झारखंड राजभवन का नाम बदलकर ‘लोक भवन’ किया गया, अधिसूचना जारी

राज भवन का नाम बदलकर लोक भवन झारखंड किया गया.
Raj Bhawan Jharkhand News: झारखंड में राज भवन का नाम बदलकर लोक भवन कर दिया गया है. राज भवन से इसकी अधिसूचना भी जारी कर दी गयी है. बुधवार को जारी अधिसूचना में कहा गया है कि अधिसूचना तत्काल प्रभाव से लागू होगा.
Table of Contents
Raj Bhawan Jharkhand News: झारखंड राजभवन का नाम बदल गया है. इस भवन का नाम अब ‘लोक भवन’ (Lok Bhawan) होगा. केंद्रीय गृह मंत्रालय के आदेश पर झारखंड राजभवन से राज्यपाल सचिवालय ने इसकी अधिसूचना जारी की है. इसमें कहा गया है कि गृह मंत्रालय भारत सरकार के पत्र संख्या 7/10/2025 (Par)-M&G दिनांक 25 नवंबर 2025 और झारखंड के राज्यपाल की स्वीकृति के बाद राजभवन (Raj Bhawan Jharkhand) का नाम आधिकारिक रूप से ‘लोक भवन’ किया जाता है.
नितीन मदन कुलकर्णी ने जारी की अधिसूचना
राज्यपाल के अपर मुख्य सचिव नितीन मदन कुलकर्णी के हस्ताक्षर से जारी इस अधिसूचना में यह भी कहा गया है कि सभी आधिकारिक कार्यों के लिए राजभवन झारखंड को अब से लोक भवन झारखंड कर दिया गया है. यह भी कहा गया है कि यह अधिसूचना तत्काल प्रभाव से लागू होगा.

7 लाख रुपए की लागत से हुआ था राज भवन का निर्माण
केंद्र सरकार के निर्णय के बाद पूरे देश में राजभवन का नाम बदलकर लोक भवन कर दिया गया है. इसके साथ ही झारखंड राजभवन का भी नाम झारखंड लोकभवन किया गया है. लगभग 62 एकड़ में फैले झारखंड राज भवन की स्थापना वर्ष 1930 में शुरू हुई थी और मार्च 1931 में लगभग 7 लाख रुपए की लागत से इसका निर्माण किया गया था.
झारखंड की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
सैडलो बैलार्ड ने राज भवन को किया था डिजाइन
आर्किटेक्ट सेड्लो बैलार्ड ने राज भवन का डिजाइन तैयार किया था. कुल 62 एकड़ क्षेत्र में से 52 एकड़ में मुख्य राजभवन परिसर है. लगभग 10 एकड़ में ऑड्रे हाउस बना है. इसे अब हेरिटेज हाउस के रूप में बदल दिया गया है. ऑड्रे हाउस का निर्माण वर्ष 1850 से 1856 के बीच किया गया था.
इसे भी पढ़ें
अंतिम दिन 54 हजार लोगों ने किया झारखंड राजभवन का भ्रमण
राजभवन के पास से हटेगा धरना स्थल, अब इस नए जगह पर प्रदर्शन करेंगे लोग
प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी
लेखक के बारे में
By Mithilesh Jha
मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




