Supaul news : सरकारी स्कूल से लाभ, तो प्राइवेट स्कूल में पढ़ाई

Supaul news : जिले में 10 हजार से अधिक विद्यार्थी प्राइवेट व सरकारी दोनों स्कूलों में हैं नामांकित
Supaul news : सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए अभिभावक अपने बच्चों का सरकारी स्कूलों में नामांकन कराकर प्राइवेट स्कूलों में पढ़ाने में अधिक दिलचस्पी दिखाते हैं. पर, अब ई शिक्षा कोष पर आधार अपडेट करने के बाद इसकी पोल खुलने लगी है. बताया जा रहा है कि सुपौल जिले में 10 हजार 451 ऐसे छात्र सामने आए हैं, जिनका प्राइवेट और सरकारी दोनों स्कूलों में नामांकन है. ऐसे छात्रों को सरकारी स्कूल से नियमित योजनाओं का लाभ भी मिल रहा है. विभाग की मानें, तो एक छात्र का प्राइवेट या सरकारी किसी एक ही स्कूल में नामांकन हो सकता है. इसके लिए ई-शिक्षा कोष पर छात्र का प्रोफाइल तैयार किया गया है. इसमें आधार अपडेट होने के बाद दो-दो स्कूल में नामांकन का मामला सामने आया है. हालांकि विभाग की ओर से फिलहाल इसको लेकर कोई मार्गदर्शन जारी नहीं किया गया है. बताया जा रहा है कि विभागीय निर्देश के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी. जानकार बताते हैं कि विभाग से निर्देश मिलने के बाद ऐसे छात्रों का एक किसी एक ही जगह नामांकन रहेगा.
ऑप्शन के लिए दो-दो स्कूलों में कराते हैं नामांकन
ऑप्शन और योजनाओं के लाभ के लिए अभिभावकों द्वारा बच्चों का सरकारी व प्राइवेट दोनों में नामांकन कराया जाता है. विभागीय सूत्रों की मानें, तो सरकारी स्कूलों में योजनाओं का लाभ के लिए और निजी स्कूलों में बेहतर पढ़ाई के लिए नामांकन कराया जाता है. इसमें कई अभिभावक तो खुद कहीं न कहीं सरकारी स्कूल में शिक्षक हैं. इसके अलावा अधिकतर छात्र नवोदय, सैनिक स्कूल जैसी प्रवेश परीक्षा के लिए भी सरकारी स्कूलों में नामांकन ले रखे हैं. पर, पढ़ाई निजी स्कूलों में कर रहे हैं. पर, अब स्टूडेंट प्रोफाइल अपडेट होने के बाद इसकी पोल खुलने लगी है.
स्कूलों में एचएम करते हैं पद का दुरुपयोग
सरकारी व प्राइवेट दोनों स्कूलों में नामांकन को लेकर अभिभावकों के साथ कई एचएम भी बराबर के जिम्मेदार हैं. सूत्रों की मानें तो हाल फिलहाल तक पहचान और अवैध कमाई के लिए सरकारी स्कूलों में छात्रों को स्कूल आये बिना उपस्थिति बना दी जाती थी. कई बार तो जिले में फर्जी टीसी काटने का भी मामला सामने आ चुका है. पर, अब विभागीय सख्ती के बाद ऐसे लोगों पर अंकुश लग रहा है.
विभाग से की जा रही चर्चा : डीपीओ
डीपीओ एसएसए प्रवीण कुमार ने बताया कि लगभग आठ हजार छात्रों का दो-दो स्कूलों में नामांकन का मामला सामने आया है. विभाग से इसपर चर्चा की जा रही है. विभागीय आदेश के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी.
पूरे राज्य में सवा तीन लाख विद्यार्थी हैं दो जगह नामांकित
विभागीय सूत्रों के अनुसार ई-शिक्षा कोष पर आधार अपडेट का काम पूरा होने के बाद राज्यभर में 03 लाख 25 हजार 628 विद्यार्थियों का दो-दो स्कूलों में नामांकन होने की बात सामने आ रही है.
प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी
लेखक के बारे में
By Sharat Chandra Tripathi
Sharat Chandra Tripathi is a contributor at Prabhat Khabar.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




