हिंदू विवाह अधिनियम के मुताबिक दूसरी पत्नी अवैध, लेकिन दूसरी पत्नी के बच्चे वैध : हाईकोर्ट ...जानें क्या है मामला?
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 17 May 2019 4:01 PM
पटना : पटना हाईकोर्ट ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण फैसला दिया है. हाईकोर्ट ने अपने फैसले में यह स्पष्ट किया है कि हिंदू विवाह अधिनियम के मुताबिक दो विवाह अवैध है. हालांकि, स्पष्ट किया है कि दूसरी पत्नी के बच्चे वैध हैं. यह भी पढ़ें :लोकसभा चुनाव : आज थम जायेगा चुनाव प्रचार, 19 को […]
पटना : पटना हाईकोर्ट ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण फैसला दिया है. हाईकोर्ट ने अपने फैसले में यह स्पष्ट किया है कि हिंदू विवाह अधिनियम के मुताबिक दो विवाह अवैध है. हालांकि, स्पष्ट किया है कि दूसरी पत्नी के बच्चे वैध हैं.
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जानकारी के मुताबिक, पटना हाईकोर्ट ने शुक्रवार को एक महत्वपूर्ण फैसला देते हुए स्पष्ट किया है कि हिंदू विवाह अधिनियम के मुताबिक पहली पत्नी के रहते हुए दो विवाह अवैध है. हाईकोर्ट ने कहा है कि किसी सरकारी कर्मी की पहली पत्नी के रहते हुए दूसरी शादी से हुए बच्चे की अनुकंपा बहाली वैध हैं. जस्टिस अश्विनी कुमार सिंह की पूर्ण पीठ ने मामले पर सुनवाई पूरी कर फैसला सुरक्षित रखा था, जिसे आज सुनाया गया.
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कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि यह लाभ तभी मिल सकता है, जब दूसरी शादी करने के लिए विभागीय कार्रवाई के तहत कोई सजा नहीं मिली हो. कोर्ट ने उक्त फैसले में यह तय किया है कि हिंदू विवाह अधिनियम के तहत दो विवाह के अवैध होने के बावजूद दूसरी शादी से हुए संतान वैध होते हैं. हाईकोर्ट ने यह फैसला बिहार राज्य विद्युत बोर्ड (अब बिजली कंपनी) के एक लाइनमैन कर्मी की दूसरी पत्नी के बेटे की अनुकंपा बहाली मामले की सुनावई करते हुए दिया है. हाईकोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के पूर्व में दिये गये फैसले के आलोक में यह निर्णय दिया है.
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