भारत सरकार की मदद से कैमरून में फंसे 17 प्रवासी मजदूर आज लौट रहे घर, परिजनों में खुशी की लहर

कैमरून में फंसे झारखंड के प्रवासी श्रमिक. फोटो : प्रभात खबर
Migrant Laborer News: झारखंड के 19 प्रवासी श्रमिकों को भारत सरकार की मदद मिली है. कैमरून में फंसे इन श्रमिकों की स्वदेश वापसी का रास्ता साफ हो गया है. हजारीबाग और बोकारो जिले के रहने वाले 17 प्रवासी श्रमिक आज यानी शनिवार 23 अगस्त को स्वदेश लौट रहे हैं. बाकी बचे 2 श्रमिक 26 अगस्त को अपने वतन लौटेंगे. परेशानी में फंसे इन श्रमिकों की वापसी से उनके घरों में खुशी का माहौल है.
Table of Contents
Migrant Laborer News| ललपनिया (बोकारो), नागेश्वर : दक्षिण अफ्रीका के कैमरून में फंसे झारखंड के सभी 19 प्रवासी मजदूरों के वेतन का भुगतान हो गया है. 17 मजदूरों की शनिवार को वतन वापसी हो रही है. 3-4 माह से वेतन नहीं मिलने की वजह से ये लोग परेशान थे. खाने-पीने की किल्लत हो गयी थी. इसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया में डाला था. इसके बाद भारत सरकार हरकत में आयी. भारतीय दूतावास की मदद से झारखंड के बोकारो और हजारीबाग जिले से कैमरून गये 19 मजदूरों के बकाया वेतन और वतन वापसी पर संबंधित कंपनी और मजदूरों के बीच वार्ता हुई. बकाया वेतन मिलने के साथ उनकी वतन वापसी का भी रास्ता साफ हो गया.
प्रवासी मजदूरों की घर वापसी की खबर सुन परिजन खुश
प्रवासी मजदूर अपने घर लौट रहे हैं, यह सुनकर उनके परिवार के लोगों में खुशी का माहौल है. परिजनों ने मदद करने के लिए भारत सरकार के साथ-साथ मीडिया के लोगों और प्रवासी मजदूरों के हित में काम करने वाले समाजसेवी सिकंदर अली के प्रति आभार जताया है.
Migrant Laborer News: बोकारो और हजारीबाग से 19 लोग गये थे कैमरून
बोकारो और हजारीबाग के 19 मजदूर काम करने कैमरून गये थे. ट्रांसरेल लाइटिंग लिमिटेड कंपनी में काम करने के दौरान 11 मजदूरों को 3 महीने और 8 मजदूरों को 2 महीने से वेतन नहीं दिया गया था. इस वजह से सभी को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था.
झारखंड की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
सोशल मीडिया पर मजदूरों ने लगायी थी मदद की गुहार
इसलिए सभी मजदूरों ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर वतन वापसी की गुहार लगायी. इसके बाद सरकार ने सक्रियता दिखाते हुए सभी मजदूरों की वतन वापसी करायी. इसमें बोकारो (गोमिया) के
प्रेम टुडू (चिलगो), सिबोन टुडू (चिलगो), सोमर बेसरा (करी खुर्द), पुराण टुडू (करी खुर्द), रामजी हांसदा (बड़की सिधाबारा), विरवा हांसदा (बड़की सिधाबारा) और महेंद्र हांसदा (बड़की सिधाबारा) शामिल हैं.
26 अगस्त को लौटेंगे फूलचंद मुर्मू और बबलू सोरेन
हजारीबाग (विष्णुगढ़) के आघनू सोरेन (भेलवारा), अशोक सोरेन (खरकी), चेतलाल सोरेन (खरकी), महेश मरांडी (खरकी), रामजी मरांडी (खरकी), लालचंद मुर्मू (खरकी), बुधन मुर्मू (नरकी), जिबलाल मांझी (चानो), हजारीबाग (टाटीझरिया), छोटन बासके (टाटीझरिया), राजेंद्र किस्कू (टाटीझरिया) और हजारीबाग जिले के विष्णुगढ़ थाना क्षेत्र के नरकी के फूलचंद मुर्मू और बोकारो जिले के नावाडीह थाना क्षेत्र के पोखरिया के बबलू सोरेन की 26 अगस्त को वतन वापसी होगी.
इसे भी पढ़ें
महिला जज के ट्रांसफर मामले में झारखंड हाईकोर्ट को सुप्रीम कोर्ट ने दी ये नसीहत
Weather Forecast: 23, 24 और 25 अगस्त को झारखंड में होगी बहुत भारी वर्षा, IMD का अलर्ट
उम्रकैद की सजा काट रहे झारखंड के 51 कैदियों के लिए खुशखबरी, जल्द होंगे रिहा
प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी
लेखक के बारे में
By Mithilesh Jha
मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




