ePaper

Prashant Kishor: 'मैं अपने साथियों को जनता का विश्वास नहीं दिला सका', प्रशांत किशोर प्रेस कॉन्फ्रेंस के बीच हुए इमोशनल

Updated at : 18 Nov 2025 2:18 PM (IST)
विज्ञापन
Prashant Kishor gets emotional during press conference took responsibility for defeat

प्रशांत किशोर

Prashant Kishor: जनसुराज प्रमुख प्रशांत किशोर ने बिहार चुनाव में हार के बाद पहली बार चुप्पी तोड़ी. प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पीके इमोशनल हो गए. दरअसल, प्रशांत किशोर ने चुनाव में जनसुराज की हार की जिम्मेदारी ली. उन्होंने कहा, मैं अपने साथियों को जनता का विश्वास नहीं दिला सका.

विज्ञापन

Prashant Kishor: बिहार चुनाव में हार के बाद जनसुराज के प्रमुख प्रशांत किशोर पहली बार खुलकर सामने आये. आज प्रेस कॉन्फ्रेंस के बीच पत्रकारों से बातचीत करते हुए प्रशांत किशोर थोड़े इमोशनल हो गए. दरअसल, बिहार चुनाव में जनसुराज की हार की जिम्मेदारी प्रशांत किशोर ने ली. उन्होंने कहा, आज प्रेस कॉन्फ्रेंस में अगर इतने साथी आये हैं तो जरूर ही चुनाव में हमने कुछ अच्छा काम किया होगा.

‘हमने प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली’

प्रशांत किशोर ने कहा, करीब साढ़े तीन साल पहले बिहार में परिवर्तन की सोच के साथ हम सब आए थे. इसके लिए हमने पूरा प्रयास भी किया. लेकिन हमें सफलता नहीं मिली. अगर बिहार की जनता ने हमें नहीं चुना है, तो कहीं ना कहीं हमारे प्रयास में ही कोई गलती रही होगी. हम लोग बिहार में सत्ता परिवर्तन नहीं कर पाये. आगे उन्होंने यह भी कहा, बिहार की राजनीत को बदलने के लिए थोड़ी बहुत भूमिका जरूर बनी. लेकिन जनता का विश्वास नहीं जीत सकें.

प्रशांत किशोर ने ली हार की जिम्मेदारी

पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने यह भी कहा, इसकी पूरी जिम्मेदारी मेरी है, प्रशांत किशोर की है. मैं अपने साथियों को जनता का विश्वास नहीं दिला सका. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि हमारी पार्टी की तरफ से बेहतर प्रत्याशी चुनावी मैदान में थे. लेकिन जनता ने उनका समर्थन नहीं दिया. बल्कि अन्य किसी पार्टी के उम्मीदवार को जीत दिलाई. अब कोई खिचड़ी खाना चाहता है तो उसे पुलाव कैसे खिलाया जाये. इस तरह से प्रशांत किशोर ने पीसी में खुलकर अपनी बात रखी.

NDA पर तंज कसते हुए क्या कहा?

प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रशांत किशोर ने एनडीए सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि चुनाव से पहले 40 हजार करोड़ की योजनाएं लाई गईं. स्वरोजगार योजना के तहत डेढ़ करोड़ महिलाओं को 10-10 हजार रुपये भेजे गए और 2-2 लाख रुपये देने का वादा भी किया गया था. पीके ने साफ कहा, अगर नीतीश कुमार और भाजपा की नेतृत्व वाली सरकार छह महीने के भीतर वादे के अनुसार महिलाओं को 2-2 लाख रुपये दे देती है, तो मैं राजनीति से संन्यास ले लूंगा. अगर सरकार ऐसा नहीं कर पाती, तो साफ हो जाएगा कि महिलाओं को सिर्फ वोट खरीदने के लिए पैसे दिए गए थे.

Also Read: Rohini Acharya Husband: रोहिणी आचार्य के पति समरेश सिंह के पास कितनी है संपत्ति? जानिये क्या करते हैं काम

विज्ञापन
Preeti Dayal

लेखक के बारे में

By Preeti Dayal

डिजिटल जर्नलिज्म में 3 साल का अनुभव. डिजिटल मीडिया से जुड़े टूल्स और टेकनिक को सीखने की लगन है. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं. बिहार की राजनीति और देश-दुनिया की घटनाओं में रुचि रखती हूं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन