ePaper

झारखंड: हत्या से पहले सुभाष को आया था कॉल, पूछा गया था ये सवाल, फिर अपराधियों ने ऑफिस में घुस मार दी गोली

Updated at : 28 Jul 2023 9:50 AM (IST)
विज्ञापन
झारखंड: हत्या से पहले सुभाष को आया था कॉल, पूछा गया था ये सवाल, फिर अपराधियों ने ऑफिस में घुस मार दी गोली

कांप्लेक्स से सटा एक रास्ता पीछे जाता है. अंदर जाने पर उनके ऑफिस के पहले लोहे का गेट है. उस गेट से चारों अपराधी अंदर गये. एक अपराधी गेट पर ही खड़ा रहा.

विज्ञापन

माकपा नेता सुभाष मुंडा हत्याकांड की जांच में रांची पुलिस की एसआइटी जुटी है. पलिस सूत्रों का कहना है कि अब तक की जांच में यह बात सामने आयी है कि हत्या के थोड़ी देर पहले किसी ने सुभाष मुंडा को फोन कर पूछा था कि ऑफिस में हो तुम. उन्होंने कहा था, हां. इसके बाद एक गाड़ी से पांच लोग दलादली चौक के समीप स्थित उनके मार्केट कांप्लेक्स के पास पहुंचे.

कांप्लेक्स से सटा एक रास्ता पीछे जाता है. अंदर जाने पर उनके ऑफिस के पहले लोहे का गेट है. उस गेट से चारों अपराधी अंदर गये. एक अपराधी गेट पर ही खड़ा रहा. वहीं तीन अपराधी ऑफिस के पहले कमरे में वेटिंग रूम में गये. वहां पर एक अपराधी रुक गया. वहीं दो अपराधी ऑफिस के अंदर गये. दोनों अपराधी व सुभाष मुंडा के बीच किसी तीन एकड़ जमीन को लेकर चर्चा हुई. इसी दौरान बिजली चली गयी.

तभी सामने बैठे अपराधियों ने पिस्टल से सुभाष मुंडा पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी. अपराधियों ने सुभाष मुंडा की गर्दन से नीचे छाती व पेट में आठ गोलियां मारी. घटना के बाद अपराधी वहां से भाग निकले. घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी में अपराधियों की धुंधली तसवीर नजर आ रही है. अपराधी चेहरा ढंके हुए थे. इससे उनकी पहचान नहीं हो पा रही है.

मौके से पुलिस ने आठ खोखा बरामद किया है. जबकि एक गोली भी मिली है. ऑफिस के टेबल पर जमीन का एक नक्शा भी था, जिसे घटना से पहले सुभाष मुंडा देख रहे थे. पुलिस इस बात से अंदाजा लगा रही है कि कहीं जमीन से जुड़े मामले में सुभाष मुंडा की हत्या तो नहीं कर दी गयी.

जमीन विवाद में हत्या के मिल रहे हैं संकेत

माकपा नेता सुभाष मुंडा हत्याकांड की पुरी गुत्थी सुलझाने में रांची पुलिस की एसआइटी को सहयोग करने के लिए सीआइडी और एटीएस को लगाया गया है. गुरुवार को टीम ने घटनास्थल और आसपास में रहने वाले वैसे पूर्व अपराधियों का सत्यापन किया, जो जमानत पर बाहर हैं. इधर, जांच में जुटी एसआइटी को पता चला है कि हत्याकांड के पीछे की मूल वजह जमीन विवाद है. सुभाष मुंडा का कुछ लोगों के साथ दलादली की चाय बगान स्थित 13 एकड़ जमीन को लेकर पुराना विवाद चल रहा था.

एसआइटी हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने के लिए घटनास्थल का कॉल डंप भी हासिल करने का प्रयास रही है. वहीं कमल भूषण हत्याकांड में फरार चल रहे और पीएलएफआइ संगठन से संपर्क करने वाले छोटू कुजूर की भूमिका की भी जांच की जा रही है.

तीन दिनों तक माकपा कार्यालयों में झुका रहेगा झंडा

रांची: सीपीएम राज्य कमेटी के सदस्य सुभाष मुंडा का पार्थिव शरीर गुरुवार की सुबह सात बजे मेन रोड स्थित पार्टी के राज्य कार्यालय में लाया गया. यहां पर राज्य सचिव प्रकाश विप्लव, जिला सचिव सुखनाथ लोहरा, प्रफुल्ल लिंडा, शिव बालक पासवान, सुफल महतो, वीरेंद्र कुमार, अजय सिंह, मनोज भक्त, अनिर्वाण बोस, शुभेंदु सेन, गोपी कांत बक्शी, अमल आजाद, वीणा लिंडा आदि ने शव पर पुष्पांजलि दी.

यहां लाल सलाम के नारे के साथ अंतिम विदाई दी गयी. इधर, उनके सम्मान में तीन दिनों तक पूरे राज्य के माकपा कार्यालयों में लाल झंडा झुका रहेगा. पार्टी कार्यालय से उनका पार्थिव शरीर दलादली चौक पहुंचा. इसके बाद दोपहर 12 बजे पार्थिव शरीर उनके निवास स्थान लाया गया.

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola