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Mrityu Panchak 2024: इस सप्ताह शुरू होने जा रहा मृत्यु पंचक, पांच दिनों तक भूलकर भी न करें ये काम

Updated at : 06 Feb 2024 5:47 PM (IST)
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Mrityu Panchak 2024: इस सप्ताह शुरू होने जा रहा मृत्यु पंचक, पांच दिनों तक भूलकर भी न करें ये काम

फरवरी में इस दिन से शुरू होने जा रहा मृत्यु पंचक, पांच दिनों तक भूलकर भी न करें ये काम

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Mrityu Panchak 2024: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार हर महीने में पांच ऐसे दिन होते हैं, जिस दौरान किसी भी प्रकार के शुभ कार्य करना वर्जित माना गया है. शास्त्रों के अनुसार मृत्यु पंचक बहुत खतरनाक माने जाते हैं. फरवरी में मृत्यु पंचक लगने जा रहा है. मृत्यु पंचक की शुरुआत 10 फरवरी दिन शनिवार को सुबह 10 बजकर 02 मिनट पर होगी. वहीं 14 फरवरी को सुबह 10 बजकर 43 मिनट पर पंचक की समाप्ति होगी. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, हर महीने में 5 दिन ऐसे होते हैं, जिनमें शुभ कार्यों को करने की मनाही होती है. इन 5 दिनों को पंचक या मृत्यु पंचक कहा जाता है. इस दौरान किसी भी प्रकार के मांगलिक कार्य नहीं किए जाते. अगर आप भी किसी शुभ काम को करने की योजना बना रहे हैं तो उन्हें इन 5 दिनों के पहले पूरा कर लें.

कयह प्रतीत होता है कि पंचक है।

ज्योतिषाचार्य के अनुसार, जब चन्द्रमा धनिष्ठा, पूर्व भाद्रपद, उत्तरा भाद्रपद, शतभिषा और रेवती नक्षत्र में होता है तो उसे पंचक कहा जाता है, इन सभी नक्षत्रों को चंद्रमा को पार करने में 5 दिन का समय लगता है, इसलिए पंचक कुल 5 दिनों तक रहता है.

मृत्यु पंचक में भूलकर भी न करें ये काम

मुत्यु पंचक के दौरान किसी भी प्रकार के शुभ कार्य नहीं करना चाहिए. पंचक में नया घर खरीदना या घर की छत बनवाना भी अशुभ माना गया है. वहीं नई चारपाई बनाने और दक्षिण दिशा में यात्रा करने की भी मनाही होती है. पंचक में किसी भी तरह के जोखिम वाले कार्यों को करने से बचना चाहिए.

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पंचक में मृत्यु होने पर करें ये उपाय

पंचक के दौरान किसी भी व्यक्ति की मौत होना भी अशुभ माना गया है. अगर पंचक में किसी की मौत होती है तो 5 लोगों के मौत की आशंका बनी रहती है. अगर पंचक में किसी भी व्यक्ति की मौत होती है तो उसके साथ कुश के 5 पुतलों का अंतिम संस्कार करने का विधान है. धार्मिक मान्यता है कि पंचक में किसी की मृत्यु हो जाए तो शव के साथ आटे या कुश के पांच पुतले बनाकर विधि विधान से उसका भी अंतिम संस्कार करना चाहिए. ऐसा न करें पर परिवार पर खतरा मंडराने लगता है और दुर्घटना की संभावना बढ़ जाती है.

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Radheshyam Kushwaha

लेखक के बारे में

By Radheshyam Kushwaha

पत्रकारिता की क्षेत्र में 13 साल का अनुभव है. इस सफर की शुरुआत राज एक्सप्रेस न्यूज पेपर भोपाल से की. यहां से आगे बढ़ते हुए समय जगत, राजस्थान पत्रिका, हिंदुस्तान न्यूज पेपर के बाद वर्तमान में प्रभात खबर के डिजिटल विभाग में धर्म अध्यात्म एवं राशिफल डेस्क पर कार्यरत हैं. ज्योतिष शास्त्र, व्रत त्योहार, राशिफल के आलावा राजनीति, अपराध और पॉजिटिव खबरों को लिखने में रुचि हैं.

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