Bihar News: नौ माह की गर्भवती को बिना स्ट्रेचर के भेजा जांच के लिए, बाथरूम के गेट पर हो गयी डिलिवरी
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 14 Nov 2021 11:43 AM
Bihar News महिला परैया प्रखंड के पुनाकलां गांव के रहने वाले छोटू कुमार की पत्नी है. छोटू ने बताया कि टेस्ट के लिए ले जाते वक्त उनकी पत्नी के साथ घर की ही दो महिला परिजन थी. अचानक हुई डिलिवरी पर वे कुछ नहीं कर सकीं.
Bihar News: गया के मगध मेडिकल में शनिवार को एक महिला ने बाथरूम के बाहर बच्चे को जन्म दे दिया. पता चला है कि महिला की डिलिवरी कराने को लेकर उसे भर्ती कराने के लिए उसके परिजन उसे लेकर पहुंचे थे. यहां पहुंचने के बाद महिला को पहले कोरोना टेस्ट कराने को कहा गया. इस दौरान उसके लिए स्ट्रेचर की व्यवस्था नहीं की गयी. नौ माह की गर्भवती को परिजन पैदल ही कोविड टेस्ट के लिए ले गये, पर रास्ते में बाथरूम के पास ही उसने बच्चे के जन्म दे दिया.
महिला परैया प्रखंड के पुनाकलां गांव के रहनेवाले छोटू कुमार की पत्नी है. छोटू ने बताया कि टेस्ट के लिए ले जाते वक्त उनकी पत्नी के साथ घर की ही दो महिला परिजन थी. अचानक हुई डिलिवरी पर वे कुछ नहीं कर सकीं. इधर, जन्म के बाद बच्चा कुछ देर तक नीचे ही पड़ा रहा. बाद में आसपास मौजूद कर्मचारी उसे आनन-फानन में आइसीयू में ले गये और महिला को गाइनो वार्ड पहुंचाया. इधर बिना स्ट्रेचर महिला को कोविड टेस्ट के लिए भेजने की जानकारी मिलते ही अधीक्षक डॉ पीके अग्रवाल ने जिम्मेदार नर्स को फटकार लगायी.
स्ट्रेचर को लेकर अक्सर फजीहत झेलता है अस्पताल
अस्पताल सूत्रों का कहना है कि मरीज के परिजन खुद ही बीमार को जांच कराने या फिर किसी अन्य जगह पर ले जाने के लिए स्ट्रेचर की मांग करते हैं, तो नहीं मिलता है. वार्ड में स्ट्रेचर की जिम्मेदारी नर्स इंचार्ज की होती है. सूत्रों का कहना है कि अस्पताल प्रशासन की ओर से मरीजों की सुविधा के लिए स्ट्रेचर उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी नर्स इंचार्ज को दी गयी है. लेकिन, ये लोगों की सुविधा को अनदेखी कर स्ट्रेचर को सुरक्षित रखने पर ज्यादा जोर देती है.
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क्या कहते हैं अधीक्षक
मगध मेडिकल अस्पताल के अधीक्षक डॉ पीके अग्रवाल ने कहा कि अस्पताल में हर जगह पर अधिकारी मौजूद नहीं रह सकते हैं. किसी भी तरह की जिम्मेदारी संभालने वाले को मुस्तैदी से काम करना होगा. गर्भवती महिला को स्ट्रेचर गाइनो से ही उपलब्ध कराया जाना चाहिए था. इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी. गाइनो के तीनों इंचार्ज को इस मामले में कड़ी चेतावनी दी गयी है. इस मामले की जांच की जा रही है. जांच में किसी स्तर पर लापरवाही सामने आने पर सख्त कार्रवाई की जायेगी. गाइनो, सर्जरी व मेडिसिन वार्ड में 15 स्ट्रेचर मैन तैनात करने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है. महिला व बच्ची दोनों की हालत फिलहाल स्थिर है. डॉक्टरों की निगरानी में इलाज की जा रही है.
Posted by: Radheshyam Kushwaha
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