इजरायल-ईरान जंग: 'खुद का घर जल रहा, दूसरों को क्या बचाएंगे', एक्सपर्ट ने पाकिस्तान को लताड़ा, भारत को बताया संकटमोचक

तस्वीर में पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ.
Israel-Iran War: अमेरिकी सेना के रिटायर्ड कर्नल और जियोपॉडिटिकल एडवाइजर डगलस मैक्ग्रेगर ने ईरान-इजरायल युद्ध में पाकिस्तान की भूमिका को पूरी तरह खारिज कर दिया है. एएनआई को दिए इंटरव्यू में मैक्ग्रेगर ने पाकिस्तान की अंदरूनी कलह और आर्थिक बदहाली का जिक्र करते हुए उसकी साख पर सवाल उठाए.
Israel-Iran War: उन्होंने कहा कि पाकिस्तान की तरफ से मदद की पेशकश वैसी ही है, जैसे जलती हुई इमारत में फंसा कोई व्यक्ति आपको रहने के लिए कमरा दे रहा हो. उन्होंने साफ किया कि इजरायल कभी भी पाकिस्तान को निष्पक्ष नहीं मानेगा.
पाकिस्तान की बातों पर भरोसा करने का कोई ठोस कारण नहीं
मैक्ग्रेगर के अनुसार, इजरायल पाकिस्तान को शांतिदूत नहीं बल्कि ‘समस्या का हिस्सा’ मानता है. उन्होंने कहा कि अगर इजरायल को इस्लामाबाद में बैठक के लिए बुलाया जाता है, तो वे इसे मजाक में उड़ा देंगे. उनके मुताबिक, पाकिस्तान की बातों पर भरोसा करने का कोई ठोस कारण नहीं है और वहां युद्ध खत्म करने की डील करना नामुमकिन है. उन्होंने पाकिस्तान के इस कदम को पूरी तरह से ‘लूडिक्रस’ यानी हास्यास्पद बताया है.
#WATCH | On India's potential role as mediator in Iran war, Geopolitical Risk Advisor Colonel (Retd) Douglas.McGregor @DougAMacgregor says, "India can't afford to remain a spectator in this conflict…I think Pres Trump, if he listens to anybody at this point, is probably going… pic.twitter.com/Mp58cQofpn
— ANI (@ANI) March 26, 2026
भारत ही सुलझा सकता है विवाद
रिटायर्ड कर्नल ने सुझाव दिया कि भारत इस समय संवाद के लिए सबसे मजबूत स्थिति में है. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वैश्विक सम्मान का जिक्र करते हुए कहा कि उनके संबंध रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ-साथ ईरान और इजरायल, दोनों पक्षों से बेहतर हैं. मैक्ग्रेगर ने यह भी संकेत दिया कि डोनाल्ड ट्रंप भी नई दिल्ली की कोशिशों के साथ जुड़ना ज्यादा पसंद करेंगे. भारत की पहुंच हर गुट तक होने के कारण वह एक प्रभावी मध्यस्थ बन सकता है.
होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान का सख्त पहरा
जंग अब चौथे हफ्ते में पहुंच चुकी है और दोनों पक्ष पीछे हटने को तैयार नहीं हैं. ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य (स्ट्रेट ऑफ होर्मुज) पर अपना नियंत्रण काफी कड़ा कर दिया है. एनालिस्ट्स के मुताबिक, तेहरान ने अमेरिका और इजरायल से जुड़े जहाजों का रास्ता रोक दिया है. इस वजह से वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं और दुनिया भर में आर्थिक संकट गहराने का डर सता रहा है.
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ट्रंप की चेतावनी
डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को सख्त चेतावनी देते हुए कहा है कि उसे बातचीत के लिए जल्द गंभीर होना होगा. उन्होंने किसी भी युद्धविराम (सीजफायर) को इस समुद्री रास्ते के फिर से खुलने से जोड़ा है. दूसरी तरफ, ईरान ने अमेरिका की हर मांग को खारिज कर दिया है और बिचौलियों के जरिए किसी भी संदेश को सुनने से मना कर दिया है. मैक्ग्रेगर ने चेतावनी दी है कि फिलहाल इस युद्ध से बाहर निकलने का कोई रास्ता नजर नहीं आ रहा है, जिससे वैश्विक ऊर्जा प्रवाह पर बुरा असर पड़ सकता है.
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लेखक के बारे में
By Govind Jee
गोविन्द जी ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय भोपाल से की है. वे वर्तमान में प्रभात खबर में कंटेंट राइटर (डिजिटल) के पद पर कार्यरत हैं. वे पिछले आठ महीनों से इस संस्थान से जुड़े हुए हैं. गोविंद जी को साहित्य पढ़ने और लिखने में भी रुचि है.
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