पटना : 50 सरकारी भवनों पर 25 करोड़ होल्डिंग टैक्स बकाया
Updated at : 02 Feb 2020 9:40 AM (IST)
विज्ञापन

राशि जमा नहीं होने पर बिहार नगरपालिका एक्ट के तहत होगी कार्रवाई पटना : निजी मकान मालिक होल्डिंग टैक्स जमा करते हैं. लेकिन, सरकारी भवनों से नियमित होल्डिंग टैक्स की वसूली नहीं होती है. अब निगम प्रशासन ने 25 करोड़ रुपये से अधिक बकाया रखने वाले 50 सरकारी भवनों को चिह्नित करते हुए शनिवार को […]
विज्ञापन
राशि जमा नहीं होने पर बिहार नगरपालिका एक्ट के तहत होगी कार्रवाई
पटना : निजी मकान मालिक होल्डिंग टैक्स जमा करते हैं. लेकिन, सरकारी भवनों से नियमित होल्डिंग टैक्स की वसूली नहीं होती है. अब निगम प्रशासन ने 25 करोड़ रुपये से अधिक बकाया रखने वाले 50 सरकारी भवनों को चिह्नित करते हुए शनिवार को नोटिस भेजा है.
नोटिस के बाद बकाया होल्डिंग टैक्स की राशि जमा नहीं की जाती है, तो बिहार नगरपालिका एक्ट के तहत कार्रवाई की जायेगी. निगम क्षेत्र
में स्थित सरकारी भवन वर्षों से होल्डिंग टैक्स नहीं दे रहे हैं. स्थिति यह है कि इन सरकारी भवनों पर दो लाख से लेकर तीन करोड़ रुपये तक टैक्स की राशि बकाया है. इसमें अजीमाबाद अंचल में सबसे अधिक 18 सरकारी भवन हैं. वहीं, बांकीपुर अंचल में 10 भवन, पाटलिपुत्र में नौ भवन, नूतन राजधानी अंचल में सात भवन और कंकड़बाग अंचल में छह भवन शामिल हैं.
एएन कॉलेज पर 8.16 करोड़ बकाया : निगम प्रशासन ने पहले भी इन सरकारी भवनों को बकाया होल्डिंग टैक्स जमा करने को लेकर नोटिस भेजा था.
इसमें नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फैशन टेक्नोलॉजी को भी 50 लाख जमा करने थे. इसमें संस्थान की ओर से सिर्फ 34 लाख जमा किये गये. 16 लाख जमा करना करना बाकी है. वहीं, बोरिंग रोड स्थित एएन कॉलेज पर 8.16 करोड़, तो संजय गांधी जैविक उद्यान पर 3.28 करोड़ होल्डिंग टैक्स का बकाया है. इसके अलावा केंद्रीय राजस्व कॉलोनी पर 2.21 करोड़, केंद्रीय भवन प्रमंडल पर 2.13 करोड़, संत जेवियर्स स्कूल पर 2.01 करोड़, संत जोसेफ कॉन्वेंट हाइस्कूल पर 1.13 करोड़ होल्डिंग टैक्स बकाया है. निगम की पीआरओ हर्षिता ने बताया कि चिह्नित 50 सरकारी भवनों को नोटिस भेजा गया है, जिससे समय सीमा में बकाया टैक्स की राशि जमा करने को कहा गया है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




