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मैट्रिक का एग्जाम देने पहुंची छात्रा को सेंटर पर नहीं मिली एंट्री, तो ट्रेन के आगे कूद कर दी जान

Updated at : 18 Feb 2026 8:46 AM (IST)
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Bihar Board Matric Exam student committed suicide

एग्जाम सेंटर के बाहर लगी भीड़

Bihar Board Matric Exam: बिहार बोर्ड मैट्रिक की परीक्षा चल रही है. मसौढ़ी में परीक्षा सेंटर पर देरी से पहुंचने की वजह से एक छात्रा को एंट्री नहीं मिली. इसके बाद छात्रा ने खौफनाक कदम उठाते हुए ट्रेन के आगे कूद कर जान दे दी.

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Bihar Board Matric Exam: 17 फरवरी से बिहार बोर्ड मैट्रिक की परीक्षाएं शुरू हुईं. पहले ही दिन कई जिलों से अलग-अलग तस्वीरें आईं. ऐसे में पटना के मसौढ़ी में एक छात्रा ने परीक्षा छूट जाने पर खौफनाक कदम उठाया. खरजंबा गांव की 22 साल की मैट्रिक की एक परीक्षार्थी एग्जाम सेंटर पर देर से पहुंची. इसकी वजह से सेंटर के अंदर जाने और परीक्षा देने की अनुमति उसे नहीं दी गई. परीक्षा छूटने से हताश परीक्षार्थी ने ट्रेन के आगे कूद कर जान दे दी.

रेलवे ट्रैक पर मिली थी डेड बॉडी

परीक्षार्थी की पहचान थाना के खरजंबा ग्रामवासी मंटू यादव की बेटी कोमल कुमारी के रूप में हुई. पुलिस ने पटना-गया रेलखंड स्थित थाना के महाराजचक गांव के पास रेलवे ट्रैक के नजदीक से अज्ञात युवती का शव बरामद किया था. पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए पीएमसीएच भेज दिया था. युवती के घर में नहीं पाकर और सोशल मीडिया पर ट्रेन से कटे उसके शव को देख परिजनों ने उसकी पहचान की.

परीक्षार्थी की मां ने क्या बताया?

घटना के बारे में थानाध्यक्ष विवेक भारती ने बताया कि मृतका की मां संगीता देवी ने पुलिस को बताया कि कोमल कुमारी इस बार मैट्रिक की परीक्षा दे रही थी. मंगलवार को वह मैट्रिक की परीक्षा देने धनरूआ के बरनी एग्जाम सेंटर पर गई थी. एग्जाम सेंटर पर देर से पहुंचने के कारण उसे सेंटर के अंदर एंट्री नहीं मिली और फिर वह अपने परिजनों के साथ घर लौट आई.

इसके बाद वह अपना कपड़ा चेंज की. लेकिन परीक्षा छूट जाने के कारण वह मेंटली डिस्टर्ब हो गई और घर में किसी को कुछ बताए बिना बाहर निकल गई. इसके बाद हताशा में उसने महाराजचक के पास ट्रेन के आगे छलांग लगाकर खुदकुशी कर ली. संगीता देवी ने बताया कि मंगलवार की शाम उसे एक युवती का डेड बॉडी मिलने की खबर मिली.

परीक्षा देने से छूटे स्टूडेंट्स कब दे सकेंगे एग्जाम?

मंगलवार को बिहार के 1699 केंद्रों पर 15 लाख से अधिक परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी. नकल के आरोप में 5 परीक्षार्थियों को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया, जबकि 9 फर्जी छात्रों को सलाखों के पीछे भेजने की तैयारी कर ली गई है. इसके साथ ही पहले दिन जिन परीक्षार्थियों की परीक्षा जाम या अन्य कारणों से छूट गई, उन्हें निराश होने की जरूरत नहीं है.

बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने स्पष्ट किया है कि ऐसे छात्रों के लिए अप्रैल के अंतिम सप्ताह या मई की शुरुआत में विशेष परीक्षा आयोजित की जाएगी. बोर्ड के अध्यक्ष आनंद किशोर ने बताया कि विशेष परीक्षा का परिणाम मई-जून तक घोषित कर दिया जाएगा, ताकि छात्रों का एकेडमिक सेशन प्रभावित न हो.

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Preeti Dayal

लेखक के बारे में

By Preeti Dayal

डिजिटल जर्नलिज्म में 3 साल का अनुभव. डिजिटल मीडिया से जुड़े टूल्स और टेकनिक को सीखने की लगन है. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं. बिहार की राजनीति और देश-दुनिया की घटनाओं में रुचि रखती हूं.

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