चोरों की गिरफ्तारी से खुले कई राज

Published at :10 Feb 2015 8:11 AM (IST)
विज्ञापन
चोरों की गिरफ्तारी से खुले कई राज

पकड़े गये तीनों अपराधी यूपी के बलिया जिले के इस गिरोह में शामिल हैं बिहार के भी कई अपराधी संभावित ठिकानों पर हो रही है छापेमारी छपरा (सारण) : एक दशक के अंदर विभिन्न मठ-मंदिरोंसे अष्टधातु की मूर्तियों की हुई चोरी के मामले में पुलिस को कई महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं. मांझी थाना क्षेत्र के […]

विज्ञापन
पकड़े गये तीनों अपराधी यूपी के बलिया जिले के
इस गिरोह में शामिल हैं बिहार के भी कई अपराधी
संभावित ठिकानों पर हो रही है छापेमारी
छपरा (सारण) : एक दशक के अंदर विभिन्न मठ-मंदिरोंसे अष्टधातु की मूर्तियों की हुई चोरी के मामले में पुलिस को कई महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं. मांझी थाना क्षेत्र के फतेहपुर सरैया से दो वर्ष पहले चुरायी गयी मूर्ति की बरामदगी हुई. वहीं तीन अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है. पकड़े गये तीनों अपराधी उत्तरप्रदेश के बलिया जिले के रहनेवाले हैं. इस गिरोह में बिहार के भी कई अपराधी संलिप्त हैं. मूर्ति चोर गिरोह में संलिप्त बिहार के अपराधियों की भी पहचान कर ली गयी है. अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है.
मूर्तियों को चुरा कर नेपाल में बेचा :जिले के विभिन्न मठ मंदिरों से चुरायी गयी मूर्तियों को अपराधियों द्वारा नेपाल में ले जाकर बेचा जाता था. पकड़े गये अपराधियों ने स्वीकार किया है कि अष्टधातु की बनी मूर्तियों को नेपाल में बेचा जाता है. पहले मूर्ति के किसी भाग को तोड़ कर उसकी जांच करायी जाती है और जांचोंपरांत उसके वजन के आधार पर मूल्यांकन होता है. मूल्य का आकलन होने के बाद ही मूर्तियों को तस्करों के हाथों सौंपा जाता है.
सभी का बंटा है कार्य :मूर्ति चुराने वाले गिरोह में शामिल अपराधियों का कार्य बंटा हुआ है. सभी की अलग-अलग जिम्मेवारी है. सबसे पहले चुरायी जानेवाली मूर्ति की पहचान की जाती है और उसकी कीमत का आकलन होता है. फिर चोरी की योजना बनायी जाती है. चुरानेवाले गिरोह के सरगना द्वारा बताये गये स्थान पर मूर्ति को पहुंचा देता है. फिर वहां से दूसरा व्यक्ति उस स्थान पर पहुंचाता है, जहां मूर्ति को बेचना रहता है.
क्या है एसपी का निर्देश :जिले में शायद ही कोई ऐसा मठ-मंदिर है, जिसमें चोरी की घटना नहीं हुई हो. तीन चार दशक के अंदर कई मठ-मंदिरों से अष्टधातु की कीमती मूर्तियों की चोरी हो चुकी है. मंदिरों के दान-पात्र की चोरी और मूर्तियों के आभूषण की चोरी आम बात है. इस पर काबू पाने के लिए नये पुलिस अधीक्षक सत्यवीर सिंह ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है. इसके लिए एसपी ने सभी थानाध्यक्षों को आवश्यक दिशा निर्देश दिया है. मठ-मंदिरों की सुरक्षा के लिए पुलिस ने कार्रवाई भी शुरू की.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन