पटना : एचआरए छिपाया, तो देना होगा पांच साल का टैक्स
Updated at : 09 Feb 2019 5:43 AM (IST)
विज्ञापन

पटना : चालू वित्तीय वर्ष के दौरान आयकर विभाग ने सभी स्तर के राज्य सरकार के कर्मियों को एचआरए (हाउस रेंट एलाउंस) पर टीडीएस जमा करने का अल्टीमेटम पहले ही दे रखा है. अब वैसे सरकारी कर्मियों की पहचान शुरू हो गयी है, जिनका एचआरए ज्यादा है. एक अाकलन के अनुसार, 30 हजार रुपये महीने […]
विज्ञापन
पटना : चालू वित्तीय वर्ष के दौरान आयकर विभाग ने सभी स्तर के राज्य सरकार के कर्मियों को एचआरए (हाउस रेंट एलाउंस) पर टीडीएस जमा करने का अल्टीमेटम पहले ही दे रखा है. अब वैसे सरकारी कर्मियों की पहचान शुरू हो गयी है, जिनका एचआरए ज्यादा है. एक अाकलन के अनुसार, 30 हजार रुपये महीने से ज्यादा एचआरए पाने वालों की खासतौर से पहचान की जा रही है. ऐसे लोगों
से पिछले पांच साल का एचआरए पर टैक्स (टीडीएस) की कटौती करके वसूला जायेगा. उन्होंने पिछले पांच साल में कितने रुपये बतौर एचआरए के तौर पर लिये हैं, उस पर इनसे टैक्स वसूल किया जायेगा. आयकर विभाग ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है. अप्रैल से ऐसे लोगों को नेटिस देने के साथ ही टैक्स वसूल करने की प्रक्रिया भी शुरू हो जायेगी.
आयकर विभाग की जांच में यह बात सामने आयी है कि बिहार सरकार में किसी भी स्तर के सरकारी कर्मचारी एचआरए पर टीडीएस नहीं काटकर जमा करते थे. कई सालों से सरकारी महकमों में यह परिपाटी बन गयी है. इस वित्तीय वर्ष में आयकर विभाग ने सभी सरकारी कर्मियों को अल्टीमेटम देकर इसे हर हाल में जमा करने के लिए कहा है.
सरकारी विभाग टीडीएस काट नहीं करते जमा
सरकारी महकमों में टीडीएस काटने के बाद इसे आयकर विभाग में जमा नहीं करने और इसका रिटर्न दायर नहीं करने की भी बड़े स्तर पर शिकायतें सामने आयी हैं. इसमें निर्माण से जुड़े विभागों में इस तरह की गड़बड़ी बड़े स्तर पर है, खासकर ठेकेदारी से जुड़े मामलों में. ठेकेदारों या निजी
सरकारी विभाग टीडीएस…
कंपनियों से विभाग टीडीएस तो काट लेते हैं, लेकिन इससे संबंधित रिटर्न आयकर विभाग में जमा नहीं करते हैं. इससे आयकर विभाग को संबंधित निजी कंपनी या ठेकेदार के बारे में सही जानकारी ही नहीं मिल पाती कि उसकी आमदनी कितनी है. इसमें विभागीय स्तर पर भी मिलीभगत की बात सामने आयी है. आयकर विभाग ने इस बार ऐसे मामलों पर खासतौर से सख्ती बरतते हुए टैक्स वसूलने की प्रक्रिया तेज कर दी है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Tags
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




