टोल प्लाजा के पास चल रहा अवैध बालू कारोबार, जांच की मांग

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टोल प्लाजा के पास चल रहा अवैध बालू कारोबार, जांच की मांग

अवैध बालू लदे ट्रक

Saharsa news: ग्रामीणों के अनुसार इस कारोबार से जुड़े कई ट्रांसपोर्ट एवं स्टॉक प्वाइंट बिना सरकारी निबंधन और आवश्यक दस्तावेजों के संचालित किए जा रहे हैं, जिससे सरकार को प्रतिदिन लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है. लोगों का कहना है कि टोल प्लाजा के आसपास बड़े पैमाने पर बालू का भंडारण किया गया है और यहां दिन-रात भारी वाहनों की आवाजाही बनी रहती है.

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Saharsa news:सहरसा से मुकेश कुमार सिंह की रिपोर्ट:

बिना निबंधन बालू और गिट्टी सप्लाई का आरोप, सरकार को राजस्व नुकसान की आशंका.

सोनवर्षाराज (सहरसा): सोनवर्षाराज टोल प्लाजा के पास इन दिनों बालू और गिट्टी के बड़े हब के संचालन की चर्चा तेज है. स्थानीय लोगों का आरोप है कि यहां से प्रतिदिन सैकड़ों ट्रकों के माध्यम से बालू एवं गिट्टी की आपूर्ति सहरसा, मधेपुरा, सुपौल समेत अन्य जिलों और पड़ोसी राज्यों तक की जा रही है.

ग्रामीणों के अनुसार इस कारोबार से जुड़े कई ट्रांसपोर्ट एवं स्टॉक प्वाइंट बिना सरकारी निबंधन और आवश्यक दस्तावेजों के संचालित किए जा रहे हैं, जिससे सरकार को प्रतिदिन लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है. लोगों का कहना है कि टोल प्लाजा के आसपास बड़े पैमाने पर बालू का भंडारण किया गया है और यहां दिन-रात भारी वाहनों की आवाजाही बनी रहती है.

स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि कई वाहन बिना वैध चालान, ई-वे बिल एवं खनन विभाग की अनुमति के बालू और गिट्टी की ढुलाई कर रहे हैं. इससे खनन विभाग, परिवहन विभाग तथा जीएसटी विभाग के राजस्व पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है. ग्रामीणों का कहना है कि बिना निबंधित ट्रांसपोर्टरों द्वारा खुलेआम कारोबार किया जा रहा है, लेकिन संबंधित विभाग कार्रवाई को लेकर उदासीन बना हुआ है.

वहीं ओवरलोड वाहनों के परिचालन से क्षेत्र की सड़कों की स्थिति भी खराब होती जा रही है. लगातार भारी वाहनों के आवागमन के कारण दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ने की बात भी स्थानीय लोग कह रहे हैं. सूत्रों के अनुसार इस हब से प्रतिदिन लाखों रुपये के बालू और गिट्टी की सप्लाई की जा रही है.

लोगों का कहना है कि यदि प्रशासन द्वारा निष्पक्ष जांच कराई जाए तो बड़े पैमाने पर कर चोरी एवं अवैध परिवहन का मामला सामने आ सकता है. स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन से पूरे मामले की जांच कराने तथा बिना निबंधन संचालित ट्रांसपोर्ट एवं अवैध स्टॉक यार्ड पर कार्रवाई करने की मांग की है.

हालांकि इस मामले में अब तक प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है. स्थानीय लोगों का कहना है कि समय रहते कार्रवाई नहीं होने पर सरकार को लगातार राजस्व की क्षति होती रहेगी और अवैध कारोबार का दायरा और बढ़ सकता है.

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Shruti Kumari

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By Shruti Kumari

श्रुति कुमारी एक पत्रकार और डिजिटल कंटेंट राइटर हैं। उन्होंने भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) से अंग्रेजी पत्रकारिता में स्नातकोत्तर डिप्लोमा प्राप्त किया है। वर्तमान में वे प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं। उन्हें विभिन्न प्लाटफॉर्म्स पर डिजिटल पत्रकारिता और कंटेंट राइटिंग का लगभग दो वर्षों का अनुभव है। सामाजिक मुद्दों, महिला सशक्तिकरण, राजनीति, शिक्षा और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लिखना उनकी विशेष रुचि का क्षेत्र है। इसके अलावा वे डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए स्क्रिप्ट राइटिंग करती हैं तथा हिंदी कविता और अंगिका भाषा में लेखन का भी शौक रखती हैं। प्रकृति से उनका विशेष लगाव है और वे मानती हैं कि संवेदनशील, तथ्यपरक और जनसरोकार से जुड़ी पत्रकारिता समाज में सकारात्मक बदलाव का माध्यम बन सकती है।

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