झारखंड में वेतन संकट: चुनाव ड्यूटी पर गए सचिव, 12 विभागों के कर्मियों की अटकी सैलरी
Published by : Sameer Oraon Updated At : 16 Apr 2026 8:43 PM
झारखंड में 12 विभागों के कर्मियों की अटकी सैलरी
Jharkhand Salary Crisis: झारखंड में हजारों सरकारी कर्मचारियों की जेब खाली है! चुनाव ड्यूटी में सचिवों की व्यस्तता और कुबेर पोर्टल की तकनीकी खराबी के कारण 12 प्रमुख विभागों में अब तक वेतन का भुगतान नहीं हो सका है. हालांकि शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग के लिए राहत भरी खबर है, लेकिन अन्य विभागों के कर्मियों को अभी लंबा इंतजार करना पड़ सकता है. जानिए आखिर कहाँ फंसा है पेंच और कब तक आएगी सैलरी. पढ़ें, विशेष रिपोर्ट
Jharkhand Salary Crisis, रांची (विवेक चंद्रा की रिपोर्ट): झारखंड में आईएएस अधिकारियों की चुनाव ड्यूटी के कारण कई विभागों के कर्मचारियों का वेतन भुगतान बुरी तरह प्रभावित हो गया है. दरअसल उत्पाद, वन, कृषि, खाद्य आपूर्ति, कल्याण, ऊर्जा और ग्रामीण विकास समेत करीब 12 विभागों के सचिव मार्च के अंत या अप्रैल की शुरुआत से ही चुनावी कार्यों में व्यस्त हैं. नियमों के अनुसार, सचिवों की अनुपस्थिति में वेतन मद में राशि का आवंटन समय पर जारी नहीं हो सका, जिससे कर्मचारियों की सैलरी लंबित हो गई है.
कुबेर पोर्टल की तकनीकी खराबी ने बढ़ाई मुश्किल
वेतन भुगतान में देरी की एक बड़ी वजह राज्य सरकार का ‘कुबेर पोर्टल’ भी है. वित्तीय वर्ष की समाप्ति (Year Ending) और नए वर्ष की शुरुआत के दौरान पोर्टल पर लोड बढ़ने के कारण तकनीकी समस्याएं उत्पन्न हो गईं. पोर्टल सुचारु रूप से काम नहीं करने की वजह से विभाग समय पर फंड का आवंटन नहीं कर पाए, जिसका सीधा असर निचले स्तर के कर्मियों के भुगतान पर पड़ा है.
शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग के लिए राहत
इधर कुछ विभागों से अच्छी खबर भी सामने आई है. वित्त विभाग के निर्देशानुसार शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग ने वेतन मद में आवंटन जारी कर दिया है. ट्रेजरी ने आवश्यक जांच के बाद भुगतान की प्रक्रिया शुरू कर दी है और गुरुवार से इन विभागों के कर्मचारियों के बैंक खातों में वेतन की राशि पहुंचने लगी है.
बाकी विभागों को करना होगा लंबा इंतजार
जिन विभागों के सचिव फिलहाल चुनाव ड्यूटी पर हैं और जहां से अब तक आवंटन प्राप्त नहीं हुआ है, वहां के कर्मचारियों की मुश्किलें कम होती नहीं दिख रहीं. विभागीय सूत्रों के अनुसार, इन कर्मियों को वेतन के लिए संबंधित सचिवों के ड्यूटी से वापस लौटने तक का इंतजार करना पड़ सकता है. वर्तमान परिस्थितियों में बड़ी संख्या में कर्मचारी आर्थिक तंगी का सामना करने को मजबूर हैं.
Also Read: राष्ट्रीय कमेटी में पूर्णिमा साहू: ज्योतिबा फुले के संदेश को घर-घर पहुंचाएगी जमशेदपुर की विधायक
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Sameer Oraon
समीर उरांव, डिजिटल मीडिया में सीनियर जर्नलिस्ट हैं और वर्तमान में प्रभात खबर.कॉम में सीनियर कटेंट राइटर के पद पर हैं. झारखंड, लाइफ स्टाइल और स्पोर्ट्स जगत की खबरों के अनुभवी लेखक समीर को न्यूज वर्ल्ड में 5 साल से ज्यादा का वर्क एक्सपीरियंस है. वह खबरों की नब्ज पकड़कर आसान शब्दों में रीडर्स तक पहुंचाना बखूबी जानते हैं. साल 2019 में बतौर भारतीय जनसंचार संस्थान से पत्रकारिता करने के बाद उन्होंने हिंदी खबर चैनल में बतौर इंटर्न अपना करियर शुरू किया. इसके बाद समीर ने डेली हंट से होते हुए प्रभात खबर जा पहुंचे. जहां उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग और वैल्यू ऐडेड आर्टिकल्स लिखे, जो रीडर्स के लिए उपयोगी है. कई साल के अनुभव से समीर पाठकों की जिज्ञासाओं का ध्यान रखते हुए SEO-ऑप्टिमाइज्ड, डेटा ड्रिवन और मल्टीपल एंगल्स पर रीडर्स फर्स्ट अप्रोच राइटिंग कर रहे हैं.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










