शेखपुरा में दवा की ऑनलाइन बिक्री के खिलाफ सभी मेडिकल दुकानें बंद, मरीजों को हो रही परेशानी

Published by : Vivek Singh Updated At : 20 May 2026 7:51 AM

विज्ञापन

सांकेतिक तस्वीर

Bihar News: शेखपुरा में दवा की ऑनलाइन बिक्री किये जाने के खिलाफ ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट के आह्वान पर जिले की सभी मेडिकल दुकानें बंद हैं. दवा दुकानों के बंद होने से जरूरत मंद मरीजों को दवा नहीं मिल पा रही है.

विज्ञापन

Bihar News🙁सत्येंद्र कुमार)शेखपुरा में दवा की ऑनलाइन बिक्री किये जाने के खिलाफ ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट के आह्वान पर जिले की सभी मेडिकल दुकानें बंद हैं. दवा दुकानों के बंद होने से जरूरत मंद मरीजों को दवा नहीं मिल पा रही है.

जिसके कारण मरीजों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.शहर की सभी दवा दुकानों में अहले सुबह से शटर गिरा और ताला लटका नजर आया. दवा की खरीद के लिए मरीज इधर से उधर भटकते नजर आए . लेकिन ,सभी दवा दुकानों के बंद रहने के कारण उन्हें कहीं से भी दवा नहीं मिल पा रही है.

औषधि विक्रेता संगठन के पदाधिकारी का क्या कहना है?

इस संबंध में शेखपुरा जिला दवा विक्रेता संघ के जिला सचिव राजनीति शर्मा ने कहा कि ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट के आह्वान पर देश के 12.50 लाख दवा दुकानदारों ने 20 मई को अपनी दवा दुकानों को बंद रखने का निर्णय लिया था. इसी को लेकर जिले के दवा दुकानदार भी हड़ताल पर हैं.

ऑन लाइन दवा बिक्री के लिए कोई कानून नहीं

ऑन लाइन दवा बिक्री से मरीजों की सुरक्षा,दवा नियंत्रण व्यवस्था और दवा दुकानदारों के रोजगार पर गंभीर संकट उत्पन्न होने के विरोध में दवा दुकानदार आंदोलन की राह पर हैं और इसके विरोध में दवा दुकानों को एक दिन पूरे देश में बंद रखा गया है.

उन्होंने कहा कि ऑन लाइन से कई प्रतिबंधित दवाओं को आसानी से मंगाकर लोग उसका प्रयोग कर सकते हैं. जबकि,दवा दुकानदारों को डॉक्टर की पर्ची के बिना दवा मिल मिल सकती है.उसका रजिस्टर भी मेंटेन करना होता है.

ऑनलाइन दवा बिक्री में छूट नियमों के विपरीत

संगठन के पदाधिकारी अभय कुमार ने कहा कि सरकार ने हॉल सेल बिक्री के लिए 10 प्रतिशत और रिटेल के लिए 20 प्रतिशत की राशि कमीशन के तौर पर निर्धारित कर रखा है. फिर ऑन लाइन दवा बिक्री करने वालों के द्वारा 30 से 40 प्रतिशत तक की छूट किस तरह दी जा रही है.

दोनों में एकरूपता होना चाहिए दोनों के लिए सामान नियम बनाए जाने चाहिए. जबकि, ऑन लाइन दवा की बिक्री से स्थायीय दुकानदारों का कारोबार प्रभावित होगा जिससे देश में रोजगार का संकट बढ़ेगा.इन्हीं मुद्दों को लेकर दवा दुकानदार आंदोलन पर हैं और आज दवा दुकानों को बंद रखकर विरोध जता रहे हैं.

Also Read: नवादा के राष्ट्रपति से सम्मानित ग्रामीण चिकित्सक जगदीश शर्मा का निधन, जड़ी बूटी से करते थे निःशुल्क इलाज

विज्ञापन
Vivek Singh

लेखक के बारे में

By Vivek Singh

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन