चोरी-छिनताई जैसी छोटी-मोटी घटनाओं की उन्होंने बात कबूल की और साथ ही ऐसे मामलों में बदमाशों को भी हाथोंहाथ गिरफ्तार किये जाने की बात कही. उन्होंने कहा कि ट्रेनों से होनेवाले तस्करी में भी एक-दो सालों में काफी लगाम लगा है.
आरपीएफ ने इन दिनों धड़-पकड़ अभियान चलाकर ट्रेनों से नेपाली सुपारी, सौंदर्य प्रसाधन, इलेक्ट्रोनिक वस्तुओं जैसी अन्य तस्करी के सामान बड़े पैमाने पर जब्त किये गए है और तस्करों की भी गिरफ्तारी हुई है. उन्होंने ट्रेनों में चोरी, छिनताई, महिलाओं से छेड़खानी जैसे मामलों में यात्रियों को सजग रहने की बात कही. उन्होंने बताया कि केंद्रीय रेल मंत्रालय ने रेल यात्रियों की सुरक्षा के लिए 182 हेल्प लाइन नंबर जारी कर रखा है. यात्री ट्रेन से देश में कहीं पर भी सफर कर रहा हो और उसके साथ आपराधिक घटनाएं घटित हुई है, या वह असुरक्षित महसूस कर रहा है या फिर ट्रेन के उसके कोच में पानी जैसी सामान्य समस्या हो वह हाथोंहाथ अपने मोबाइल फोन से 182 डायल कर समस्याओं की शिकायत कर सकता है. इस नंबर पर डायल करने से उस रेल खंड के डिवीजनल मुख्यालय से पीड़ित यात्री का संपर्क होगा और रेलवे उसका निदान मात्र कुछ मिनटों में ही करने के लिए बाध्य है.

