बसों के परिचालन पर जल्द निर्णय ले राज्य की सरकार

Updated at : 23 Jun 2020 12:12 AM (IST)
विज्ञापन
बसों के परिचालन पर जल्द निर्णय ले राज्य की सरकार

सोमवार को पलामू जिला ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन की बैठक कार्यालय में हुई. इसकी अध्यक्षता एसोसिएशन के अध्यक्ष रुद्र प्रताप सिंह ने की. बैठक में बसों के परिचालन बंद रहने से वाहन मालिकों के साथ-साथ बस कर्मचारियों को हो रही परेशानी पर गंभीरता पूर्वक विचार-विमर्श किया गया. बैठक में कहा गया कि वैश्विक महामारी कोरोना को लेकर 22 मार्च से ही पूरे झारखंड में बसों का परिचालन बंद है.

विज्ञापन

अपील : जिला ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन ने की बैठक, कहा

मेदिनीनगर : सोमवार को पलामू जिला ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन की बैठक कार्यालय में हुई. इसकी अध्यक्षता एसोसिएशन के अध्यक्ष रुद्र प्रताप सिंह ने की. बैठक में बसों के परिचालन बंद रहने से वाहन मालिकों के साथ-साथ बस कर्मचारियों को हो रही परेशानी पर गंभीरता पूर्वक विचार-विमर्श किया गया. बैठक में कहा गया कि वैश्विक महामारी कोरोना को लेकर 22 मार्च से ही पूरे झारखंड में बसों का परिचालन बंद है.

देश में अनलॉक वन की घोषणा होने के बाद सरकार ने कई व्यावसायिक प्रतिष्ठान को खोलने की इजाजत दी है. लेकिन राज्य सरकार ने बसों के परिचालन के मामले में अभी तक कोई निर्णय नहीं लिया है. बसों का परिचालन नहीं होने से जहां बस मालिकों व कर्मचारियों को आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, वहीं आम जनता को भी एक जगह से दूसरे जगह आने-जाने में परेशानी हो रही है.

देश के अन्य राज्यों में शर्त के अनुसार बसों का परिचालन शुरू हो गया है. लेकिन झारखंड सरकार ने इस मामले में अभी तक कोई गंभीरता नहीं दिखायी है. झारखंड में करीब 35 हजार बस का परिचालन होता है. इन बसों में एक लाख से अधिक कर्मचारी काम करते है.

लॉकडाउन को लेकर बसों का परिचालन बंद होने के कारण इन कर्मियों की स्थिति बदहाल हो गयी है. दो जून की रोटी के लाले पड़ गये हैं. वहीं बीमारी व अन्य कई तरह की परेशानियों से बस कर्मचारी जूझ रहे हैं. बैठक में कहा गया कि बस मालिकों को भी आर्थिक परेशानी झेलना पड़ रहा है. बस का टैक्स, फिटनेस चार्ज, बीमा कराने के लिए बस मालिकों को कर्ज लेना पड़ रहा है. बैठक में कहा गया कि आखिर कब तक बसों का परिचालन बंद रहेगा. इस मामले में राज्य सरकार को गंभीर होकर ठोस निर्णय लेना चाहिए.

पलामू जिले में करीब 110 बसों का परिचालन विभिन्न मार्गों पर होता है. कई ऐसे बस मालिक हैं, जिन्हें बैंक का लोन भी जमा करना पड़ता है. अभी तक सरकार ने बसों के परिचालन को लेकर बस मालिकों को कोई दिशा-निर्देश नहीं दिया है. बैठक में कहा गया कि झारखंड सरकार बसों का रोड टैक्स समय पर जमा नहीं होने के कारण विलंब शुल्क ले रही है, जो किसी भी दृष्टिकोण से उचित नहीं है. बसों का परिचालन ठप रहने से आमदनी बंद है. ऐसी स्थिति में रोड टैक्स समय पर जमा नहीं कर पाना बस मालिकों की विवशता है.

बैठक में एसोसिएशन के सचिव सत्येंद्र कुमार सिंह, प्रवक्ता किरण कुमार सिंह,प्रवेश कुमार सिंह, कृष्ण विजय सिंह आदि लोग मौजूद थे.

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola