खंडपीठ ने आरजी कर मामले की सुनवाई से खुद को किया अलग

गुरुवार को इस मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति देबांग्शु बसाक की खंडपीठ में होनी थी, लेकिन पीठ ने सुनवाई से खुद को अलग कर लिया
अब कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश तय करेंगे नयी पीठ
कोलकाता. कलकत्ता उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति देबांग्शु बसाक और न्यायमूर्ति मोहम्मद शब्बर रशीदी की खंडपीठ ने आरजी कर मेडिकल कॉलेज मामले की सुनवाई से स्वयं को अलग कर लिया है. गौरतलब है कि आरजी कर मेडिकल कॉलेज में जूनियर महिला चिकित्सक के साथ दुष्कर्म और हत्या के मामले में पीड़ित परिवार ने अदालत की निगरानी में दोबारा जांच की मांग की थी. इसके साथ ही, पीड़िता पक्ष के वकीलों ने घटनास्थल का निरीक्षण करने की भी अनुमति मांगी थी. गुरुवार को इस मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति देबांग्शु बसाक की खंडपीठ में होनी थी, लेकिन पीठ ने सुनवाई से खुद को अलग कर लिया. इससे पहले, इस घटना के मुख्य आरोपी संजय राय की मौत की सजा की अर्जी और आरजी कर मामले में एकमात्र दोषी द्वारा निचली अदालत के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका न्यायमूर्ति अरिजीत बनर्जी की खंडपीठ में लंबित है. अब यह मामला कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश सुजय पॉल के पास भेजा गया है, जो तय करेंगे कि आगे सुनवाई किस पीठ में होगी.
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