ePaper

TATA Motors Bonus: टाटा स्टील में बोनस समझौते के बाद टाटा मोटर्स में बढ़ी बेचैनी, जानें क्यों

Updated at : 18 Sep 2024 5:21 PM (IST)
विज्ञापन
TATA Motors Bonus News

TATA Motors Bonus News

TATA Motors Bonus: एक ओर टाटा स्टील की कंपनियों में धड़ाधड़ बोनस समझौते हो रहे हैं. वहीं टाटा मोटर्स में वार्ता फेल हो गई. कर्मचारियों में बेचैनी बढ़ गई है.

विज्ञापन

TATA Motors Bonus: टाटा स्टील और उससे जुड़ी कई अन्य कंपनियों में बोनस समझौते के बाद टाटा मोटर्स के कर्मचारियों में बेचैनी बढ़ गई है. टाटा मोटर्स प्रबंधन और यूनियन के बीच अभी तक बोनस समझौता नहीं हो पाया है. यूनियन ने प्रबंधन से 20 प्रतिशत बोनस की मांग की है. बुधवार को भी प्रबंधन के साथ यूनियन ने बैठक की, लेकिन अंतिम सहमति नहीं बन पाई.

टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन ने की 20 प्रतिशत बोनस की मांग

बुधवार को हुई बोनस समझौता वार्ता विफल हो गई. टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन ने प्रबंधन से 20 प्रतिशत बोनस देने की मांग की है, लेकिन प्रबंधन इतना बोनस देने को तैयार नहीं है. पिछली बार टाटा मोटर्स के कर्मचारियों को 11.5 प्रतिशत बोनस मिला था. टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन का कहना है कि कंपनी को इस बार अच्छा-खासा मुनाफा हुआ है. इसका लाभ कर्मचारियों को मिलना चाहिए.

2023 में कर्मचारियों को मिला था 11.5 प्रतिशत बोनस

टाटा मोटर्स में वर्ष 2023 में दुर्गा पूजा से पहले 11.5 प्रतिशत बोनस हुआ था. समझौते के तहत कर्मचारियों को औसतन 43500 रुपए बोनस के रूप में मिले थे. अधिकतम राशि 57900 रुपए और न्यूनतम 43000 रुपए थी. वर्ष 2022 में टाटा मोटर्स में 10.67 प्रतिशत बोनस और जमशेदपुर स्थित टाटा मोटर्स के प्लांट में कार्यरत 201 बाई सिक्स कर्मियों का स्थायीकरण किया गया था. कर्मियों को औसतन 38,200 रुपए और 51,500 रुपए बोनस मिले थे.

2005 तक मिलता था एकमुश्त सीलिंग बोनस

टाटा मोटर्स में वर्ष 2005 तक कर्मचारियों को एकमुश्त सीलिंग में बोनस (एकमुश्त राशि जो सभी ग्रेड के कर्मियों के लिए एक समान थी) मिलता था. उस समय कंपनी की मान्यताप्राप्त यूनियन टेल्को वर्कर्स यूनियन थी और महामंत्री दिवंगत मजदूर नेता गोपेश्वर थे. उन्होंने वर्षों से चली आ रही परंपरा को पहली बार वर्ष 2006 में तोड़ा और कर्मचारियों को 17.9 प्रतिशत बोनस दिलवाया.

टाटा मोटर्स में बोनस का इतिहास

वित्तीय वर्षप्रतिशतन्यूनतम राशिअधिकतम राशिबाईसिक्स कर्मी स्थायी
2015–1612.0016,20033,150250
2016–1710.0017,89336,018301
2017–1812.2023,23146,321305
2018–1912.9019,00049,000306
2019–2010.0032,90046,001221
2020–2110.6038,20050,200281
2021–2210.6738,20051,500201
2022-2311.5043,00057,900355

Also Read

TATA Bonus: जमशेदपुर में हो रही धनवर्षा, टीएसडीपीएल में 3.74 करोड़ का बोनस समझौता

टाटा स्टील में हो गया समझौता, 4 लाख रुपए तक मिलेगा बोनस, 13 को अकाउंट में आएंगे पैसे

TATA Steel Bonus Announced: टाटा स्टील के कर्मचारियों के लिए खुशखबरी, 17.89 प्रतिशत मिलेगा बोनस

विज्ञापन
Mithilesh Jha

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola