किसानों की लाइफलाइन होगी पांकी की अमानत नहर, वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने बराज किया निरीक्षण

Published by :KumarVishwat Sen
Published at :15 Apr 2026 4:26 PM (IST)
विज्ञापन
Palamu News

पांकी के तरहसी प्रखंड के मंझौली पंचायत के बलगड़ा स्थित अमानत बैराज का निरीक्षण करते वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर. फोटो: प्रभात खबर

Palamu News: पलामू के पांकी में अमानत नहर परियोजना का निरीक्षण करते हुए वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने अधिकारियों को तीन वर्षों में कार्य पूरा करने का निर्देश दिया. परियोजना पूरी होने पर 74 गांवों के 23 हजार हेक्टेयर खेतों को सिंचाई सुविधा मिलेगी, जिससे किसानों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है. इससे जुड़ी खबर नीचे पढ़ें.

विज्ञापन

पलामू से चंद्रशेखर सिंह की रिपोर्ट

Palamu News: झारखंड के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने पलामू जिले के पांकी स्थित अधूरी अमानत नहर और बराज परियोजना का निरीक्षण किया. तेज गर्मी के बावजूद मंत्री खुद स्थल पर पहुंचे और निर्माण कार्य की प्रगति का जायजा लिया. इस दौरान उन्होंने तरहसी प्रखंड के मंझौली पंचायत के बलगड़ा क्षेत्र में कैनाल की स्थिति की जानकारी ली और अधिकारियों से विस्तार से रिपोर्ट मांगी.

वर्षों से अधूरी योजना को पूरा करने का संकल्प

निरीक्षण के दौरान वित्त मंत्री ने कहा कि अमानत बराज परियोजना वर्षों से अधूरी पड़ी थी और लगभग मृतप्राय स्थिति में पहुंच चुकी थी. लेकिन वर्तमान सरकार इस महत्वाकांक्षी योजना को पुनर्जीवित कर इसे हर हाल में पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है. उन्होंने स्पष्ट किया कि यह परियोजना सिर्फ एक निर्माण कार्य नहीं, बल्कि किसानों के भविष्य से जुड़ी हुई है.

तीन वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य

मंत्री ने सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता विजय कुमार भगत और कार्यपालक अभियंता जागेश्वर रजवार सहित अन्य अधिकारियों को निर्देश दिया कि परियोजना को तीन वर्षों के भीतर हर हाल में पूरा किया जाए. उन्होंने कहा कि कार्य में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और समयबद्ध तरीके से काम पूरा करना प्राथमिकता होनी चाहिए.

53 वर्षों से अधूरा था बराज निर्माण

1973 में एकीकृत बिहार के समय ही 41 करोड़ 67 लाख रुपये की लागत से इसकी स्वीकृति मिली थी. झारखंड राज्य गठन के बाद वर्ष 2003 में इस योजना की पुनरीक्षित प्रशासनिक स्वीकृति 341.10 करोड़ रुपये की दी गई. इसके बावजूद वर्षों तक कार्य अधूरा ही पड़ा रहा. मार्च 2022 तक कुल 317.78 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके थे., लेकिन मुख्य नहर का लगभग 60 प्रतिशत और वितरणी का 90 प्रतिशत कार्य अधूरा रह गया था.

26,990 हेक्टेयर भूमि होगी सिंचित

इस परियोजना के तहत कुल 41.5 किलोमीटर लंबी नहर का निर्माण होना है. अमानत बराज के पूर्ण होने से पांकी, तरहसी पाटन के सहदेवा गावं के 26990 हेक्टेयर भूमि सिंचित होगी. इससे किसानों के चेहरे पर खुशहाली और खेतों में हरियाली लौटेगी. किसान अब मानसून पर निर्भर रहना नहीं पड़ेगा. नहर से सीधे उनके खेतों तक पानी पहुंचेगी. जिससे कृषि उपज बढ़ेगी. साथ ही, वे समय पर खेती बारी कर कम लागत में अधिक उत्पादन प्राप्त कर सकेंगे.

किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ

परियोजना के पूरा होने के बाद क्षेत्र के किसानों को सिंचाई के लिए बड़ी राहत मिलेगी. करीब 400 किलोमीटर पाइपलाइन और 800 आउटलेट के माध्यम से 74 गांवों के लगभग 26,990 हेक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी. प्रत्येक आउटलेट से पांच से आठ हेक्टेयर भूमि की सिंचाई सुनिश्चित की जाएगी. इससे खरीफ और रबी दोनों फसलों के उत्पादन में वृद्धि होने की संभावना है.

नई तकनीक से दूर होगी जमीन अधिग्रहण की समस्या

मंत्री ने बताया कि पहले जमीन अधिग्रहण इस परियोजना में सबसे बड़ी बाधा थी. अब नई तकनीक के माध्यम से पाइपलाइन बिछाकर सीधे खेतों तक पानी पहुंचाया जाएगा, जिससे जमीन अधिग्रहण की समस्या काफी हद तक कम हो जाएगी.

जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की मौजूदगी

निरीक्षण के दौरान कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे. इनमें दीनानाथ तिवारी, दयानंद सिंह, भोला सिंह, पांकी प्रमुख पंचम प्रसाद, उप प्रमुख अमित कुमार सिंह, जिप सदस्य खुशबु कुमारी, मुखिया राजेंद्र पांडेय समेत अन्य लोग शामिल थे. सभी ने इस परियोजना को जल्द पूरा कराने पर जोर दिया.

इसे भी पढ़ें: गर्मी के मौसम में दुमका के रानीश्वर में नहीं कटेगी बिजली, विधायक ने पदाधिकारियों को दिए निर्देश

किसानों के लिए नई उम्मीद

अमानत नहर परियोजना के पूरा होने से पलामू जिले के किसानों के लिए सिंचाई की समस्या का स्थायी समाधान मिलने की उम्मीद है. यह योजना क्षेत्र के कृषि विकास में मील का पत्थर साबित हो सकती है और किसानों की आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी.

इसे भी पढ़ें: नारायणपुर में पेयजल पखवाड़ा में खुली लापरवाही, खराब चापाकल और जलमीनारों की होगी मरम्मत

विज्ञापन
KumarVishwat Sen

लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola