प्रतिनिधि, ओरमांझी. कुच्चू में श्री श्री 1008 शिव शक्ति हनुमत प्राण प्रतिष्ठा महायज्ञ सह श्रीराम कथा के चतुर्थ दिन यज्ञाचार्य पंडित रामदेव पांडेय ने देवताओं का आह्वान किया. मुख्य यज्ञमान राज्यसभा सांसद आदित्य प्रसाद साहू व उनकी धर्म पत्नी ललिता देवी ने पूजन, हवन आरंभ, अन्नाधिवास विधि-विधान पूर्वक किया. संध्या में वृंदावन से आये कथावाचक अतुल कृष्ण भारद्वाज जी महाराज ने श्रीराम कथा कही. उन्होंने कहा कि जब-जब धरती पर धर्म का बोलबाला होता है, तब-तब भगवान का किसी-न-किसी रूप में अवतार होता है. ईश्वर अवतार लेकर असुरों का नाश करते हैं और अधर्म पर धर्म की विजय पताका फहराते हैं. भगवान चारों दिशाओं के कण-कण में विद्यमान हैं. इन्हें प्राप्त करने का मार्ग मात्र सच्चे मन की भक्ति है. त्रेता युग में जब असुरों की शक्ति बढ़ने लगी तो माता कौशल्या की कोख से भगवान श्री राम का जन्म हुआ. भगवान सर्वत्र व्याप्त हैं. प्रेम से पुकारने व सच्चे मन से सुमिरन करने पर कहीं भी प्रकट हो सकते हैं. कथा व्यास ने जैसे ही भजन गाया और फूलों की वर्षा होने लगी, वैसे ही श्रोता झूम उठे. पूरा पंडाल राम मय हो गया. इस अवसर पर झारखंड के प्रतिपक्ष के नेता पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी, केंद्रीय कोयला मंत्री सतीश चंद्र दुबे, झारखंड प्रभारी लक्ष्मी कांत वाजपेयी, भाजपा के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री नागेन्द्र नाथ त्रिपाठी, संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह, प्रदेश भाजपा के कार्यकारी अध्यक्ष रवींद्र राय, सांसद दीपक प्रकाश, सांसद मनीष जायसवाल, सांसद खीरु महतो, विधायक सीपी सिंह, विधायक रागिनी सिंह, पूर्व सांसद रामटहल चौधरी, पूर्व सांसद सुदर्शन भगत, पूर्व प्रतिपक्ष के नेता अमर बाउरी, पूर्व मंत्री भानु प्रताप शाही, पूर्व विधायक रामकुमार पाहन, पूर्व विधायक समरी लाल, सुबोध सिंह गुड्डू, राजेंद्र केसरी सहित हजारों की संख्या में श्रद्धालु भक्त मौजूद थे. कुच्चू में आयोजित नौ दिवसीय महायज्ञ सह श्री राम कथा का चतुर्थ दिन
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