छह साल से अधूरा पड़ा है 44 करोड़ की लागत से बननेवाला डोमनी बराज

Updated at : 23 Apr 2019 12:58 AM (IST)
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छह साल से अधूरा पड़ा है 44 करोड़ की लागत से बननेवाला डोमनी बराज

खरौंधी : प्रखंड में प्रस्तावित एक मात्र वृहद सिंचाई परियोजना डोमनी बराज का पिछले पांच दशक से यहां के किसानों का सपना बना हुआ. इसके निर्माण कार्य की मांग विगत पांच दशक से यहां के किसान कर रहे हैं. लेकिन सरकारी व प्रशासनिक शिथिलता के कारण यह सिंचाई परियोजना अब तक धरातल पर नहीं उतर […]

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खरौंधी : प्रखंड में प्रस्तावित एक मात्र वृहद सिंचाई परियोजना डोमनी बराज का पिछले पांच दशक से यहां के किसानों का सपना बना हुआ. इसके निर्माण कार्य की मांग विगत पांच दशक से यहां के किसान कर रहे हैं.
लेकिन सरकारी व प्रशासनिक शिथिलता के कारण यह सिंचाई परियोजना अब तक धरातल पर नहीं उतर सकी. इसके नाम से लगातार क्षेत्र के नेताओं ने भी खूब राजनीति की. निर्माण कार्य की स्वीकृति मिलने के बावजूद निर्माण कार्य बाधित हो गया.
निर्माण कार्य का श्रेय किसी को ना मिल जाये. इसको लेकर राजनीतिक दांव पेंच मे डोमनी बराज का निर्माण कार्य मे नये जनप्रतिनिधियों द्वारा कोई रुचि नहीं दिखायी गयी. बराज के स्वीकृति दिलाने मे पूर्व विधायक अनंत प्रताप देव ने अथक प्रयास किया था, लेकिन उनकी विधायक पद से हटने के बाद निर्माण कार्य शिथिल पड़ गया.इसके निर्माण कार्य में वर्तमान सांसद व विधायक ने कोई रुचि नहीं दिखायी. इस सिंचाई परियोजना का नाम तो दूर-दूर तक है, लेकिन इसका दर्शन दुर्लभ है. इसके नाम पर प्रस्तावित स्थल पर एक शिलापट्ट अवश्य लगा दिया गया है.
इस संबंध में किसानों ने कहा कि सरकारी योजनाओं का राज्य में ऐसा ही हाल है. चुनाव आता है, तो नेताओं का डोमनी बराज का मुद्दा भाषणों में सुनायी देता है और चुनाव खत्म होते ही मुद्दा गायब हो जाता है़ चुनाव नजदीक है, तो लोगों को एकबार फिर सपने दिखाये जा रहे हैं. लेकिन किसानों के सपने तो सपने ही रह जाते हैं.
खरौंधी प्रखंड के डोमनी बराज के निर्माण कार्य के लिए शिलान्यास के छह साल गुजर गये हैं. जल संसाधन विभाग से लगभग 44 करोड़ की लागत से बनने वाली डोमनी बराज योजना का शिलान्यास 30 जुलाई 2013 को तत्कालीन केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री भारत सरकार जयराम रमेश, तत्कालीन पलामू सांसद कामेश्वर बैठा तथा तत्कालीन विधायक अनंत प्रताप देव के हाथों हुआ था.
डोमनी बराज निर्माण करने का कार्य संवेदक जार कंट्रक्शन पटना को दिया गया था. तत्पश्चात डोमनी बराज स्थल पर तत्कालीन विधायक अनंत प्रताप देव ने भूमि पूजन किया था. संवेदक द्वारा डोमनी बराज निर्माण के लिये स्थल पर लगभग 20 से 30 फीट गड्ढा खोद कर छोड़ दिया गया, जिसमें डोमनी बराज निर्माण के लिए खोदे गये गड्ढे में नावाडीह निवासी परमेश्वर यादव की 14 वर्षीय लड़की रेशमी कुमारी की मौत डूब कर हो चुकी है. इसमें मृतका बच्ची के परिजन को आज तक मुआवजा नहीं मिला.
इस संबंध में स्थानीय किसान सत्यनारायण यादव, रामनाथ पासवान, हीरा पासवान, सोमनाथ यादव, बाबुलाल पासवान, विगन पासवान, राजेंद्र ठाकुर ने कहा कि अगर डोमनी बराज का निर्माण कार्य पूर्ण हो जाता तो इसके पानी से खरौंधी, चंदनी, करीवाडीह, सिसरी, अंधरी, भागिडीह, सुंडी, राजी सहित अन्य गांव के लगभग छह से सात हजार एकड़ जमीन सिंचित होगी.
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