सिलीगुड़ी में बनेगा श्रम भवन

Updated:
विज्ञापन

सिलीगुड़ी: चाय बागान के श्रमिकों सहित विभिन्न असंगठित क्षेत्र में काम कर रहे श्रमिकों की समस्या के समाधान के लिए सिलीगुड़ी में ही श्रम भवन का निर्माण होगा. कुल सात करोड़ रुपये की लागत से इस भवन का निर्माण किया जायेगा और उत्तर बंगाल के लोगों को श्रम विभाग से संबंधित मामलों को सुलझाने के […]

विज्ञापन

सिलीगुड़ी: चाय बागान के श्रमिकों सहित विभिन्न असंगठित क्षेत्र में काम कर रहे श्रमिकों की समस्या के समाधान के लिए सिलीगुड़ी में ही श्रम भवन का निर्माण होगा. कुल सात करोड़ रुपये की लागत से इस भवन का निर्माण किया जायेगा और उत्तर बंगाल के लोगों को श्रम विभाग से संबंधित मामलों को सुलझाने के लिए कोलकाता का चक्कर नहीं काटना पड़ेगा.

यह घोषणा बुधवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने की. ममता बनर्जी यहां चार दिनों की दार्जिलिंग दौरे पर आयी हैं. दार्जिलिंग दौरे पर रवाना होने से पहले बागडोगरा एयरपोर्ट पर उतरने के बाद संवाददाताओं से बातचीत में ममता ने कहा कि डुवार्स में बंद पड़े चाय बागानों को फिर से खुलवाने के लिए राज्य सरकार हर तरह की कोशिश कर रही है, लेकिन सिर्फ राज्य सरकार के भरोसे ही चाय बागान श्रमिकों का कल्याण संभव नहीं है. उत्तर बंगाल में बंद पड़े विभिन्न चाय बागानों की समस्या सुलझाने के लिए उन्होंने केंद्र सरकार से पैकेज देने की मांग की.

उनका कहना था कि चाय बागानों की स्थिति सुधारने की जिम्मेदारी केंद्रीय वाणिज्य मंत्रालय की भी है. केंद्रीय वाणिज्य मंत्रलय को भी इस दिशा में पहल करनी चाहिए.

उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को लेकर पंचायत मंत्री सुब्रत मुखर्जी ने केंद्रीय वाणिज्य मंत्रलय को एक पत्र भी लिखा है. चाय बागानों में सौ दिनों की रोजगार गारंटी योजना शुरू करने के लिए केंद्र सरकार को पहल करनी चाहिए. उन्होंने माना कि चाय बागानों में श्रमिकों की स्थिति अत्यंत दयनीय है. उन्होंने बंद पड़े चाय बागानों के श्रमिकों को हर महीने 1500 रुपये भत्ता देने की भी घोषणा की.

अपने दार्जिलिंग सफर के दौरान उन्होंने दार्जिलिंग में बालासन पेयजल परियोजना के उद्घाटन किये जाने की भी बात कही. मुख्यमंत्री ने कहा कि पहाड़ पर पूरी तरह से शांति है और वह वहां विकास के सभी कार्य करना चाहती हैं. इसी वजह से वह बार-बार दार्जिलिंग आ रही हैं. उन्होंने चाय बागान में 300 श्रमिकों को अलग से वृद्धा भत्ता दिये जाने की भी बात कही. उनका कहना था कि सिलीगुड़ी के निकट सौर्या में सफारी पार्क का निर्माण किया जायेगा. 261 एकड़ भूमि पर तैयार होने वाले इस पार्क के निर्माण पर कुल 250 करोड़ रुपये खर्च होगा. मुख्यमंत्री यहां से दार्जिलिंग के लिए रवाना हो गयीं. दार्जिलिंग के चौरास्ता में गुरुवार को मुख्यमंत्री बालासन परियोजना के उदघाटन के साथ ही सफारी पार्क का शिलान्यास भी करेंगी. दार्जिलिंग पर्वतीय क्षेत्र के लिए और भी कई विकास परियोजनाओं के शुरूआत किये जाने की उम्मीद जाहिर की जा रही है. 19 जुलाई को मुख्यमंत्री के कोलकाता वापस लौटने का कार्यक्रम है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola