UP News : यूपी सरकार का बड़ा फैसला, 2017 से 2021 तक के सभी गैर-कर ई-चालान होंगे बंद
Published by : Amitabh Kumar Updated At : 21 Sep 2025 7:23 AM
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
UP News : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने आदेश दिया है कि यह निस्तारण अगले 30 दिनों में पूरा कर लिया जाएगा. इसके बाद फिटनेस और परमिट से जुड़ी सेवाओं में भी सुगमता आएगी.
UP News : उत्तर प्रदेश सरकार ने आम जनता को बड़ी राहत देते हुए घोषणा की है कि वर्ष 2017 से 2021 के बीच बनाए गए सभी गैर-कर (Non-Tax) ई-चालान को बंद कर दिया जाएगा. इस कदम से प्रदेश के लाखों वाहन मालिकों को सीधी राहत मिलेगी. जिन्हें अब तक इन पुराने चालानों की वजह से वाहन से जुड़ी सेवाओं में अड़चन झेलनी पड़ रही थी. सरकार ने निर्देश दिया है कि यह कार्रवाई अगले 30 दिनों में पूरी कर ली जाए. इससे लगभग 30 लाख से अधिक मामलों का निस्तारण संभव हो सकेगा.
क्या कहा गया सरकारी आदेश में?
-इन चालानों को पोर्टल पर “Disposed – Abated” या “Closed – Time-Bar” की श्रेणी में दिखाया जाएगा.
-जो मामले अदालतों में लंबित हैं या समय सीमा पार कर चुके हैं. उन्हें स्वतः निरस्त मान लिया जाएगा.
-कार्यालय स्तर पर पेंडिंग चालानों का भी निस्तारण कर पोर्टल पर अपडेट किया जाएगा.
किन मामलों पर लागू होगा आदेश?
-केवल गैर-कर (Non-Tax) ई-चालान इस फैसले के दायरे में आएंगे.
-टैक्स संबंधी चालान इसमें शामिल नहीं होंगे.
-पहले से भरे गए जुर्माने की वापसी नहीं की जाएगी और बंद किए गए चालान दोबारा चालू नहीं होंगे.
आंकड़ों पर नजर
2017 से 2021 के बीच करीब 30.52 लाख चालान बनाए गए थे. इनमें से लगभग 17.59 लाख मामलों का निस्तारण पहले ही किया जा चुका है. बाकी करीब 12.93 लाख मामले अब इस आदेश से प्रभावित होंगे. जिनमें से 10.84 लाख अदालतों में लंबित हैं और 1.29 लाख कार्यालय स्तर पर पेंडिंग हैं.
जनता को राहत मिलेगी
राज्य सरकार का मानना है कि पुराने लंबित ई-चालानों की वजह से वाहन मालिकों को फिटनेस सर्टिफिकेट, परमिट, हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट और वाहन ट्रांसफर जैसी सेवाओं में दिक्कतें आ रही थीं. इन मामलों को खत्म करने से सेवा-प्रणाली तेज होगी और जनता को राहत मिलेगी.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Amitabh Kumar
अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










