ePaper

न्याय का सुलभ माध्यम है राष्ट्रीय लोक अदालत : जिला जज

Updated at : 10 May 2025 6:53 PM (IST)
विज्ञापन
न्याय का सुलभ माध्यम है राष्ट्रीय लोक अदालत : जिला जज

Sasaram news. लोक अदालत जनता की अदालत है. इसलिए सभी अधिकारी विशेष रूप से बैंक के लोगों की आकांक्षा के अनुरूप उनके मामलों को निर्णीत करते हैं. इससे न्यायिक प्रक्रिया में लोगों का विश्वास जायेगा और सामाजिक समरसता आयेगी.

विज्ञापन

विशेष पहल. सासाराम व्यवहार न्यायालय में लगी राष्ट्रीय लोक अदालत

सासाराम व्यवहार न्यायालय सहित तीनों अनुमंडलों में आयोजित हुई राष्ट्रीय लोक अदालत, सूलहनीय वादों का हुआ निबटारा

फोटो-22- राष्ट्रीय लोक अदालत का दीप प्रज्वलित कर उद्घाटन करते जिला जज, डीएम, एसपी व अन्य.

प्रतिनिधि, सासाराम ग्रामीणलोक अदालत जनता की अदालत है. इसलिए सभी अधिकारी विशेष रूप से बैंक के लोगों की आकांक्षा के अनुरूप उनके मामलों को निर्णीत करते हैं. इससे न्यायिक प्रक्रिया में लोगों का विश्वास जायेगा और सामाजिक समरसता आयेगी. लोक अदालत न्याय का आसान माध्यम है. इसमें सुलह समझौते के तहत मामलों का निबटारा किया जाता है. ये बातें शनिवार को सासाराम व्यवहार न्यायालय में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत के उद्घाटन के दौरान जिला जज अनुज कुमार जैन ने कहीं. उन्होंने कहा कि न्यायालयों में प्रक्रिया के कारण लंबे समय तक मुकदमे चलते हैं, परंतु लोक अदालत में आपसी सुलह समझौते से स्थायी रूप से वादों का निपटारा होता है, इससे समय एवं धन की बचत होती है. इसके साथ लोक अदालत में अधिक मामले निस्तारित होने से पुलिस के कार्यों में सहूलियत होती है तथा वे बचे हुए समय एवं ऊर्जा का उपयोग अन्य कार्यों में किया जायेगा. यह अदालत सुलहनीय वादों के निष्पादन के लिए सबसे प्रभावशाली माध्यम है. यहां पक्षकारों को त्वरित और कम खर्च पर न्याय दिया जाता है. जिला विधिक सेवा प्राधिकार ने खास अदालत के जरिये लंबे समय तक चलने वाली कानूनी लड़ाई को समाप्त कर वादियों को राहत देने का काम किया है. इस अदालत में मामलों के निपटान के लिए लचीला रुख अख्तियार किया जाता है. इसके चलते अल्प समय में अल्प व्यय के साथ त्वरित न्याय मिलता है. इससे वे बार-बार कोर्ट जाने और मामले के लिए पूरे दिन आरक्षित करने की परेशानी से बच जाते हैं. राष्ट्रीय लोक अदालत में सुगम , सुलभ और सस्ता न्याय उपलब्ध है. वादों के निबटान में पक्षकारों की हार-जीत नहीं होती है. इसका फैसला अंतिम और चुनौती रहित है. मौके पर डीएम उदिता सिंह, एसपी रौशन कुमार, रोहतास बार एसोसिएशन के अध्यक्ष मुक्ति नारायण तिवारी,रोहतास जिला विधिज्ञ संघ के अध्यक्ष जगदंबा सिंह एवं विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव कुमार कृष्णदेव न्यायिक पदाधिकारी मौजूद थे.

सासाराम में आठ बेंचों से 483 मामलों का हुआ निबटारा

जिले में तीन अनुमंडल में सासाराम व्यवहार न्यायालय में राष्ट्रीय लोक अदालत में करीब 483 मामलों का निबटारा हुआ. जिसके लिए आठ बेंच बनाये गये थे. जिसमें माप तौल, बैंकिंग, टेलीफोन, यातायात चालान,विद्युत व बैंक संबंधित करीब 2800 मामले आये थे. जिसमें 483 मामलों का निपटारा हुआ है. जिसमे 30365726 रुपये का सेटलमेंट हुआ.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
ANURAG SHARAN

लेखक के बारे में

By ANURAG SHARAN

ANURAG SHARAN is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन