Deepfake और AI के दौर में कैसे रहें सुरक्षित? गुमला में साइबर सुरक्षा कार्यशाला के जरिये किया गया जागरूक
कार्यशाला में उपस्थित लोग, Pic Credit- Prabhat Khabar
Safer Internet Day Gumla: गुमला एनआईसी में ‘सुरक्षित इंटरनेट दिवस’ पर साइबर सुरक्षा कार्यशाला आयोजित किया गया. एआई (AI), डीपफेक और सोशल इंजीनियरिंग जैसे आधुनिक खतरों से बचने के लिए विशेषज्ञों ने दिये सुझाव. टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन और हेल्पलाइन 1930 के महत्व पर दिया गया जोर.
Safer Internet Day Gumla, गुमला : राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआईसी), गुमला के कार्यालय में मंगलवार को ‘सुरक्षित इंटरनेट दिवस’ के अवसर पर साइबर सुरक्षा को लेकर जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला सूचना विज्ञान अधिकारी (डीआईओ) राधे गोविंद ठाकुर ने की. कार्यशाला का उद्देश्य डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों के प्रति अधिकारियों और आम नागरिकों को जागरूक करना था.
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एआई, डीपफेक और सोशल इंजीनियरिंग से बढ़ा खतरा
कार्यशाला में मुख्य वक्ता के रूप में डीआरएम (एनआईसी, गुमला) रामानंद महाराज ने पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से वर्तमान समय में इंटरनेट से जुड़े खतरों की जानकारी दी. उन्होंने बताया कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डीपफेक तकनीक और सोशल इंजीनियरिंग के जरिये साइबर अपराधी लोगों को ठग रहे हैं. इससे बचाव के लिए तकनीकी जानकारी के साथ-साथ सतर्कता बेहद जरूरी है.
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ग्रामीण क्षेत्रों तक जागरूकता पहुंचाने पर जोर
कार्यक्रम में उपस्थित साइबर सुरक्षा सेल के हेड निखिल आनंद ने साइबर अपराध की रोकथाम में पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के साथ समन्वय को अहम बताया. वहीं सीएससी स्टेट हेड शंभू कुमार ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रज्ञा केंद्रों के माध्यम से साइबर सुरक्षा संबंधी जानकारी आम लोगों तक पहुंचायी जाएगी.
गोपनीयता और मजबूत पासवर्ड पर दिया गया जोर
डीआईओ राधे गोविंद ठाकुर ने अपने संबोधन में कहा कि इंटरनेट का उपयोग करते समय गोपनीयता सर्वोपरि है. नागरिकों को मजबूत पासवर्ड, टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2एफए) जैसे सुरक्षा फीचर्स का अनिवार्य रूप से उपयोग करना चाहिए.
साइबर हेल्पलाइन के प्रचार का लिया संकल्प
कार्यक्रम के दौरान साइबर अपराध की त्वरित शिकायत के लिए हेल्पलाइन नंबर 1930 और पोर्टल www.cybercrime.gov.in के व्यापक प्रचार-प्रसार का संकल्प लिया गया, ताकि किसी भी साइबर ठगी या अपराध की सूचना तुरंत दी जा सके.
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