ePaper

Chhapra News : मकर संक्रांति नजदीक आते ही बाजारों में गुड़, तिलकुट व चूड़ा से सजीं दुकानें

Updated at : 11 Jan 2025 9:30 PM (IST)
विज्ञापन
Chhapra News : मकर संक्रांति नजदीक आते ही बाजारों में गुड़, तिलकुट व चूड़ा से सजीं दुकानें

Chhapra News : मकर संक्रांति को लेकर छपरा के बाजारों में तैयारियां शुरू हो चुकीं हैं. शहर के साहेबगंज, पंकज सिनेमा रोड, भगवान बाजार, मौना चौक जैसे प्रमुख जगहों पर लाई, तिलकुट, चूड़ा और मीठा की सैकड़ों दुकानें सज गयी हैं.

विज्ञापन

छपरा. मकर संक्रांति को लेकर छपरा के बाजारों में तैयारियां शुरू हो चुकीं हैं. शहर के साहेबगंज, पंकज सिनेमा रोड, भगवान बाजार, मौना चौक जैसे प्रमुख जगहों पर लाई, तिलकुट, चूड़ा और मीठा की सैकड़ों दुकानें सज गयी हैं. जिससे बाजारों की रौनक बढ़ गयी है. वहीं इन दुकानों पर अभी से ही खरीदारी के लिए ग्राहकों की भीड़ नजर आ रही है.

मकर संक्रांति को लेकर शहर के मौना चौक पर गुड़ और चूड़ा की दर्जनों दुकानें सड़क सज गयी हैं. सुबह आठ बजे से ही लोग संक्रांति के लिए गुड़ और चूड़ा खरीद रहे हैं. मौना चौक और सरकारी बाजार के अधिकतर दुकानों के सामने आजकल सिर्फ चूड़ा और गुड़ की ही बिक्री हो रही है. वहीं काले और सफेद तिल व तिलकुट के बिक्री में भी काफी तेजी आई है.

पंकज सिनेमा रोड में सजी कई दुकानें

शहर के पंकज सिनेमा रोड में भी लाई और तिलकुट की दर्जनों दुकाने लगायी गयी हैं. इन दुकानों पर तैयार किया हुआ तिलकुट, लाई और अन्य चीजे उपलब्ध है. लोगों में बढ़ती व्यस्तता और भागदौड़ भरी जिंदगी के कारण अब घरों में लाई और तिल का लड्डू बनाने की परंपरा धीरे-धीरे कम होते जा रही है जिस कारण अधिकतर लोग अब इन्ही दुकानों पर निर्भर हो गये हैं.

14 जनवरी को मनेगा मकर संक्रांति का त्योहार

14 जनवरी को मकर संक्रांति का त्योहार मनेगा. इस त्योहार का जितना धार्मिक महत्व है उतना ही वैज्ञानिक महत्व भी है. आचार्य धीरज शास्त्री ने बताया कि धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने पर ही मकर संक्रांति योग बनता है. इस दिन सूर्य मकर राशि में प्रवेश करता है. महान शास्त्रज्ञ ऋषियों का कहना है कि इस दिन किया गया दान पुण्य और अनुष्ठान अभीष्ट फल देने वाला होता है. सनातन धर्म में मकर संक्रांति को मोक्ष की सीढ़ी बताया गया है. मान्यता है कि इसी तिथि पर भीष्म पितामह को मोक्ष की प्राप्ति हुई थी. इसके साथ ही सूर्य दक्षिणायण से उत्तरायण हो जाते हैं. जिस कारण से खरमास समाप्त हो जाता है. प्रयाग में कल्पवास भी मकर संक्रांति से शुरू होता है. इस दिन को सुख और समृद्धि का दिन माना जाता है. शनि की प्रिय वस्तुओं के दान से बरसती है कृपा धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सूर्य देव जब मकर राशि में आते हैं तो शनि की प्रिय वस्तुओं के दान से भक्तों पर सूर्य की कृपा बरसती है. इस कारण मकर संक्रांति के दिन तिल निर्मित वस्तुओं का दान शनिदेव की विशेष कृपा को घर परिवार में लाता है. आइए जानते हैं कि इस दिन राशि अनुसार किस चीज का दान करने से व्यक्ति को पुण्य फल की प्राप्ति के साथ उसका 100 गुना वापस मिलता है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन