अभिभावकों का पंजीकरण जारी, पर स्कूलों की ढिलाई से अटक सकता है नामांकन
विभाग ने चेताया, समय पर अपलोड नहीं करने वाले स्कूलों पर हो सकती है कार्रवाई31 जनवरी तक ऑनलाइन पंजीकरण चलेगा, 02 फरवरी तक पंजीकृत बच्चों का होगा सत्यापन
फोटो-19- जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालयप्रतिनिधि, सासाराम ऑफिस
शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 की धारा 12(1)(सी) के तहत निजी स्कूलों में कमजोर वर्ग और अलाभकारी समूह के बच्चों के नामांकन के लिए जारी प्रक्रिया में जिलेवार आंकड़े चिंताजनक तस्वीर पेश कर रहे हैं. ज्ञानदीप पोर्टल की रिपोर्ट के अनुसार, रोहतास जिले में स्वीकृत 392 निजी स्कूलों के मुकाबले अब तक मात्र 204 स्कूलों ने अपनी सीट इंटेक कॅपेसिटी अपडेट की है. इनमें से 179 स्कूलों की इंटेक कैपेसिटी डीइओ द्वारा स्वीकृत हो चुकी है, जबकि 25 स्कूलों की फाइल डीइओ स्तर पर लंबित है. सबसे गंभीर स्थिति उन 188 स्कूलों की है, जिन्होंने अब तक पोर्टल पर अपनी इंटेक कैपेसिटी अपलोड ही नहीं की है. इससे स्पष्ट है कि आरटीइ के तहत नामांकन प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है. यदि अन्य जिलों से तुलना करें, तो रोहतास की स्थिति और साफ दिखाई देती है.अपलोड नहीं करने से नामांकन हो सकता है बाधित
गया जिले में 607 स्वीकृत स्कूलों में से 305 ने इंटेक अपडेट किया है और 298 स्कूलों की डीइओ द्वारा स्वीकृति मिल चुकी है. पटना में 1333 में से 348 स्कूल सक्रिय हैं और 346 तक अप्रूवल हो चुका है. वैशाली में 292 एक्टिव स्कूलों में 285 स्वीकृत हैं. समस्तीपुर में 282 में से 267 स्कूलों को अनुमति मिल चुकी है. जबकि, रोहतास अब तक 204 पर ही अटका हुआ है. यह संकेत देता है कि जिले में तैयारी की रफ्तार धीमी है और समय पर अपलोड नहीं करने से बड़ी संख्या में बच्चों का नामांकन बाधित हो सकता है.जिले में अब तक 245 बच्चों के अभिभावकों ने कराया पंजीकरण
पंजीकरण के मामले में भी रोहतास औसत स्थिति में है. जिले में अब तक 245 बच्चों के अभिभावकों ने पंजीकरण कराया है. वहीं, गया 599, पटना 362, वैशाली 301, मुजफ्फरपुर 347, समस्तीपुर 200 और रोहतास 245 पर है. कई जिलों में पंजीकरण की संख्या तेजी से बढ़ रही है लेकिन, इंटेक अपडेट नहीं होने के कारण प्रक्रिया प्रभावित होने की आशंका बढ़ रही है. विभागीय सूचना के अनुसार, 31 जनवरी 2026 तक ऑनलाइन पंजीकरण चलेगा. 02 फरवरी तक पंजीकृत बच्चों का सत्यापन होगा. 06 फरवरी को सत्यापित बच्चों का ऑनलाइन स्कूल आवंटन किया जायेगा. इसके बाद 07 फरवरी से 21 फरवरी तक चयनित बच्चों का संबंधित निजी स्कूलों में नामांकन कराया जायेगा. विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन स्कूलों को बच्चे अलॉट किये जायेंगे, उन्हें हर हाल में नामांकन लेना होगा.क्या कहते हैं अधिकारी
डीपीओ सर्व शिक्षा अभियान रोहित रोशन ने बताया कि अब तक 245 बच्चों के अभिभावकों ने आवेदन किया है. सभी निजी स्कूलों को निर्देश दिया गया है कि समय पर इंटेक कॅपेसिटी अपलोड करें. आरटीइ के तहत नामांकित बच्चों के साथ किसी प्रकार का भेदभाव बर्दाश्त नहीं की जायेगी. वहीं, उन्होंने बच्चों के अभिभावकों से ज्यादा से ज्यादा आवेदन करने की अपील की है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

