासन के एक प्रवक्ता ने इन खबरों को पूरी तरह नकारते हुए कहा कि इस तरह की कोई योजना न तो बनी है और न ही विचाराधीन है. उन्होंने कहा, “ये रिपोर्टें तथ्यहीन हैं और मौजूदा हालात इस तरह के किसी प्रस्ताव के अनुकूल नहीं हैं.”

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लीबिया, जहां 2011 में मुअम्मर गद्दाफी के शासन के अंत के बाद से लगातार अस्थिरता का माहौल बना हुआ है, इस योजना के लिए एक व्यवहारिक विकल्प नहीं माना जा रहा. देश दो भागों में बंटा हुआ है और विभिन्न सशस्त्र गुटों के बीच सत्ता संघर्ष जारी है. ऐसे हालात में गाजा से विस्थापित लोगों को वहां बसाना मानवीय और सुरक्षा के लिहाज से अत्यंत जटिल माना जा रहा है.

गाजा में इस बीच हालात और बिगड़ते जा रहे हैं. इजरायल ने शुक्रवार को गाजा में व्यापक हवाई हमले किए, जिनमें स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार 108 लोगों की मौत हुई. मृतकों में बड़ी संख्या में महिलाएं और बच्चे शामिल हैं. इजरायल का दावा है कि यह हमला हमास पर दबाव बढ़ाने और बंधकों की रिहाई सुनिश्चित करने के लिए युद्ध के अगले चरण का हिस्सा है. इसके अलावा इजरायल ने यमन के दो बंदरगाहों पर भी हमले किए, जहां से कथित तौर पर हूती विद्रोही हथियारों की तस्करी कर रहे थे.

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डोनाल्ड ट्रंप पहले भी फिलिस्तीनी शरणार्थियों के पुनर्वास को लेकर विवादास्पद बयान दे चुके हैं. जनवरी में उन्होंने कहा था कि वे चाहते हैं कि जॉर्डन, मिस्र और अन्य अरब देश गाजा के शरणार्थियों को अपने यहां बसाएं. ट्रंप के अनुसार, गाजा पूरी तरह से तबाह हो चुका है और वहां के निवासियों को कहीं और एक नई शुरुआत का अवसर दिया जाना चाहिए.

उधर, हमास ने इजरायल के साथ एक बड़ा सौदा प्रस्तावित किया है. गाजा में हमास के प्रमुख खलील अल-हय्या ने टेलीविजन पर एक बयान में कहा कि उनका संगठन सभी इजरायली बंधकों की रिहाई के बदले इजरायली जेलों में बंद फिलिस्तीनी कैदियों की रिहाई चाहता है, लेकिन इस शर्त पर कि युद्ध पूरी तरह समाप्त कर दिया जाए. उन्होंने किसी भी तरह के अस्थायी युद्धविराम को अस्वीकार कर दिया. इस पूरे घटनाक्रम ने पश्चिम एशिया में शांति प्रयासों को और जटिल बना दिया है, जहां मानवीय संकट गहराता जा रहा है और राजनीतिक समाधान की संभावनाएं धुंधली होती नजर आ रही हैं.

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Aman Kumar Pandey

लेखक के बारे में

By Aman Kumar Pandey

अमन कुमार पाण्डेय डिजिटल पत्रकार हैं। राजनीति, समाज, धर्म पर सुनना, पढ़ना, लिखना पसंद है। क्रिकेट से बहुत लगाव है। इससे पहले राजस्थान पत्रिका के यूपी डेस्क पर बतौर ट्रेनी कंटेंट राइटर के पद अपनी सेवा दे चुके हैं। वर्तमान में प्रभात खबर के नेशनल डेस्क पर कंटेंट राइटर पद पर कार्यरत।

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